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कुंभ मेला: प्रभावती इलेक्ट्रिक वर्क्स की टेंडर अर्जी निरस्त करने के खिलाफ याचिका खारिज

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 23 Feb 2024 02:11 AM IST
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Petition against cancellation of tender application of Prabhavati Electric Works rejected
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कुंभ मेला प्रयागराज-2025 में विद्युत कार्य के लिए प्रभावती इलेक्ट्रिक वर्क्स की अर्जी निरस्त करने के खिलाफ दाखिल याचिका खारिज कर दी है।
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कोर्ट ने कहा है कि सुरक्षा तथा संरक्षा के लिए ठेकेदार को ए श्रेणी प्रमाणपत्र के सरकारी अनुमोदन की शर्तें तय हैं। केवल अनुमोदित ए श्रेणी वाले ठेकेदारों को ही कुंभ में इलेक्ट्रिक कार्य के ई-ठेके के लिए आवेदन के योग्य माना गया है। इसलिए अनुमोदित ए श्रेणी के ठेकेदार ही टेंडर प्रक्रिया में शामिल हो सकते हैं।
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कोर्ट सरकार के तकनीकी निर्णय में हस्तक्षेप नहीं कर सकती क्योंकि निर्धारित मानक तय हैं। यह आदेश न्यायमूर्ति अश्वनी कुमार मिश्र तथा न्यायमूर्ति एसक्यूएच रिजवी की खंडपीठ ने प्रभावती इलेक्ट्रिक वर्क्स की याचिका पर दिया है।
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याची का कहना था कि ई-टेंडर के लिए ए श्रेणी के ठेकेदार को आमंत्रित किया गया। याची को निदेशक, इलेक्ट्रिकल सेफ्टी उप्र, लखनऊ ने ए श्रेणी प्रमाणपत्र जारी किया है। इसलिए उसकी अर्जी निरस्त करना मनमाना है। कोर्ट ने निदेशक को नोटिस जारी करने के साथ ही प्राधिकरण सहित सभी विपक्षियों से जवाब मांगा है।
बताया गया कि 11 मई 67 की अधिसूचना के अनुसार ए व बी श्रेणी इलेक्ट्रिक इंस्पेक्टर जारी करता है। रेग्यूलेशन 29 के अंतर्गत निदेशक को ए श्रेणी का लाइसेंस जारी करने का अधिकार है, जिसका सरकार से अनुमोदन किया जाता है।
कोर्ट ने कहा, क्या दोनों ए श्रेणी प्रमाणपत्र एक समान हैं या भिन्न। आठ अप्रैल 22 के आदेश का हवाला दिया गया, जिसमें सही काम करने वाले ठेकेदारों को अनुमोदित ए श्रेणी प्रमाणपत्र देने की व्यवस्था दी गई है। इसकी शर्तें निर्धारित हैं। याची ने अनुमोदित ए श्रेणी प्रमाणपत्र नहीं लिया है, इसलिए उसे टेंडर आवेदन का अधिकार नहीं है।

कोर्ट ने कहा, दोनों ए श्रेणी समान हैं, किंतु अनुमोदित ए श्रेणी भिन्न है। इसके मानक तय हैं। कुंभ मेला कार्य के लिए केवल ए अनुमोदित श्रेणी ठेकेदार से ही आवेदन मांगे गए थे। इसलिए याची की अर्जी निरस्त करने के आदेश पर हस्तक्षेप नहीं किया जा सकता।
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