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स्मार्ट सिटी के लिए पांच साल में मिलेंगे 1000 करोड़
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Tue, 21 Mar 2017 02:15 AM IST
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स्मार्ट सिटी
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केंद्र और प्रदेश सरकार के एजेंडे में विकास सबसे ऊपर है। यह स्थिति भांप कर अफसर भी विकास से जुड़ी योजनाओं को तरजीह दे रहे हैं। स्मार्ट सिटी की तीसरे चरण की प्रतियोगिता में चयन को प्राथमिकता मान कर सर्वे का काम तेज कर दिया गया है। सोमवार को स्टेक होल्डर की बैठक में अफसरों ने अपनी मंशा स्पष्ट करते हुए शहर के चहुंमुखी विकास की बात कही। इसके तहत रोजगार के अवसर बढ़ाने के साथ संगम किनारे त्रिवेणी समागम स्थल निर्माण के साथ सिविल लाइंस के 12.5 किमी. क्षेत्र को विकसित करने, मेट्रो रेल का सर्वे पूरा कर ऐतिहासिक इमारतों को चिह्नित कर उनके सुंदरीकरण की बात कही। स्मार्ट सिटी के लिए पांच साल में एक हजार करोड़ रुपये मिलेंगे। इसमें 500 करोड़ केंद्र तथा इतनी ही धनराशि प्रदेश सरकार देगी।
सोमवार को सर्किट हाउस में स्टेक होल्डरों की बैठक में स्मार्ट सिटी के लिए प्लान तैयार कर रही कंपनी केपीएमजी ने पॉवर प्रजेंटेशन देकर योजनाओं के बारे में बताया। लोगों के सुझाव भी आमंत्रित किए गए। बताया गया कि स्मार्ट सिटी की तीसरे चरण की प्रतियोगिता के लिए कटरा, नया कटरा, ममफोर्डगंज, सिविल लाइंस को शामिल किया गया है। यहां एरिया बेस डेवलपमेंट(एबीडी) किया जाएगा। योजना के तहत पूरे शहर में 24 घंटे बिजली-पानी, स्वास्थ्य सेवाएं, यातायात प्रबंधन, प्रदूषण नियंत्रण, हरित क्षेत्र विकसित करने जैसे अन्य काम होने हैं। प्लान तैयार कर रही कंपनी ने बताया कि सिविल लाइंस के चिह्नित क्षेत्र स्मार्ट सुविधाओं से युक्त होगा। वाटर सप्लाई, ड्रेनेज सिस्टम, बिजली, ट्रांसपोर्ट समेत अन्य सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
जिलाधिकारी संजय कुमार ने बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि सभी विभाग के अधिकारी और आम नागरिक संगमनगरी को स्मार्ट सिटी बनाए जाने के लिए अपने प्रस्ताव/ सुझाव दें ताकि प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजा जा सके। उन्होंने बताया कि शहर में मेट्रो रेल सर्वे का कार्य इस महीने के अंत तक पूरा कर लिया जाएगा। शहर इको फ्रेंडली बने इसके लिए टेंपो/आटो को सीएनजी से चलाने का प्रस्ताव है। इस पर काम भी शुरू हो गया है। सीएनजी पंप भी संचालित किए गए हैं। पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए मिंटो पार्क, खुसरोबाग और त्रिवेणी पुष्प का सुंदरीकरण कराया जा रहा है। लक्ष्मी टॉकीज जैसी इमारतों को विकसित कर रोजगार के अवसर बढ़ाए जाने पर जोर रहा। बताया गया कि डिवाइडर निर्माण के साथ यातायात व्यवस्था दुरुस्त करने के लिए 29 चौराहों को चिह्नित किया गया है।
