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फिल्मी अंदाज में गुंडागर्दी से शियाट्स में दहशत

Thu, 15 Dec 2016 12:44 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो इलाहाबाद
अमर उजाला ब्यूरो इलाहाबाद Updated Thu, 15 Dec 2016 12:44 AM IST
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crime
बाहुबली पूर्व सांसद अतीक अहमद की मौजूदगी में असलहाधारियों द्वारा मारपीट और धमकियों से शियाट्स के कर्मचारियों में दहशत है। अतीक के नाम से ही कर्मचारियों और उनके परिजनों में घबराहट तारी है। आलम यह है कि शियाट्स में तैनात सौ से ज्यादा सुरक्षाकर्मी भी अतीक की धमक से सकते में हैं। संस्थान में मारपीट के दौरान घबराए सुरक्षाकर्मी अतीक के सामने आने की हिम्मत नहीं जुटा सके। सुरक्षा अधिकारी को भी पिटते देखकर ज्यादातर गार्ड इस डर से बाहर भाग गए कि कहीं उन्हें भी पीटकर हथियार नहीं छीन लिए जाएं।
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अतीक अहमद और उनके आदमी पूरे फिल्मी अंदाज में शियाट्स पहुंचे, जहां कर्मचारियों और शिक्षकों को पीटा गया। मीडिया प्रभारी डॉ. रमाकांत दुबे का कहना है कि संस्थान के भीतर भी गुंडागर्दी का फिल्मी नजारा था। अतीक ने किसी डॉन की तरह जबरन वीसी का कार्यालय खुलवाया। वह अंदर बैठ गए और उनके आदमी कर्मचारियों और शिक्षकों को पीटने में जुट गए। जो भी सामने दिखा, वह मार खाने से बच नहीं सका। अतीक नाम का खौफ ऐसा कि कर्मचारियों को पिटता देखकर भी शियाट्स में तैनात सिक्योरिटी गार्ड्स दूर ही रहे। सुरक्षा अधिकारी एसबी सिंह भी मीडिया प्रभारी समेत पिटे तो सुरक्षाकर्मियों के हाथ-पांव फूल गए।
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वे वहां से दूर चले गए क्योंकि उन्हें भय था कि उन्हें भी पीटा जाएगा और असलहे भी छीन लिए जाएंगे। ऐसे में शियाट्स की सुरक्षा व्यवस्था फेल हो गई। पिट रहे कर्मचारी भी मुंह नहीं खोल सके। दूसरी तरफ मौजूद कर्मचारी कमरों में छिप गए। संस्थान कार्यालय में हो रहे बवाल के चलते शियाट्स के छात्र-छात्राएं भी सहम गए। अतीक और उनके आदमियों के जाने के बाद पुलिस पहुंची तो मीडिया प्रभारी और सुरक्षा अधिकारी ने ही घटना की शिकायत की। बाकी कर्मचारी चुप्पी साधे रहे। अतीक का नाम होने के चलते कर्मचारी और उनके परिवार के लोग भी बेहद घबराए हुए हैं।
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छात्र के निष्कासन से भड़के हैं अतीक
इलाहाबाद। शियाट्स में बुधवार की घटना के पीछे डेयरी डिर्पाटमेंट के छात्र मोहम्मद सैफ का निष्कासन है। अतीक अहमद सैफ के निष्कासन से बेहद खफा हैं। दरअसल सैफ तथा एक और छात्र शाकिब पर नकल से रोकने पर डेयरी डिपार्टमेंट के एसोसिएट प्रोफेसर तेजस जैकब पर कातिलाना हमले का आरोप है। उन दोनों समेत कई अज्ञात छात्रों पर हत्या के प्रयास का मुकदमा नैनी थाने में दर्ज कराया गया था। शियाट्स प्रशासन ने इन दोनों छात्रों को पांच नवंबर को निलंबित कर दिया था। चर्चा है कि शहर के करेली इलाके में रहने वाला छात्र सैफ पूर्व सांसद अतीक के बच्चों को ट्यूशन पढ़ाता है। इसी वजह से अतीक ने दोनों छात्रों को माफ करने के लिए शियाट्स के वीसी को फोन किया। मगर उनकी सिफारश नहीं मानी गई। निलंबन के बाद सैफ को कुछ दिन पहले निष्कासित (टर्मिनेट) कर दिया गया। इसी वजह से बुधवार को अतीक छात्र सैफ के साथ शियाट्स पहुंचे थे।

आरोपी छात्र ने भी दिखाई दबंगई
नैनी (ब्यूरो)। आरोप है कि निष्कासन झेल रहे छात्र मोहम्मद सैफ ने अतीक के साथ आकर खूब दबंगई दिखाई। अतीक निदेशक प्रशासन के कार्यालय की ओर चले गए जबकि सैफ कई असलहाधारियों के साथ डेयरी डिपार्टमेंट पहुंच गया। आरोप है कि उसने एसोसिएट प्रोफेसर तेजस जैकब को जमकर पीटा। उनके अपहरण का प्रयास किया। छात्रों की भारी भीड़ जुटने पर वे सभी पिस्टल लहराते हुए धमकी देते चले गए।

कार्रवाई नहीं तो बंद करने की चेतावनी
नैनी (ब्यूरो)। शियाट्स प्रशासन ने कार्रवाई नहीं होने पर विश्वविद्यालय अनिश्चितकाल के लिए बंद करने की चेतावनी पुलिस को दी है। मीडिया प्रभारी डा.रमाकांत दुबे ने बताया कि पुलिस कहा गया है कि अतीक के खिलाफ कार्रवाई नहीं हुई तो भय के माहौल में विश्वविद्यालय नहीं खुलेगा।


‘सैफ का निलंबन खत्म करने के लिए मैंने वीसी को पिछले महीने ही फोन किया था क्योंकि आखिरी साल का छात्र होने की वजह से उसे कैंपस प्लेसमेंट के लिए इंटरव्यू में शामिल होना था। मेरे कहने पर 15 दिन पहले महज दो घंटे के लिए निलंबन वापस लेकर छात्र को इंटरव्यू में शामिल होने दिया गया, लेकिन हफ्ते भर बाद ही मेरी सिफारिश की अनदेखी कर उसे निष्कासित कर दिया गया। यह तो सरासर मनमानी है। सैफ की मां मेरे पास आकर रोने लगी कि वह आत्महत्या पर आमादा है। उसे बचाइए नहीं तो जान दे देगा। मैंने तीन रोज पहले शियाट्स के वीसी को फोन किया तो पता चला कि वह लखनऊ में हैं। आज मैं नैनी के डांडी में एक विवाह समारोह में गया था। तभी छात्रों के निष्कासन के बारे में बात करने शियाट्स चला गया लेकिन वीसी थे ही नहीं। मैं उनके कार्यालय में बैठा था तभी गुस्साए छात्रों ने कर्मचारियों से मारपीट की। मेरे साथ मौजूद लोगों ने किसी को हाथ नहीं लगाया। बाकी पुलिस की जांच में साफ हो जाएगा।’
-अतीक अहमद
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