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प्रयागराजः गुरु के चरणों में नतमस्तक हुए शिष्य
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Prayagraj: The fallen pupils at the feet of Guru
- फोटो : CITY DESK
गुरु पीठों पर जय-जयकार,मिटे मन के अंधकार
क्रासर
गुरु पूर्णिमा महोत्सव की प्रयागराज में धूम,शिष्यों ने पादुका पूजन किया और उतारी आरती
मनकामेश्वर मंदिर, शंकराचार्य आश्रम, बाघंबरी गद्दी मठ समेत आश्रमों-पीठों में शिष्यों की लगी भीड़
अमर उजाला ब्यूरो
प्रयागराज। गुरु कुम्हार शिष कुंभ है/ गढ़ि-गढ़ि काढ़ै खोट...। गुरु पूर्णिमा पर ज्ञान के प्रतीक गुरुओं की पीठों, आश्रमों, मठों, मंदिरों में तन,मन के अंधकार रूपी विकारों को दूर करने के लिए शिष्यों की भीड़ लग गई। कहीं आस्था पूर्वक पादुका पूजन हुआ तो कहीं अभिषेक और आरती उतारी गई। गुरुओं के दर्शन तक शिष्य निहाल हुए।
यमुना तट स्थित मनकामेश्वर मंदिर में ज्योतिष एवं द्वारका- शारदा पीठाधीश्वर जगदगुरु शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती के शिष्यों ने सविधि पादुका पूजन किया। इस दौरान मंदिर में गुरु दरबार सजाया गया और अनुष्ठान किए गए। गुरु पूर्णिमा महोत्सव पर ओपीबाग ब्रह्म निवास आदि शंकराचार्य मंदिर में शिष्यों-श्रद्धालुओं की दिन भर भीड़ लगी रही। शिष्यों ने स्वामी वासुदेवानंद सरस्वती का दर्शन कर आशीर्वाद लिया। यहां पादुका पूजन, आरती की गई। स्वामी वासुदेवानंद ने अपने संदेश में कहा कि सनातन धर्म में गुरु का अस्तित्व युगों से है। पुराणों में सुर, असुर, राजा, प्रजा सभी के गुरुओं का उल्लेख मिलता है। गुरु बृहस्पति, गुरु शुक्राचार्य, गुरु वशिष्ठ, गुरु विश्वामित्र, गुरु संदीपनी समेत अनेक ऋषि-मुनियों ने ज्ञान रूपी इस परंपरा को आगे बढ़ाया। गुरु परंपरा को आदि शंकराचार्य ने आधार, आकार और विस्तार दिया है। इस मौकेपर स्वामी विनोदानंद,ब्रहमचारी विशुद्धानंद, ब्रह्मचारी आत्मानंद, पं. शिवार्चन शास्त्री, पं. छोटेलाल मिश्र, आचार्य विपिन मिश्र, अभिषेक मिश्र, ब्रह्मचारी जितेंद्रानंद समेत 51 ब्राह्मणों ने पूजा-आरती में हिस्सा लिया। अवकाश प्राप्त न्यायमूर्ति अरविंद कुमार त्रिपाठी, पं. दयाशंकर पांडेय, विष्णु दत्त ओझा के अलावा उत्तराखंड, हिमाचल, पंजाब, हरियाणा, बिहार, महाराष्ट्र, जम्मू-कश्मीर, राजस्थान से भी भक्त पहुंचे थे। बाघंबरी गद्दी मठ में सुबह सात से ध्वजापूजन शुरू हुआ। रुद्राभिषेक के बाद 10से 12 बजे तक सैकड़ों शिष्यों ने अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि का पूजन किया। दोपहर डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य और विधि एवं न्याय मंत्री बृजेश पाठक ने बाघंबरी गद्दी मठ पहुंचकर अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि का आशीर्वाद लिया। दोपहर एक बजे प्रसाद वितरण और भंडारे में बड़ी तादाद में लोगों ने हिस्सा लिया।
