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कार्य परिषद में जाएगा यौन उत्पीड़न का मामला
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इलाहाबाद विश्वविद्यालय में यौन उत्पीड़न के आरोपी एक शिक्षक का मामला कार्य परिषद की बैठक में रखा जाएगा। बैठक कब होगी, यह अभी तय नहीं है लेकिन इस मुद्दे को कार्य परिषद के एजेंडे में शामिल कर लिए जाने के बाद अगली बैठक में इस पर चर्चा होनी तय है। इस मामले में राष्ट्रीय महिला आयोग की नजर भी बनी हुई है।
इविवि के एक शिक्षक पर उन्हीं के विभाग की एक महिला अतिथि प्रवक्ता ने यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया था। हालांकि, बाद में महिला अतिथि प्रवक्ता ने विश्वविद्यालय छोड़ दिया था। पूर्व कुलपति प्रो. रतन लाल हांगलू के कार्यकाल में भी यह मुद्दा उठा था। उस वक्त भी मामला कार्य परिषद में गया था और एक रिटायर जज को जांच की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। बाद में इस मामले में संबंधित शिक्षक को डिमोट कर दिया गया था और निलंबन की कार्रवाई भी की गई थी। हालांकि कुछ दिनों बाद पिछले साल जुलाई में यौन उत्पीड़न के आरोपी शिक्षक को बहाल कर दिया गया।
आरोपी शिक्षक की बहाली के बाद मामले में संबंधित महिला अतिथि प्रवक्ता ने अगस्त 2019 में फिर से मंत्रालय को अपनी शिकायत भेजी। इस बाद राष्ट्रीय महिला आयोग ने भी इस शिकायत का संज्ञान लिया और आयोग की अंतरिम जांच रिपोर्ट में यौन उत्पीड़न के जिन छह शिक्षकों के नाम का जिक्र किया गया है, उनमें यह आरोपी शिक्षक भी शामिल है। महिला आयोग की अंतरिम रिपोर्ट में आरोपी शिक्षक का नाम शामिल होने के बाद मामला गंभीर हो गया है और ऐसे में कार्य परिषद की अगली बैठक में आयोग की नजर भी होगी। कार्य परिषद की बैठक में इस मसले पर महत्वपूर्ण निर्णय लिया जा सकता है।
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इविवि के एक शिक्षक पर उन्हीं के विभाग की एक महिला अतिथि प्रवक्ता ने यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया था। हालांकि, बाद में महिला अतिथि प्रवक्ता ने विश्वविद्यालय छोड़ दिया था। पूर्व कुलपति प्रो. रतन लाल हांगलू के कार्यकाल में भी यह मुद्दा उठा था। उस वक्त भी मामला कार्य परिषद में गया था और एक रिटायर जज को जांच की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। बाद में इस मामले में संबंधित शिक्षक को डिमोट कर दिया गया था और निलंबन की कार्रवाई भी की गई थी। हालांकि कुछ दिनों बाद पिछले साल जुलाई में यौन उत्पीड़न के आरोपी शिक्षक को बहाल कर दिया गया।
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आरोपी शिक्षक की बहाली के बाद मामले में संबंधित महिला अतिथि प्रवक्ता ने अगस्त 2019 में फिर से मंत्रालय को अपनी शिकायत भेजी। इस बाद राष्ट्रीय महिला आयोग ने भी इस शिकायत का संज्ञान लिया और आयोग की अंतरिम जांच रिपोर्ट में यौन उत्पीड़न के जिन छह शिक्षकों के नाम का जिक्र किया गया है, उनमें यह आरोपी शिक्षक भी शामिल है। महिला आयोग की अंतरिम रिपोर्ट में आरोपी शिक्षक का नाम शामिल होने के बाद मामला गंभीर हो गया है और ऐसे में कार्य परिषद की अगली बैठक में आयोग की नजर भी होगी। कार्य परिषद की बैठक में इस मसले पर महत्वपूर्ण निर्णय लिया जा सकता है।
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