प्रयागराज में दर्दनाक हादसा: गंगा में डूबने से पांच दोस्तों की मौत, मछली मारने गए थे सभी; बाहर निकाले गए शव
म्योराबाद व बेली में रहने वाले पांच किशोर शुक्रवार दोपहर म्योराबाद एसटीपी के पास गंगा में मछली पकड़ने गए थे। इनमें हिमांशु सिंह(16) पुत्र राजेश सिंह, मुलायम(15) पुत्र गिरधारी, आकाश(14) पुत्र राजनारायण, प्रियांशु (15) पुत्र फूलचंद और शनि (14)पुत्र नंदू शामिल थे।
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शिवकुटी में म्योराबाद एसटीपी के पास गंगा में डूबने से पांच दोस्तों मौत हो गई। 13 से 16 साल तक के पांचों किशोर मछली पकड़ने गए थे तभी यह हादसा हुआ। सूचना पर पहुंची पुलिस ने गोताखोरों को उतारा। हालांकि, जब तक बाहर निकाला जाता, उनकी मौत हो चुकी थी।
म्योराबाद व बेली में रहने वाले पांच किशोर शुक्रवार दोपहर म्योराबाद एसटीपी के पास गंगा में मछली पकड़ने गए थे। इनमें हिमांशु सिंह(16) पुत्र राजेश सिंह, मुलायम(15) पुत्र गिरधारी, आकाश(14) पुत्र राजनारायण, प्रियांशु (15) पुत्र फूलचंद और शनि (14)पुत्र नंदू शामिल थे। इनमें हिमांशु व मुलायम म्योराबाद, जबकि शेष तीनों बेली के रहने वाले थे। उनके साथ आर्यन यादव व मुलायम का छोटा भाई शमशेर भी था।
आर्यन ने बताया कि वहां पहुंचने के बाद सभी लोग मछली पकड़ने में लग गए, जबकि हिमांशु नहाने के लिए नदी में उतर गया। कुछ देर बाद अचानक वह चिल्लाने लगा। दोस्तों की नजर पड़ी तो वह डूब रहा था। यह देख मुलायम, आकाश, प्रियांशु व शनि उसे बचाने के लिए नदी में कूद गए। वह हिमांशु को बचाने में खुद भी गहराई में जाकर डूबने लगे। फिर एक-एक कर सभी पानी में समा गए।
आर्यन ने फोन से सूचना दी तो सबसे पहले हिमांशु के घरवाले पहुंचे। इसके बाद अन्य किशोरों के परिजन भी आ गए। सूचना पर पुलिस भी आ गई और फिर गोताखोरों को उतारा गया। कुछ देर बाद एक-एक करके सभी को बाहर निकाल लिया गया, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। घटना की जानकारी पर पुलिस आयुक्त रमित शर्मा और एसीपी सिविल लाइंस श्वेताभ पांडेय भी पहुंच गए और घटनास्थल का निरीक्षण किया।
सूचना पर नदी में गोताखोर उतारकर बच्चों की तलाश कराई गई। कुछ देर बाद उन्हें बाहर भी निकाल लिया गया, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। - श्वेताभ पांडेय, एसीपी कैंट
एक को बचाने के चक्कर में चार डूबे
शुरुआती जानकारी के मुताबिक ये सभी मछली का शिकार करने गए थे। इस बीच हिमांशु नदी में उतरकर नहाने लगा। नहाते-नहाते वो अचानक गहराई में जाकर वह डूबने लगा, जिसकी आवाज सुनकर बाकी चारों दोस्त भी नदी में कूद गए। इसके बाद एक-एक कर कर सभी पानी में समा गए।
परिवार में मचा कोहराम
जल पुलिस और गोताखोर की टीम ने घंटों कड़ी मशक्कत के बाद सभी के शव गंगा से बाहर निकले। दूसरी तरफ घटना की जानकारी मिलने के बाद परिवार वालों में कोहराम मच गया। सभी के परिजन मौके पर पहुंचे और रोने बिलखने लगे। पुलिस की टीम ने सभी शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।