बीएचएस से ठेकेदार के बेटे का अपहरण, भदोही में बरामद, पुलिस से घिरे अपहर्ता ने खुद को गोली मारी, मौत
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शहर के सिविल लाइंस स्थित ब्वायज हाईस्कूल एंड कॉलेज के जिम्नास्टिक हॉल से मंगलवार शाम ठेकेदार अभिषेक सिंह के छह वर्षीय बेटे रणवीर का अपहरण हो गया। अपहरण ठेकेदार के ही पूर्व ड्राइवर संजय यादव ने किया था। बच्चे के घर फोन कर तीन करोड़ की फिरौती भी मांगी गई। देर रात संजय के मोबाइल की लोकेशन भदोही के सुरियावा में मिलने पर पुलिस ने घेरेबंदी कर दी। यहां हुई मुठभेड़ में अपहर्ता के पैर में गोली लगी। इसके बाद उसने खुद की कनपटी पर गोली मार ली। अस्पताल में डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इधर, पुलिस ने बच्चे को सकुशल बरामद कर लिया।
अल्लापुर में रहने वाले अभिषेक सिंह एडीए समेत कई विभागों में ठेकेदारी करते हैं। उनका बेटा रणवीर सिंह सेंट जोसेफ कॉलेज में कक्षा एक का छात्र है। वह बीएचएस स्थित जिम्नास्टिक हॉल में शाम को जाता था। मंगलवार की शाम भी ड्राइवर वीरेंद्र कुमार ठेकेदार के बेटे रणवीर को लेकर बीएचएस पहुंचा। अंदर हॉल में छोड़ने के बाद वह चला गया। करीब सवा छह बजे हॉल में अभिषेक का पुराना ड्राइवर संजय यादव निवासी कटका झूंसी पहुंचा, जिसे कुछ महीनों पहले अभिषेक ने नौकरी से निकाल दिया था। कोच अभिलाष और रणवीर उसे अच्छी तरह जानते थे। उसने कहा कि बुधवार को रणवीर का बर्थडे है, शापिंग करानी है। इसके बाद वह लाल रंग की कार से रणवीर को लेकर चला गया। इसके कुछ देर बाद संजय ने ड्राइवर वीरेंद्र को फोन किया और कहा कि वह रणवीर को लेकर जा रहा है। शापिंग करानी है। वीरेंद्र ने घर पहुंचकर यह बात बताई तो मां अमिता भड़क गई। उसने कहा उसे जब नौकरी से निकाल दिया गया तो वह क्यों ले गया। वह पति अभिषेक के साथ बीएचएस के लिए चल दी। उसी समय अभिषेक के मोबाइल पर फोन आया कि रणवीर का अपहरण हो गया है। उसकी जान की सलामती चाहते हो तो तीन करोड़ का इंतजाम कर दो। अभिषेक के पैरों तले जमीन खिसक गई। वह पत्नी अमिता को लेकर तुरंत बीएचएस की ओर भागे।
एसपी सिटी बृजेश श्रीवास्तव समेत तमाम अधिकारी पहुंच गए। जिस मोबाइल से अभिषेक को फोन गया था, क्राइम ब्रांच को उसकी लोकेशन मिली तो टीम तुरंत निकल गई। रात में उसकी लोकेशन भदोही के सुरियावां में मिली तो क्राइम ब्रांच की टीम वहां पहुंच गई। सर्विलांस लोकेशन के आधार पर पुलिस को अपहर्ता की गाड़ी भी मिल गई। पुलिस के मुताबिक दोनों ओर से पुलिस से घिरता देखकर अपहर्ता ने फायरिंग की। जवाबी फायरिंग की गई। संजय के पैर में गोली लगी। इसके बाद अपहर्ता संजय ने खुद को कनपटी के पास गोली मार ली। कार से रणवीर सकुशल बरामद हो गया। अपहर्ता को लेकर पुलिस अस्पताल गई और बच्चे को तुरंत प्रयागराज लाया गया। मां-बाप से लिपटकर बच्चा खूब रोया।
बच्चे को सकुशल बरामद कर लिया गया है। अपहर्ता को पुलिस मुठभेड़ में पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसने खुद को गोली मार ली। -मोहित अग्रवाल, आईजी रेंज