ध्यान योग जन जागृति सेवा संस्थान की ओर से स्वामी कमलेश्वरानंद के सानिध्य में गुरु पूर्णिमा महोत्सव आरंभ हुआ। उन्होंने अपने संदेश में कहा कि भारतीय संस्कृति में गुरु को सारे पापों, तापों से पार लगाने वाला माना गया है। जीवन के अंधकार को मिटाने और सच्ची राह दिखाने वाले गुरु की कृपा से बेड़ा पार लग जाता है। कार्यक्रम के संयोजक लालू मित्तल और श्वेता मित्तल ने स्वागत किया। इस दौरान प्रवचन, भजन पर लोग झूमते रहे। महापौर अभिलाषा गुप्ता नंदी, मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ एसपी सिंह, इनरव्हील क्लब की डिस्ट्रिक्ट चेयरमैन शालिनी तलवार, रत्ना जयसवाल, सरिता खुराना, प्रयाग व्यापार मंडल के विजय अरोड़ा, प्रयाग केमिस्ट एसोसिएशन के राणा चावला, धर्मेंद्र द्विवेदी,सतीश केसरवानी, रमेश केसरवानी, अशोक केसरवानी समेत तमाम लोगों ने गुरु कमलेश्वर आनंद को अंगवस्त्रम भेंट करके माल्यार्पण किया।
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इसी तरह पंचदशनाम जूना अखाड़े की प्रयागराज पीठाधीश्वर महंत हरिसिद्धि गिरि ने भोर में संगम में स्नान कर त्रिवेणी की पूजा -अर्चना की। इसके बाद वह प्रथम गुरु ऋषि भरद्वाज के आश्रम पहुंची। वहां प्रतिमा को नमन कर सुख -शांति की कामना की। हरिसिद्धि गिरी ने सिद्ध बाबा मौज गिरि मंदिर में भृगु ऋषि की ओर से स्थापित शिवलिंग पर जलाभिषेक भी किया। इसके बाद उन्होंने वेणीमाधव और अलोपी देवी के दर्शन दरबार पहुंचीं।
इनसेट
गुरु से बड़ा न कोय: टीना मां
प्रयागराज। किन्नर अखाडे़ की पीठाधीश्वर टीना मां ने मंगलवार को कहा कि गुरु ही असली मार्ग दर्शक होता है। माता-पिता के बाद अगर कोई आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करता है, सीख देता है और मार्ग प्रशस्त करता है तो वह है गुरु। उन्होंने कहा कि किन्नरों में गुरु परंपरा शुरू से ही है। उसी परंपरा पर हम आगे बढ़ रहे है। बैरहना स्थित आवास टीना मां ने कहा कि परिवार और समाज में आज भी लोग गुरु को सर्वश्रेष्ठ मानते हैं। यहां गुरु पूजन में हाईकोर्ट के अधिवक्ता नवीन सिंह, अंजलि, परी, रानी, सोना, विनीता, लैला उर्फ प्रीती, मूलचंद्र, विजय, राजू, समाजसेवी नाजिम अंसारी समेत तमाम लोगों ने हिस्सा लिया।
इनसेट
आसाराम बापू के आश्रम में सत्संग-हवन
प्रयागराज। योग वेदांत सेवा समिति के तत्वावधान में मंगवार को आसाराम बापू के आश्रम में गुरु पूर्णिमा महोत्सव के तहत सत्संग, हवन, यज्ञ एवं भंडारा हुआ। आश्रम के प्रवक्ता संत सतीश भाई ने कहा कि बापू के प्रति भक्तों की श्रद्धा में कोई कमी नहीं आई है। पूरी दुनिया में मानवता के लिए बापू ने अतुलनीय कार्य किए हैं। निंदक चाहे कितना भी दुष्प्रचार कर लें, श्रद्धा को कोई तोड़ नहीं सकता। डॉ. पूनम गुप्ता, रिटायर्ड कर्नल पी नाथ आश्रम के संचालक मनोज भाई,केके सिंह, एसके वैश्य,प्रदीप दयाल, मनोज विश्वकर्मा, सचिन द्विवेदी, शैलेश मिश्रा, सुदीप मिश्रा, राकेश प्रजापति, आरती केसरी, प्रीति सिंह, निधि बहन समेत तमाम लोग उपस्थित थे।
