फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   No devotee will sleep hungry during Mahakumbh, government will provide free ration

Prayagraj : महाकुंभ में कोई भी श्रद्धालु नहीं सोएगा भूखा, मुफ्त राशन उपलब्ध कराएगी सरकार

Sun, 20 Oct 2024 04:46 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Sun, 20 Oct 2024 04:46 PM IST
सार

महाकुंभ के दौरान पूरे मेला क्षेत्र में श्रद्धालुओं के लिए भंडारों का तो आयोजन किया ही जाएगा, साथ ही उन्हें मुफ्त राशन की सुविधा का भी लाभ मिलेगा। कई-कई दिनों तक महाकुंभ में रहने वाले कल्पवासियों और श्रद्धालुओं के राशन कार्ड बनाए जाएंगे और उन्हें राशन की सुविधा प्राप्त होगी।

विज्ञापन
No devotee will sleep hungry during Mahakumbh, government will provide free ration
खाद्यान्न। - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

प्रयागराज में होने जा रहे महाकुंभ 2025 के दौरान यहां आने वाला कोई भी श्रद्धालु, कल्पवासी भूखे पेट नहीं सोएगा। योगी सरकार की ओर से इसके लिए मेला क्षेत्र में व्यापक तैयारियां की हैं। पूरे मेला क्षेत्र में श्रद्धालुओं के लिए भंडारों का तो आयोजन किया ही जाएगा, साथ ही उन्हें मुफ्त राशन की सुविधा का भी लाभ मिलेगा। कई-कई दिनों तक महाकुंभ में रहने वाले कल्पवासियों और श्रद्धालुओं के राशन कार्ड बनाए जाएंगे और उन्हें राशन की सुविधा प्राप्त होगी।

विज्ञापन


पहले से राशन कार्ड धारण करने वालों को भी राशन कार्ड दिखाने पर राशन प्रदान किया जाएगा। इसके लिए खाद्य एवं रसद विभाग द्वारा पूरे मेला क्षेत्र के सभी सेक्टर्स में कुल 160 उचित दर वाली राशन की दुकानों की स्थापना की जाएगी, जहां से दो बार (जनवरी-फरवरी) में राशन प्रदान किया जाएगा। राशन के भंडारण के लिए 5 गोडाउन भी स्थापित होंगे। इस पूरी परियोजना पर 43 करोड़ से ज्यादा की धनराशि खर्च की जाएगी। 

विज्ञापन

जनवरी और फरवरी में मिलेगी सुविधा

एडीएम मेला, विवेक चतुर्वेदी के अनुसार महाकुंभ के दौरान कई ऐसे श्रद्धालु आते हैं जो कई-कई दिनों तक मेला में प्रवास करते हैं। इन्हें कल्पवासी कहा जाता है। ये अपना भोजन स्वयं पकाते हैं। इनकी सुविधा के लिए खाद्य एवं रसद विभाग की ओर से पूरे मेला क्षेत्र के सभी सेक्टर्स में उचित दर वाली कुल 160 राशन की दुकानें स्थापित की जा रही हैं। जहां न सिर्फ इनका राशन कार्ड बनाया जाएगा, बल्कि इन्हें राशन की सुविधा भी प्रदान की जाएगी। जिनके पास पहले से ही राशन कार्ड है, उन्हें भी सुविधा प्राप्त होगी। यह सुविधा दो बार यानी जनवरी और फरवरी 2025 में उपलब्ध कराई जाएगी। राशन की कमी न हो, इसके लिए मेला क्षेत्र के अंदर ही खाद्यान्न के पांच गोदाम भी स्थापित किए जा रहे हैं। 

एलपीजी सिलिंडरों की बिक्री के लिए अलग से होगी आउटलेट्स

कल्पवासियों एवं श्रद्धालुओं को खाद्यान्न, चीनी एवं रसोई गैस उपलब्ध कराया जाएगा। एलपीजी सिलिंडरों की बिक्री के लिए अलग से आउटलेट्स लगाए जाएंगे। 10 लाख स्थायी आबादी के अतिरिक्त अस्थायी आबादी के भोजन के लिए भंडारों का आयोजन किया जाएगा, जहां प्रतिदिन राशन की आपूर्ति की जाएगी। एक अनुमान के अनुसार एक राशन कार्ड में पांच लोग होते हैं तो इस लिहाज से दो माह में तकरीबन दो लाख राशन कार्ड की आवश्यकता होगी। खास बात ये भी होगी कि इस सुविधा का लाभ बड़े अखाड़ों और शिविरों में रहने वाले श्रद्धालुओं और कल्पवासियों को भी मिलेगा। 

विज्ञापन

प्रति व्यक्ति प्राप्त होगा 3 किलो गेहूं और 2 किलो चावल 

परियोजना के तहत राशन कार्ड धारक को तीन किलो प्रति व्यक्ति के हिसाब से गेहूं और आटा प्रदान किया जाता है, जबकि प्रति व्यक्ति दो किलो चावल (फोर्टिफाइड) की आपूर्ति होगी। इसी तरह दो किलो चीनी (प्रति व्यक्ति), दो लीटर मिट्टी का तेल (प्रति राशन कार्ड) और एक घरेलू गैस कनेक्शन प्रदान किया जाता है। घरेलू गैस कनेक्शन को एक बार रीफिल कराने की भी सुविधा मिल सकती है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed