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इविवि छात्र परिषद का विरोध

Fri, 28 Jun 2019 12:54 AM IST
Allahabad Bureau इलाहाबाद ब्यूरो
Updated Fri, 28 Jun 2019 12:54 AM IST
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Students protested against AU student council.
Students protested against AU student council. - फोटो : CITY DESK
छात्र परिषद के विरोध में शुरू हुआ क्रमिक अनशन
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0 विवि में छात्रों का छात्रसंघ बहाली को लेकर आंदोलन तेज
0 पूर्व छात्रसंघ अध्यक्षों ने दिया छात्रों के आंदोलन को समर्थन
प्रयागराज। इलाहाबाद विश्वविद्यालय में छात्र परिषद के विरोध और छात्रसंघ बहाली को लेकर आंदोलन लगातार तीसरे दिन भी जारी रहा। छात्र परिषद के विरोध को लेकर बृहस्पतिवार को विवि एवं कॉलेजों के बड़ी संख्या में छात्रों ने क्रमिक अनशन शुरू कर दिया। छात्रों का कहना है कि मांगे पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा। शुक्रवार को छात्र परिषद के विरोध एवं छात्रसंघ की बहाली को लेकर यूनियन के अध्यक्ष,उपाध्यक्ष एवं महामंत्री दर्जनों छात्रों के साथ क्रमिक अनशन पर बैठेंगे।
छात्र परिषद के विरोध में छात्रसंघ अध्यक्ष उदय प्रकाश एवं उपाध्यक्ष अखिलेश यादव ने विवि प्रशासन, प्रदेश सरकार एवं केंद्र सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि हमारी मांगें नहीं मानी गई तो हम बड़े आंदोलन को तैयार हैं। छात्रसंघ महामंत्री शिवम सिंह, उपमंत्री सत्यम सिंह ने कहा कि छात्रसंघ का गौरव वाला इतिहास रहा है। विवि के छात्रसंघ की कोख से तमाम धरोहर निकली हैं। इसमें पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर एवं वीपी सिंह पूर्वमंत्री जनेश्वर मिश्र, संविधान विद् सुभाष कश्यप जैसे लोग निकले हैं। छात्रसंघ पर रोक निदंनीय है। विरोध करने वालों में सौरभ सिंह बंटी, अरविंद सरोज और सत्यम पांडेय का कहना है कि हम लगातार तीन दिनों से आंदोलनरत हैं, हमारी मांगे नहीं मानी जा रही हैं तो हम लोग छात्रसंघ के नेतृत्व में आमरण अनशन पर बैठेंगे। छात्रसंघ बहाली आंदोलन को छात्रों को 1966-67 में छात्रसंघ अध्यक्ष रहे सतीश अग्रवाल ने अपना समर्थन दिया है। उन्होंने कहा कि यदि यह आरोप है कि छात्रसंघ में अराजकता एवं गुंडागर्दी है तो यह पूर्ण रूप से बेबुनियाद एवं भ्रामक है। इसके आधार पर तो लोकसभा एवं विधानसभा के चुनाव बंद करने पड़ेंगे।
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विवि के आमछात्रों का कहना है कि जब हर जगह शिक्षक संघ, रेलवे संघ,मज़दूर संघ, अधिवक्ता संघ, चिकित्सक संघ है तो छात्रसंघ क्यों नही होना चाहिए। छात्रों का कहना इसी विवि ने कई राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री,मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री दिए है। आखिर में छात्रसंघ पर रोक के बाद छात्रों की आवाज कौन उठाएगा। महामंत्री शिवम सिंह का कहना है कि इविवि राजनीति की नर्सरी के रूप में चर्चित रहा है। वर्तमान कुलपति ने अपने कार्यकाल में विवि में कार्यरत संस्थाओं को खत्म करने का काम किया है। उन्होंने केंद्र और प्रदेश सरकार से छात्रसंघ को बचाने का आग्रह किया है।
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विद्यार्थी परिषद ने किया विरोध
0 अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय के छात्रसंघ की जगह छात्र परिषद लागू करने के फैसले का विरोध किया है। विद्यार्थी परिषद के महानगर मंत्री अनुपम त्रिपाठी ने कहा कि इविवि सहित सभी कॉलेजों में छात्रसंघ पर रोक के खिलाफ हम छात्रों की लड़ाई लड़ेंगे। उन्होंने कहा कि विवि के भीतर छात्रों की आवाज दबाने की कोशिश की जा रही है। विद्यार्थी परिषद ने चेतावनी दी कि यदि छात्रों की मांग नहीं मानी गई तो आंदोलन तेज होगा। प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य प्रणव अस्थाना ने कहा कि छात्रसंघ बंद कर देने से छात्रों की आवाज दबाई जा रही है।

दिशा छात्र संगठन ने विवि प्रशासन का पुतला फूंका
0 इविवि में छात्रसंघ पर रोक लगाए जाने और के खिलाफ दिशा छात्र संगठन ने लल्ला चुंगी चौराहे पर विश्वविद्यालय प्रशासन का पुतला फूंका। दिशा छात्र संगठन के अमित ने कहा कि छात्रसंघ बहुत कुर्बानियों के बाद आया है। छात्रसंघ की मौजूदगी में क्रांतिकारी एवं प्रगतिशील छात्र संगठन इस मुद्दे पर छात्रों को आंदोलित कर सकते हैं। पुतला फूंकने वालों में प्रसेन, नीशू, धर्मराज, अंबरीष, सुरेश सहित अन्य शामिल रहे।
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