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बैठक में नगर आयुक्त शेष मणि पांडेय ने शहर के नए क्षेत्रों को एबीडी में शामिल करने के साथ लोगों के सुझावों को डीपीआर में शामिल किया जाएगा। उन्होंने डीएम के दावे की पुष्टि करते हुए कहा कि अर्द्धकुंभ मेले तक संगम क्षेत्र को एलईडी लाइट से रोशन किया जाएगा। शहर में चरणबद्ध तरीके से एलईडी लाइट लगाई जा रही हैं। साथ ही सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट बेहतर किया जाएगा। उन्होंने बताया कि लखनऊ में मंगलवार को स्मार्ट सिटी का पॉवर प्रजेंटेशन दिया जाएगा। योजना के तहत पांच साल में एक हजार करोड़ रुपये मिलेंगे। पहले से चल रही योजनाओं को भी इससे संबंध किया जाएगा। बैठक में स्टेक होल्डरों के साथ केपीएमजी के अफसर, एसपी ट्रैफिक निहारिका शर्मा, मुख्य अभियंता राजीव राठी आदि मौजूद रहे।
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सोमवार को सर्किट हाउस में स्टेक होल्डरों की बैठक में स्मार्ट सिटी के लिए प्लान तैयार कर रही कंपनी केपीएमजी ने पॉवर प्रजेंटेशन देकर योजनाओं के बारे में बताया। लोगों के सुझाव भी आमंत्रित किए गए। बताया गया कि स्मार्ट सिटी की तीसरे चरण की प्रतियोगिता के लिए कटरा, नया कटरा, ममफोर्डगंज, सिविल लाइंस को शामिल किया गया है। यहां एरिया बेस डेवलपमेंट(एबीडी) किया जाएगा। योजना के तहत पूरे शहर में 24 घंटे बिजली-पानी, स्वास्थ्य सेवाएं, यातायात प्रबंधन, प्रदूषण नियंत्रण, हरित क्षेत्र विकसित करने जैसे अन्य काम होने हैं। प्लान तैयार कर रही कंपनी ने बताया कि सिविल लाइंस के चिह्नित क्षेत्र स्मार्ट सुविधाओं से युक्त होगा। वाटर सप्लाई, ड्रेनेज सिस्टम, बिजली, ट्रांसपोर्ट समेत अन्य सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
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जिलाधिकारी संजय कुमार ने बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि सभी विभाग के अधिकारी और आम नागरिक संगमनगरी को स्मार्ट सिटी बनाए जाने के लिए अपने प्रस्ताव/ सुझाव दें ताकि प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजा जा सके। उन्होंने बताया कि शहर में मेट्रो रेल सर्वे का कार्य इस महीने के अंत तक पूरा कर लिया जाएगा। शहर इको फ्रेंडली बने इसके लिए टेंपो/आटो को सीएनजी से चलाने का प्रस्ताव है। इस पर काम भी शुरू हो गया है। सीएनजी पंप भी संचालित किए गए हैं। पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए मिंटो पार्क, खुसरोबाग और त्रिवेणी पुष्प का सुंदरीकरण कराया जा रहा है। लक्ष्मी टॉकीज जैसी इमारतों को विकसित कर रोजगार के अवसर बढ़ाए जाने पर जोर रहा। बताया गया कि डिवाइडर निर्माण के साथ यातायात व्यवस्था दुरुस्त करने के लिए 29 चौराहों को चिह्नित किया गया है।
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बैठक में नगर आयुक्त शेष मणि पांडेय ने शहर के नए क्षेत्रों को एबीडी में शामिल करने के साथ लोगों के सुझावों को डीपीआर में शामिल किया जाएगा। उन्होंने डीएम के दावे की पुष्टि करते हुए कहा कि अर्द्धकुंभ मेले तक संगम क्षेत्र को एलईडी लाइट से रोशन किया जाएगा। शहर में चरणबद्ध तरीके से एलईडी लाइट लगाई जा रही हैं। साथ ही सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट बेहतर किया जाएगा। उन्होंने बताया कि लखनऊ में मंगलवार को स्मार्ट सिटी का पॉवर प्रजेंटेशन दिया जाएगा। योजना के तहत पांच साल में एक हजार करोड़ रुपये मिलेंगे। पहले से चल रही योजनाओं को भी इससे संबंध किया जाएगा। बैठक में स्टेक होल्डरों के साथ केपीएमजी के अफसर, एसपी ट्रैफिक निहारिका शर्मा, मुख्य अभियंता राजीव राठी आदि मौजूद रहे।