संगम की रेती पर संत मोरारी बापू का विरोध, संत समाज नाराज
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
भगवान कृष्ण और बलराम पर अमर्यादित टिप्पणी को लेकर विख्यात रामकथा मर्मज्ञ मोरारी बापू का माघ मेले में विरोध शुरू हो गया है। बृहस्पतिवार को दो दिवसीय माघ मेला प्रवास के लिए मोरारी बापू संगम की रेती पहुंचे। इस दौरान मोरारी बापू फूस की हाईटेक कुटिया में जहां ठहरे हुए हुए हैं, उसी खाक चौक और आसपास के संतों और आध्यात्मिक संस्थाओं ने उनके माघ मेला प्रवेश पर नाराजगी जताई।
बृहस्पतिवार की दोपहर माघ मेला पहुंचे मोरारी बापू का कई आध्यात्मिक संस्थाओं ने विरोध किया। मोरारी बापू महावीर मार्ग पर महामडलेश्वर संतोष दास सतुआ बाबा के शिविर में ठहरे हैं। वहीं से चंद दूरी पर खाक चौक व्यवस्था समिति के पूर्व महामंत्री और निर्वाणी अखाड़ा के महामंडलेश्वर कपिल देव दास नागा ने मोरारी बापू के माघ मेला प्रवेश पर कड़ा एतराज जताया।
महामंडलेश्वर कपिल देव दास ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मोरारी बापू रामकथा को लेकर शोहरत भले ही बटोर रहे हैं, लेकिन भगवान कृष्ण और उनके भाई बलराम पर उनकी अमर्यादित टिप्पणी से संत समाज आहत हुआ है। मोरारी बापू को इस तरह की बात भगवान कृष्ण के बारे में नहीं करनी चाहिए। महामंडलेश्वर कपिल देव दास की इस मसले पर सोशल मीडिया पर एक आडियो भी वायरल हुआ।
इस आडियो में कपिल देव दास मोरारी बापू को माघ मेला क्षेत्र में संत समाज के बीच ठहराए जाने पर आपत्ति जताते सुने जा रहे हैं। उनका कहना है कि मोरारी बापू से अगर किसी को प्रेम है तो उन्हें अपने निजी आश्रम में ले जाना चाहिए। संत समाज के बीच उन्हें ठहराना उचित नहीं है। इनके अलावा खाक चौक के ही महामंडलेश्वर घनश्याम दास और गजानन दास के अलावा भगवान कृष्ण पर टिप्पणी को लेकर कई संतों ने मोरारी बापू के प्रति अपनी नाराजगी जाहिर की।
इसी तरह तीर्थ पुरोहितों की संस्था प्रयागवाल सभा के अध्यक्ष डॉ प्रकाश चंद्र मिश्र ने भी मोरारी बापू की भगवान कृष्ण पर की गई टिप्पणी को असहनीय बताया। उन्होंने कहा कि मोरारी बापू भगवान कृष्ण के बारे ऐसी टिप्पणी नहीं करनी चाहिए थी। दरअसल कुछ महीने पहले मोरारी बापू ने मिर्जापुर में हुई रामकथा में एक प्रसंग के दौरान कृष्ण और बलराम पर टिप्पणी की थी। तब इसे लेकर देश भर में लोगों ने नाराजगी जताई थी।
बापू की टिप्पणी पर शिव सैनिकों ने भी किया गुस्से का इजहार
शिवसेना की राम भवन में हुई बैठक में कथावाचक मोरारी बापू की भगवान कृष्ण और बलराम पर की गई टिप्पणी को लेकर नाराजगी जताई गई। शिव सैनिकों का कहना था कि सनातन धर्म का इस तरह उपहास उड़ाने की छूट किसी को धर्म की आड़ में नहीं दी जा सकती।मोरारी बापू के प्रयागराज पहुंचने केबाद शिव सैनिकों ने बैठक कर विरोध प्रगट किया। शिव सेना के जिला प्रभारी शिव विशाल गुप्ता, दुर्गेश कुमार, अंकित कुमार, विभोर रस्तोगी, अजय अग्रवाल, आलोक केसरवानी, प्रकाश चौरसिया, राजीव केसरवानी, अजीत गुप्ता, सौरभ चौरसिया, मोहित गुप्ता, सुमित रस्तोगी, विकास केसरवानी का कहना था कि मोरारी बापू ने एक कथा केदौरान सनातनधर्मियों के आराध्य बलराम जी पर कटाक्ष कर पूरे समाज को आहत किया था।