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600 रुपये दीजिए और घर ले जाइए ऑक्सीजन सिलेंडर
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Thu, 03 May 2018 01:15 AM IST
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इलाहाबाद
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
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यूको बैंक में चोरी के बाद ऑक्सीजन सिलेंडरों की बेरोकटोक बिक्री पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। बाजार में बिना किसी पूछताछ के 600 रुपये देने पर आसानी से ऑक्सीजन सिलेंडर मिल जाते हैं। जबकि नियम के मुताबिक आईडी प्रूफ व पूर्ण विवरण लेने के बाद ही संबंधित व्यक्ति को सिलेंडर दिया जाना चाहिए।
बुधवार को बाजारों में पहुंचकर दुकानदारों से बातचीत की गई तो यह जानकारी मिली कि चंद रुपये देने पर ऑक्सीजन सिलेंडर आसानी से मिल जाते हैं। जीवन ज्योति अस्पताल के पास दुकान चलाने वाले गुलशन ने बताया कि आमतौर पर सिलेंडर जान-पहचान वालों को ही दिए जाते हैं। कई बार लोग बीमारी आदि की बात कहकर सिलेंडर मांगते हैं तो उन्हें दे दिया जाता है। हालांकि इससे पहले उनसे सिलेंडर के लिए सिक्योरिटी मनी जमा कराई जाती है। इसी तरह एक दुकानदार संदीप ने बताया कि सिलेंडर देने से पहले आईडी प्रूफ लेने का नियम है। हालांकि अक्सर लोगों के पास उस समय आईडी प्रूफ मौजूद नहीं होता। ऐसे में उन्हें सिलेंडर दे दिया जाता है। दुकानदारों ने बताया कि ऑक्सीजन सिलेंडर की बिक्री मुख्य रूप से रामबाग छोड़कर जीरो रोड पर होती है।
दुकानदारों ने बताया कि मंगलवार शाम उनके पास पुलिस पहुंची थी। पुलिसवालों के पास एक ऑक्सीजन सिलेंडर भी था। दुकानदारों को सिलेंडर दिखाकर पूछा गया कि इस तरह के सिलेंडर की सप्लाई शहर में कहंा से होती है। दुकानदारों ने बताया कि दिखाए गए सिलेंडर की बनावट उनके पास मौजूद सिलेंडरों से अलग थी। यह बताने पर पुलिस चली गई।
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बुधवार को बाजारों में पहुंचकर दुकानदारों से बातचीत की गई तो यह जानकारी मिली कि चंद रुपये देने पर ऑक्सीजन सिलेंडर आसानी से मिल जाते हैं। जीवन ज्योति अस्पताल के पास दुकान चलाने वाले गुलशन ने बताया कि आमतौर पर सिलेंडर जान-पहचान वालों को ही दिए जाते हैं। कई बार लोग बीमारी आदि की बात कहकर सिलेंडर मांगते हैं तो उन्हें दे दिया जाता है। हालांकि इससे पहले उनसे सिलेंडर के लिए सिक्योरिटी मनी जमा कराई जाती है। इसी तरह एक दुकानदार संदीप ने बताया कि सिलेंडर देने से पहले आईडी प्रूफ लेने का नियम है। हालांकि अक्सर लोगों के पास उस समय आईडी प्रूफ मौजूद नहीं होता। ऐसे में उन्हें सिलेंडर दे दिया जाता है। दुकानदारों ने बताया कि ऑक्सीजन सिलेंडर की बिक्री मुख्य रूप से रामबाग छोड़कर जीरो रोड पर होती है।
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दुकानदारों ने बताया कि मंगलवार शाम उनके पास पुलिस पहुंची थी। पुलिसवालों के पास एक ऑक्सीजन सिलेंडर भी था। दुकानदारों को सिलेंडर दिखाकर पूछा गया कि इस तरह के सिलेंडर की सप्लाई शहर में कहंा से होती है। दुकानदारों ने बताया कि दिखाए गए सिलेंडर की बनावट उनके पास मौजूद सिलेंडरों से अलग थी। यह बताने पर पुलिस चली गई।
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