{"_id":"595bbcbd4f1c1b15458b4a24","slug":"121499184317-allahabad-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"बेटी की बरामदगी को भटक रहा पिता","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
बेटी की बरामदगी को भटक रहा पिता
Updated Tue, 04 Jul 2017 09:35 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आठ महीने से बेटी के लिए भटक रहा पिता
0 नाबालिग लड़की के अपहरण का केस भी है दर्ज
इलाहाबाद (ब्यूरो)। एक शख्स आठ महीने से अपनी नाबालिग बेटी की तलाश में भटक रहा है लेकिन नामजद एफआईआर तथा अफसरों के आदेश के बावजूद दारागंज पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। चार रोज पहले पिता ने फिर एसएसपी से गुहार लगाई लेकिन पुलिस ने लड़की की बरामदगी के लिए कुछ नहीं किया।
दारागंज इलाके की रेहाना (नाम काल्पनिक) का अपहरण पिछले साल दीवाली के दूसरे रोज अपहरण हो गया था। पिता का दावा है कि तब वह 13 साल चार महीने की थी। खोजबीन के दौरान मालूम हुआ कि उसे फतेहपुर बिछुआ जार्जटाउन में रहने वाले सत्यम ने अपनी मां गीता देवी, बहन और बुआ की मदद से अगवा किया था। रेहाना के पिता ने संपर्क किया तो सत्यम की मां ने भरोसा दिया कि उसे सुरक्षित घर पहुंचा दिया जाएगा लेकिन ऐसा हुआ नहीं। फिर पिता ने उनके खिलाफ दारागंज थाने में केस दर्ज कराया मगर पुलिस ने कुछ नहीं किया। वह बार-बार थाने जाकर फरियाद करते लेकिन पुलिस टरका देती। जून में पिता ने दो बार कप्तान से मिलकर गुहार लगाई तो दारागंज पुलिस को लड़की की बरामदगी का आदेश दिया गया लेकिन हैरानी की बात यह है कि अब तक पुलिस ने कार्रवाई नहीं की है।
विज्ञापन
0 नाबालिग लड़की के अपहरण का केस भी है दर्ज
इलाहाबाद (ब्यूरो)। एक शख्स आठ महीने से अपनी नाबालिग बेटी की तलाश में भटक रहा है लेकिन नामजद एफआईआर तथा अफसरों के आदेश के बावजूद दारागंज पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। चार रोज पहले पिता ने फिर एसएसपी से गुहार लगाई लेकिन पुलिस ने लड़की की बरामदगी के लिए कुछ नहीं किया।
दारागंज इलाके की रेहाना (नाम काल्पनिक) का अपहरण पिछले साल दीवाली के दूसरे रोज अपहरण हो गया था। पिता का दावा है कि तब वह 13 साल चार महीने की थी। खोजबीन के दौरान मालूम हुआ कि उसे फतेहपुर बिछुआ जार्जटाउन में रहने वाले सत्यम ने अपनी मां गीता देवी, बहन और बुआ की मदद से अगवा किया था। रेहाना के पिता ने संपर्क किया तो सत्यम की मां ने भरोसा दिया कि उसे सुरक्षित घर पहुंचा दिया जाएगा लेकिन ऐसा हुआ नहीं। फिर पिता ने उनके खिलाफ दारागंज थाने में केस दर्ज कराया मगर पुलिस ने कुछ नहीं किया। वह बार-बार थाने जाकर फरियाद करते लेकिन पुलिस टरका देती। जून में पिता ने दो बार कप्तान से मिलकर गुहार लगाई तो दारागंज पुलिस को लड़की की बरामदगी का आदेश दिया गया लेकिन हैरानी की बात यह है कि अब तक पुलिस ने कार्रवाई नहीं की है।
विज्ञापन