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हर भर्ती में फर्जीवाड़ा, सरकार मेरिट से चयन पर अड़ी

Wed, 26 Oct 2016 02:29 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद Updated Wed, 26 Oct 2016 02:29 AM IST
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Every recruiter forged, government stuck to merit selection
नौकरी
शिक्षक भर्ती, बीटीसी प्रवेश सहित प्रदेश सरकार की ओर से होने वाली विभिन्न भर्तियों में मेरिट से चयन के कारण लगातार फर्जीवाड़ा बढ़ रहा है। बीटीसी प्रवेश के बाद जांच के दौरान पता चला है कि अभ्यर्थी ने हाईस्कूल से लेकर स्नातक तक की परीक्षाओं के फर्जी प्रमाण पत्र तैयार करा लिए हैं। यही हाल शिक्षक भर्ती का भी है। व्यवस्था से जुड़े शिक्षाधिकारियों ने सरकार से मेरिट की जगह परीक्षा कराने की मांग की है।
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लोक सेवा आयोग, उच्चतर शिक्षा सेवा आयोग, उत्तर प्रदेश अधीनस्थ चयन सेवा आयोग, उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड की ओर से होने वाली भर्ती में मेरिट को महत्व दिए जाने से जमकर फर्जीवाड़ा हो रहा है। मेरिट से चयन केसमय अभ्यर्थी फर्जी अंकपत्र तैयार करके चयन तो पा लेते हैं, परंतु जांच के दौरान फर्जीवाड़ा पकड़ में आने के बाद बाहर का रास्ता दिखा दिया जाता है। हाल ही में एलटी ग्रेड शिक्षकों की भर्ती में इसी प्रकार का फर्जीवाड़ा पकड़ा गया है। 
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माध्यमिक एवं बेसिक शिक्षा से जुड़े शिक्षाधिकारियों ने प्रदेश सरकार की ओर से होने वाली भर्तियों के लिए मेरिट की बजाय परीक्षा से चयन कराने की मांग की है। उनका कहना है कि परीक्षा कराने की स्थिति में एक बार चयन के बाद उसे निरस्त नहीं करना पड़ेगा। उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग की ओर से भरे जाने वाले सैकड़ों पद ऐसे हैं, जिनका चयन सीधी भर्ती से होता है। इसमें चयन प्रक्रिया मेरिट से होती है। मेरिट से चयन की स्थिति में अभ्यर्थी शिक्षा माफियाओं की मदद से अच्छी मेरिट वाली मार्कसीट तैयार करवाकर चयन प्रक्रिया को प्रभावित करने की कोशिश करते हैं।
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प्रमाण पत्रों की जांच में फर्जीवाड़ा पकड़ में आने के बाद चयनित अभ्यर्थी नौकरी छोड़कर भाग जाते हैं। प्राथमिकी दर्ज करवाए जाने के बाद जांच शुरू होती है और मामला दब जाता है। ऐसे में योग्य अभ्यर्थियों का हक मारा जाता है। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड एवं उच्चतर शिक्षा सेवा आयोग से चयन के दौरान एकेडमिक मेरिट देखी जाती है। ऐसे में अभ्यर्थी बिना परीक्षा के फर्जी अंकपत्र तैयार करवाकर नौकरी हासिल कर लेते हैं। यही हाल एलटी ग्रेड शिक्षक भर्ती में सामने आया है। इस भर्ती में बड़े पैमाने पर अनियमितता सामने आई है, इसमें कई अभ्यर्थी आवेदन और काउंसलिंग के समय अलग-अलग बोर्ड के प्रमाण पत्र पकड़ में आए हैं। इसी प्रकार बीटीसी प्रवेश में भी फर्जीवाड़ा पकड़ में आया है।

जहां पकड़ा गया फर्जीवाड़ा
- एलटी ग्रेड शिक्षक भर्ती में बोर्ड के जरिए हाईस्कूल, इंटरमीडिएट सहित बीएड की डिग्री फर्जी मिली।
- बीटीसी प्रवेश में हाईस्कूल, इंटरमीडिएट एवं स्नातक के फर्जी प्रमाण पत्र लगाए।
- उत्तर प्रदेश अधीनस्थ चयन सेवा आयोग से जुड़ी सीधी भर्ती में भी मेरिट देखी जाती है।
- उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड, उच्चतर शिक्षा सेवा आयोग एवं लोक सेवा आयोग से जुड़ी सीध भर्ती में मेरिट की महत्वपूर्ण भूमिका है।
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