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बैंक मैनेजर के खिलाफ धोखाधड़ी की रिपोर्ट
Updated Mon, 20 Nov 2017 10:26 PM IST
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बैंक मैनेजर ने ग्राहक के हस्ताक्षर के बिना निकाले दो लाख
कोतवाली में दर्ज हुआ अमानत में खयानत का मुकदमा
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद। कोतवाली थाना क्षेत्र में चौक स्थित यूनियन बैंक आफ इंडिया के तत्कालीन शाखा प्रबंधक पर आरोप है कि बिना ग्राहक के हस्ताक्षर के दो लाख पांच हजार रुपये निकाल लिए। जानकारी होने पर प्रबंधक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है।
मदारीपुर करेली के रहने वाले अकील अहमद बैशाखी और व्हील चेयर बनाने का कारखाना चलाते हैं। उन्होंने 2014 में यूनियन बैंक आफ इंडिया की चौक शाखा में एकाउंट खोला था। अकील अहमद का आरोप है कि उनके खाते से दो लाख पांच हजार रुपये गायब हो गए। जब उन्हें इस बात की जानकारी हुई तो वे बैंक गए। वहां से पता चला कि बिना उनके हस्ताक्षर के ही चार बार में दो लाख पांच हजार रुपये निकाल लिए गए। उन्होंने तत्कालीन बैंक मैनेजर हेमंत कुमार से बात की उन्होंने पैसे निकालने की बात स्वीकार की और गलती मानते हुए कहा कि वह उन्हें रुपये लौटा देंगे। बाकी पैसे तो उन्होंने लौटा दिए, लेकिन 83300 रुपये नहीं लौटाए। कई बार फोन करने के बाद वह टालमटोल वाला रवैया अपनाए रहे। इसके बाद अकील दो दिन पहले एसएसपी से मिले और पूरी जानकारी दी। एसएसपी के आदेश पर रविवार को बैंक मैनेजर हेमंत कुमार के खिलाफ अमानत में खयानत का मुकदमा दर्ज कर लिया गया। इंस्पेक्टर रवींद्र यादव ने बताया कि जांच शुरू कर दी गई है।
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कोतवाली में दर्ज हुआ अमानत में खयानत का मुकदमा
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद। कोतवाली थाना क्षेत्र में चौक स्थित यूनियन बैंक आफ इंडिया के तत्कालीन शाखा प्रबंधक पर आरोप है कि बिना ग्राहक के हस्ताक्षर के दो लाख पांच हजार रुपये निकाल लिए। जानकारी होने पर प्रबंधक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है।
मदारीपुर करेली के रहने वाले अकील अहमद बैशाखी और व्हील चेयर बनाने का कारखाना चलाते हैं। उन्होंने 2014 में यूनियन बैंक आफ इंडिया की चौक शाखा में एकाउंट खोला था। अकील अहमद का आरोप है कि उनके खाते से दो लाख पांच हजार रुपये गायब हो गए। जब उन्हें इस बात की जानकारी हुई तो वे बैंक गए। वहां से पता चला कि बिना उनके हस्ताक्षर के ही चार बार में दो लाख पांच हजार रुपये निकाल लिए गए। उन्होंने तत्कालीन बैंक मैनेजर हेमंत कुमार से बात की उन्होंने पैसे निकालने की बात स्वीकार की और गलती मानते हुए कहा कि वह उन्हें रुपये लौटा देंगे। बाकी पैसे तो उन्होंने लौटा दिए, लेकिन 83300 रुपये नहीं लौटाए। कई बार फोन करने के बाद वह टालमटोल वाला रवैया अपनाए रहे। इसके बाद अकील दो दिन पहले एसएसपी से मिले और पूरी जानकारी दी। एसएसपी के आदेश पर रविवार को बैंक मैनेजर हेमंत कुमार के खिलाफ अमानत में खयानत का मुकदमा दर्ज कर लिया गया। इंस्पेक्टर रवींद्र यादव ने बताया कि जांच शुरू कर दी गई है।
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