UP News : अंतर्निहित शक्तियों से आपराधिक कार्यवाही रद्द कर सकता है हाइकोर्ट
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
Published by: विनोद सिंह
Updated Wed, 04 Sep 2024 02:32 PM IST
सार
यह फैसला न्यायमूर्ति अश्वनी कुमार मिश्रा और न्यायमूर्ति मोहम्मद अजहर हुसैन इदरीसी की खंडपीठ ने संदर्भित मामले में जवाब देते हुए सुनाया है। कोर्ट ने अपने फैसले में स्पष्ट किया कि अग्रिम जमानत खारिज होने के बाद भी हाईकोर्ट को अंतर्निहित शक्ति प्रदान करने वाली दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 482 के अंतर्गत हाईकोर्ट से राहत की मांग की जा सकती है।
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अदालत(सांकेतिक)
- फोटो : अमर उजाला