इनसेट
मीरापुर में साई बाबा का भव्य शृंगार
प्रयागराज। मीरापुर हनुमान मंदिर चौराहा स्थित साईं दरबार में महिला मंडल की ओर से गुरु पूर्णिमा पर अनुयायियों की दिन भर भीड़ लगी रही। साईं बाबा का बहुरंगी फूलों से शृंगार किया गया। बाबा की आरती के उपरांत दूध -दही, शहद से अभिषेक किया गया। साईं भजनों की गूंज मची रही। फिर, प्रसाद वितरित किया गया। इस मौके पर साधना चोपड़ा,मीनू मक्कड, नीता कुंद्रा, सीमा, विपिन चोपड़ा, राकेश मेहरोत्रा, अभिषेक ठाकुर, आशीष महेंद्रु, संदीप मक्कड, धीरज नागर, सुमित श्रीवास्तव, सत्येंद्र सिंह उपस्थित थे।
इनसेट
संस्कार भारती ने किया गुरुओं का सम्मान
प्रयागराज। संस्कार भारती के तत्वावधान में गुरु पूर्णिमा पर मंगलवार को कला, संस्कृति और शिक्षा से जुड़ी पांच विभूतियों को सम्मानित किया गया। वर्धा विश्वविद्यालय के सभागार में यह कार्यक्रम किया गया था।
इस मौके पर लोक सेवा आयोग के पूर्व अध्यक्ष प्रो केबी पांडेय, पूर्व कुलपति एवं संगीतज्ञ प्रो स्वतंत्र शर्मा, रंगकर्मी शैलतनया श्रीवास्तव, रंगकर्मी राम गोपाल गुप्त और लोक संगीत के श्याम बिहारी गौड़ को सम्मानित किया गया। संस्था की अध्यक्ष कल्पना सहाय ने शाल, स्मृति चिह्न, देकर सम्मानित किया। इससे पहले विष्णु राजा ने ध्येय गीत प्रस्तुत किया। अंत में पंकज गौड़ ने आभार व्यक्त किया। संचालन शैलेंद्र मधुर ने किया। योगेंद्र मिश्र, अतुल द्विवेदी, केके श्रीवास्तव, ड़ॉ प्रदीप भटनागर, रंजना त्रिपाठी, नीरा त्रिपाठी, अंजू गुप्ता उपस्थित थे।
इनसेट
डिप्टी सीएम ने स्वामी वासुदेवानंद व नरेंद्र गिरि का लिया आशीर्वाद
प्रयागराज। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने मंगवार को गुरुपीठों पर हाजिरी लगाई। गुरु पूर्णिमा के अवसर पर वह पहले अलोपी बाग स्थित शंकराचार्य मठ पहुंचे। वहां उन्होंने वासुदेवानंद सरस्वती का आशीर्वाद लिया। इके बाद वह श्रीमठ बाघंबरी गद्दी पहुंचे। वहां अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरी का दर्शन किया। ाथ ही आध्यात्मिक विषयों पर चर्चा की। यहां डिप्टी सीएम ने कहा कि कांवड़ यात्रा को लेकर सरकार ने विशेष इंतजाम किए हैं। इस बार प्रयागराज से जल लेकर काशी में बाबा विश्वनाथ का जलाभिषेक करने के लिए जाने वाले भोले भक्तों पर हेलीकॉप्टर से पुष्पवर्षा की जाएगी। इसके बाद डिप्टी सीएम मौर्य ने लाल महेंद्र शिव शक्ति आश्रम में आयोजित गुरु पूर्णिमा महोत्सव में हिस्सा लिया।
