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विधायक अरुण यादव की अग्रिम जमानत खारिज
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विधायक अरुण यादव की अग्रिम जमानत अर्जी खारिज
प्रयागराज। स्पेशल कोर्ट एमपी एमएलए ने मारपीट कर गाड़ी उठा ले जाने के मामले में आजमगढ़ के फूलपुर पवई से विधायक अरुण कुमार यादव की अग्रिम जमानत अर्जी खारिज कर दी है । विधायक के खिलाफ लंबित मुकदमे में उपस्थित नहीं होने पर कोर्ट ने गैर जमानती वारंट जारी किया है।
यह आदेश स्पेशल कोर्ट के जज डॉ. दिनेश चंद्र शुक्ला ने एडीजीसी राजेश कुमार गुप्ता को विधायक की अग्रिम जमानत अर्जी पर सुनवाई के बाद दिया है। घटना 29 नवंबर 2009 की जौनपुर के शाहगंज थाने की है। वादी राजेश कुमार सिंह ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसकी पिकअप गाड़ी जौनपुर शहर से शाहगंज की तरफ से आ रही थी। वह अपने चालक आसाराम के साथ बैठा था। आजाद पुलिया के पास विधायक की स्कॉर्पियो गाड़ी को ड्राइवर ने ओवरटेक कर दिया। इससे विधायक व अन्य लोगों ने उसकी गाड़ी रोककर चालक आसाराम को मारा पीटा और धमकाकर गाड़ी की चाबी ले ली।
उसे गाड़ी से धक्का मार कर नीचे उतार दिया तथा गाड़ी लेकर चले गए। घटना के बाद पुलिस ने विधायक व अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ विवेचना बाद आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया था, जिसकी सुनवाई अब स्पेशल कोर्ट एमपी एमएलए में हो रही है। कोर्ट ने विधायक के खिलाफ 12 अक्तूबर 2021 को गैर जमानती वारंट जारी किया है। विधायक की ओर से स्पेशल कोर्ट में अग्रिम जमानत अर्जी देकर याचना की गई थी कि उनको गिरफ्तारी का खतरा है, लिहाजा अग्रिम जमानत अर्जी स्वीकार की जाए। अदालत ने अग्रिम जमानत अर्जी नामंजूर कर दी।
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पूर्व थानाध्यक्ष बहरिया के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट
प्रयागराज। जिला न्यायालय ने चार लोगों की हत्या के मामले में गवाही देने के लिए उपस्थित न होने पर तत्कालीन थाना प्रभारी थाना बहरिया अब्दुल सत्तार के खिलाफ गैर जमानती वारंट और नोटिस जारी किया है। यह आदेश अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश मिताली गोविंदराव ने अभियोजन की अर्जी पर सुनवाई के बाद दिया है।
डीजीसी गुलाब चंद्र अग्रहरी ने बताया कि 4 लोगों की हत्या के मामले में तत्कालीन थाना प्रभारी अब्दुल सत्तार को गवाही देने के लिए कोर्ट ने नोटिस जारी किया था। नोटिस तामील होने के बावजूद वह गवाही देने के लिए नहीं आ रहे हैं। प्रकरण में 8 अभियुक्त हैं और जेल में बंद हैं। घटना 5 मई 2014 की बहरिया थाने की है। अभियुक्तों पर आरोप है कि उन्होंने लाठी डंडों से पीट-पीटकर और गला रेत कर चार लोगों की हत्या कर दी थी।
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प्रयागराज। स्पेशल कोर्ट एमपी एमएलए ने मारपीट कर गाड़ी उठा ले जाने के मामले में आजमगढ़ के फूलपुर पवई से विधायक अरुण कुमार यादव की अग्रिम जमानत अर्जी खारिज कर दी है । विधायक के खिलाफ लंबित मुकदमे में उपस्थित नहीं होने पर कोर्ट ने गैर जमानती वारंट जारी किया है।
यह आदेश स्पेशल कोर्ट के जज डॉ. दिनेश चंद्र शुक्ला ने एडीजीसी राजेश कुमार गुप्ता को विधायक की अग्रिम जमानत अर्जी पर सुनवाई के बाद दिया है। घटना 29 नवंबर 2009 की जौनपुर के शाहगंज थाने की है। वादी राजेश कुमार सिंह ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसकी पिकअप गाड़ी जौनपुर शहर से शाहगंज की तरफ से आ रही थी। वह अपने चालक आसाराम के साथ बैठा था। आजाद पुलिया के पास विधायक की स्कॉर्पियो गाड़ी को ड्राइवर ने ओवरटेक कर दिया। इससे विधायक व अन्य लोगों ने उसकी गाड़ी रोककर चालक आसाराम को मारा पीटा और धमकाकर गाड़ी की चाबी ले ली।
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उसे गाड़ी से धक्का मार कर नीचे उतार दिया तथा गाड़ी लेकर चले गए। घटना के बाद पुलिस ने विधायक व अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ विवेचना बाद आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया था, जिसकी सुनवाई अब स्पेशल कोर्ट एमपी एमएलए में हो रही है। कोर्ट ने विधायक के खिलाफ 12 अक्तूबर 2021 को गैर जमानती वारंट जारी किया है। विधायक की ओर से स्पेशल कोर्ट में अग्रिम जमानत अर्जी देकर याचना की गई थी कि उनको गिरफ्तारी का खतरा है, लिहाजा अग्रिम जमानत अर्जी स्वीकार की जाए। अदालत ने अग्रिम जमानत अर्जी नामंजूर कर दी।
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पूर्व थानाध्यक्ष बहरिया के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट
प्रयागराज। जिला न्यायालय ने चार लोगों की हत्या के मामले में गवाही देने के लिए उपस्थित न होने पर तत्कालीन थाना प्रभारी थाना बहरिया अब्दुल सत्तार के खिलाफ गैर जमानती वारंट और नोटिस जारी किया है। यह आदेश अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश मिताली गोविंदराव ने अभियोजन की अर्जी पर सुनवाई के बाद दिया है।
डीजीसी गुलाब चंद्र अग्रहरी ने बताया कि 4 लोगों की हत्या के मामले में तत्कालीन थाना प्रभारी अब्दुल सत्तार को गवाही देने के लिए कोर्ट ने नोटिस जारी किया था। नोटिस तामील होने के बावजूद वह गवाही देने के लिए नहीं आ रहे हैं। प्रकरण में 8 अभियुक्त हैं और जेल में बंद हैं। घटना 5 मई 2014 की बहरिया थाने की है। अभियुक्तों पर आरोप है कि उन्होंने लाठी डंडों से पीट-पीटकर और गला रेत कर चार लोगों की हत्या कर दी थी।