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गुरु पूर्णिमा महोत्सव की प्रयागराज में धूम,शिष्यों ने पादुका पूजन किया और उतारी आरती
मनकामेश्वर मंदिर, शंकराचार्य आश्रम, बाघंबरी गद्दी मठ समेत आश्रमों-पीठों में शिष्यों की लगी भीड़
अमर उजाला ब्यूरो
प्रयागराज। गुरु कुम्हार शिष कुंभ है/ गढ़ि-गढ़ि काढ़ै खोट...। गुरु पूर्णिमा पर ज्ञान के प्रतीक गुरुओं की पीठों, आश्रमों, मठों, मंदिरों में तन,मन के अंधकार रूपी विकारों को दूर करने के लिए शिष्यों की भीड़ लग गई। कहीं आस्था पूर्वक पादुका पूजन हुआ तो कहीं अभिषेक और आरती उतारी गई। गुरुओं के दर्शन तक शिष्य निहाल हुए।
यमुना तट स्थित मनकामेश्वर मंदिर में ज्योतिष एवं द्वारका- शारदा पीठाधीश्वर जगदगुरु शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती के शिष्यों ने सविधि पादुका पूजन किया। इस दौरान मंदिर में गुरु दरबार सजाया गया और अनुष्ठान किए गए। गुरु पूर्णिमा महोत्सव पर ओपीबाग ब्रह्म निवास आदि शंकराचार्य मंदिर में शिष्यों-श्रद्धालुओं की दिन भर भीड़ लगी रही। शिष्यों ने स्वामी वासुदेवानंद सरस्वती का दर्शन कर आशीर्वाद लिया। यहां पादुका पूजन, आरती की गई। स्वामी वासुदेवानंद ने अपने संदेश में कहा कि सनातन धर्म में गुरु का अस्तित्व युगों से है। पुराणों में सुर, असुर, राजा, प्रजा सभी के गुरुओं का उल्लेख मिलता है। गुरु बृहस्पति, गुरु शुक्राचार्य, गुरु वशिष्ठ, गुरु विश्वामित्र, गुरु संदीपनी समेत अनेक ऋषि-मुनियों ने ज्ञान रूपी इस परंपरा को आगे बढ़ाया। गुरु परंपरा को आदि शंकराचार्य ने आधार, आकार और विस्तार दिया है। इस मौकेपर स्वामी विनोदानंद,ब्रहमचारी विशुद्धानंद, ब्रह्मचारी आत्मानंद, पं. शिवार्चन शास्त्री, पं. छोटेलाल मिश्र, आचार्य विपिन मिश्र, अभिषेक मिश्र, ब्रह्मचारी जितेंद्रानंद समेत 51 ब्राह्मणों ने पूजा-आरती में हिस्सा लिया। अवकाश प्राप्त न्यायमूर्ति अरविंद कुमार त्रिपाठी, पं. दयाशंकर पांडेय, विष्णु दत्त ओझा के अलावा उत्तराखंड, हिमाचल, पंजाब, हरियाणा, बिहार, महाराष्ट्र, जम्मू-कश्मीर, राजस्थान से भी भक्त पहुंचे थे। बाघंबरी गद्दी मठ में सुबह सात से ध्वजापूजन शुरू हुआ। रुद्राभिषेक के बाद 10से 12 बजे तक सैकड़ों शिष्यों ने अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि का पूजन किया। दोपहर डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य और विधि एवं न्याय मंत्री बृजेश पाठक ने बाघंबरी गद्दी मठ पहुंचकर अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि का आशीर्वाद लिया। दोपहर एक बजे प्रसाद वितरण और भंडारे में बड़ी तादाद में लोगों ने हिस्सा लिया।
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ध्यान योग जन जागृति सेवा संस्थान की ओर से स्वामी कमलेश्वरानंद के सानिध्य में गुरु पूर्णिमा महोत्सव आरंभ हुआ। उन्होंने अपने संदेश में कहा कि भारतीय संस्कृति में गुरु को सारे पापों, तापों से पार लगाने वाला माना गया है। जीवन के अंधकार को मिटाने और सच्ची राह दिखाने वाले गुरु की कृपा से बेड़ा पार लग जाता है। कार्यक्रम के संयोजक लालू मित्तल और श्वेता मित्तल ने स्वागत किया। इस दौरान प्रवचन, भजन पर लोग झूमते रहे। महापौर अभिलाषा गुप्ता नंदी, मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ एसपी सिंह, इनरव्हील क्लब की डिस्ट्रिक्ट चेयरमैन शालिनी तलवार, रत्ना जयसवाल, सरिता खुराना, प्रयाग व्यापार मंडल के विजय अरोड़ा, प्रयाग केमिस्ट एसोसिएशन के राणा चावला, धर्मेंद्र द्विवेदी,सतीश केसरवानी, रमेश केसरवानी, अशोक केसरवानी समेत तमाम लोगों ने गुरु कमलेश्वर आनंद को अंगवस्त्रम भेंट करके माल्यार्पण किया।
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इसी तरह पंचदशनाम जूना अखाड़े की प्रयागराज पीठाधीश्वर महंत हरिसिद्धि गिरि ने भोर में संगम में स्नान कर त्रिवेणी की पूजा -अर्चना की। इसके बाद वह प्रथम गुरु ऋषि भरद्वाज के आश्रम पहुंची। वहां प्रतिमा को नमन कर सुख -शांति की कामना की। हरिसिद्धि गिरी ने सिद्ध बाबा मौज गिरि मंदिर में भृगु ऋषि की ओर से स्थापित शिवलिंग पर जलाभिषेक भी किया। इसके बाद उन्होंने वेणीमाधव और अलोपी देवी के दर्शन दरबार पहुंचीं।
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गुरु से बड़ा न कोय: टीना मां
प्रयागराज। किन्नर अखाडे़ की पीठाधीश्वर टीना मां ने मंगलवार को कहा कि गुरु ही असली मार्ग दर्शक होता है। माता-पिता के बाद अगर कोई आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करता है, सीख देता है और मार्ग प्रशस्त करता है तो वह है गुरु। उन्होंने कहा कि किन्नरों में गुरु परंपरा शुरू से ही है। उसी परंपरा पर हम आगे बढ़ रहे है। बैरहना स्थित आवास टीना मां ने कहा कि परिवार और समाज में आज भी लोग गुरु को सर्वश्रेष्ठ मानते हैं। यहां गुरु पूजन में हाईकोर्ट के अधिवक्ता नवीन सिंह, अंजलि, परी, रानी, सोना, विनीता, लैला उर्फ प्रीती, मूलचंद्र, विजय, राजू, समाजसेवी नाजिम अंसारी समेत तमाम लोगों ने हिस्सा लिया।
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आसाराम बापू के आश्रम में सत्संग-हवन
प्रयागराज। योग वेदांत सेवा समिति के तत्वावधान में मंगवार को आसाराम बापू के आश्रम में गुरु पूर्णिमा महोत्सव के तहत सत्संग, हवन, यज्ञ एवं भंडारा हुआ। आश्रम के प्रवक्ता संत सतीश भाई ने कहा कि बापू के प्रति भक्तों की श्रद्धा में कोई कमी नहीं आई है। पूरी दुनिया में मानवता के लिए बापू ने अतुलनीय कार्य किए हैं। निंदक चाहे कितना भी दुष्प्रचार कर लें, श्रद्धा को कोई तोड़ नहीं सकता। डॉ. पूनम गुप्ता, रिटायर्ड कर्नल पी नाथ आश्रम के संचालक मनोज भाई,केके सिंह, एसके वैश्य,प्रदीप दयाल, मनोज विश्वकर्मा, सचिन द्विवेदी, शैलेश मिश्रा, सुदीप मिश्रा, राकेश प्रजापति, आरती केसरी, प्रीति सिंह, निधि बहन समेत तमाम लोग उपस्थित थे।
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मीरापुर में साई बाबा का भव्य शृंगार
प्रयागराज। मीरापुर हनुमान मंदिर चौराहा स्थित साईं दरबार में महिला मंडल की ओर से गुरु पूर्णिमा पर अनुयायियों की दिन भर भीड़ लगी रही। साईं बाबा का बहुरंगी फूलों से शृंगार किया गया। बाबा की आरती के उपरांत दूध -दही, शहद से अभिषेक किया गया। साईं भजनों की गूंज मची रही। फिर, प्रसाद वितरित किया गया। इस मौके पर साधना चोपड़ा,मीनू मक्कड, नीता कुंद्रा, सीमा, विपिन चोपड़ा, राकेश मेहरोत्रा, अभिषेक ठाकुर, आशीष महेंद्रु, संदीप मक्कड, धीरज नागर, सुमित श्रीवास्तव, सत्येंद्र सिंह उपस्थित थे।
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संस्कार भारती ने किया गुरुओं का सम्मान
प्रयागराज। संस्कार भारती के तत्वावधान में गुरु पूर्णिमा पर मंगलवार को कला, संस्कृति और शिक्षा से जुड़ी पांच विभूतियों को सम्मानित किया गया। वर्धा विश्वविद्यालय के सभागार में यह कार्यक्रम किया गया था।
इस मौके पर लोक सेवा आयोग के पूर्व अध्यक्ष प्रो केबी पांडेय, पूर्व कुलपति एवं संगीतज्ञ प्रो स्वतंत्र शर्मा, रंगकर्मी शैलतनया श्रीवास्तव, रंगकर्मी राम गोपाल गुप्त और लोक संगीत के श्याम बिहारी गौड़ को सम्मानित किया गया। संस्था की अध्यक्ष कल्पना सहाय ने शाल, स्मृति चिह्न, देकर सम्मानित किया। इससे पहले विष्णु राजा ने ध्येय गीत प्रस्तुत किया। अंत में पंकज गौड़ ने आभार व्यक्त किया। संचालन शैलेंद्र मधुर ने किया। योगेंद्र मिश्र, अतुल द्विवेदी, केके श्रीवास्तव, ड़ॉ प्रदीप भटनागर, रंजना त्रिपाठी, नीरा त्रिपाठी, अंजू गुप्ता उपस्थित थे।
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डिप्टी सीएम ने स्वामी वासुदेवानंद व नरेंद्र गिरि का लिया आशीर्वाद
प्रयागराज। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने मंगवार को गुरुपीठों पर हाजिरी लगाई। गुरु पूर्णिमा के अवसर पर वह पहले अलोपी बाग स्थित शंकराचार्य मठ पहुंचे। वहां उन्होंने वासुदेवानंद सरस्वती का आशीर्वाद लिया। इके बाद वह श्रीमठ बाघंबरी गद्दी पहुंचे। वहां अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरी का दर्शन किया। ाथ ही आध्यात्मिक विषयों पर चर्चा की। यहां डिप्टी सीएम ने कहा कि कांवड़ यात्रा को लेकर सरकार ने विशेष इंतजाम किए हैं। इस बार प्रयागराज से जल लेकर काशी में बाबा विश्वनाथ का जलाभिषेक करने के लिए जाने वाले भोले भक्तों पर हेलीकॉप्टर से पुष्पवर्षा की जाएगी। इसके बाद डिप्टी सीएम मौर्य ने लाल महेंद्र शिव शक्ति आश्रम में आयोजित गुरु पूर्णिमा महोत्सव में हिस्सा लिया।