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सार्वजनिक स्थानों पर गुटखा, तंबाकू के विज्ञापन पर रोक
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Fri, 01 Jul 2016 02:06 AM IST
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कोर्ट
- फोटो : demo
हाईकोर्ट ने सार्वजनिक स्थानों पर तंबाकू, गुटखा के विज्ञापन पर रोक लगा दी है। कहा है कि ट्रेनों और बसों पर भी ऐसे विज्ञापन न लगाए जाएं। कोर्ट ने नगर आयुक्त और एसएसपी को निर्देश दिया है कि सार्वजनिक स्थानों पर लगे गुटखा और तंबाकू उत्पाद के होर्डिंग, बैनर आदि तत्काल हटवा दिए जाएं। एसएसपी को सार्वजनिक स्थानों पर या शराब की दुकानों के बाहर बैठकर पीने वालों पर कार्रवाई करने का निर्देश दिया है। कोर्ट ने यह भी आदेश दिया है कि शिक्षण संस्थाओं, स्कूलों आदि के आसपास पांच सौ मीटर के दायरे में पान, तंबाकू, गुटखा, सिगरेट और शराब की बिक्री की अनुमति न दी जाए। इस दायरे में हाईकोर्ट और कचहरी को भी शामिल किया है।
विधि छात्र प्रणवेश की याचिका पर सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति अरुण टंडन और न्यायमूर्ति सुनीता अग्रवाल की पीठ ने प्रदेश सरकार से भी जवाब तबल किया है। याचिका में शिक्षण संस्थाओं के पास तंबाकू उत्पाद की बिक्री रोकने और इसके विज्ञापनों पर रोक लगाने की मांग की गई थी। शराब की बिक्री को भी कोर्ट ने इसी के साथ स्वत: संज्ञान लेते हुए शामिल कर लिया। पीठ ने शिक्षण संस्थानों से पांच सौ मीटर की परिधि में मौजूद शराब और तंबाकू उत्पाद की दुकानें हटाने का निर्देश दिया है।
केंद्र, राज्य सहित स्थानीय प्राधिकारियों को अगली तिथि 21 जुलाई को हलफनामा दाखिल करने का निर्देश दिया है। कोर्ट ने एसएसपी को निर्देश दिया है कि शराब की बिक्री अनुमन्य स्थानों पर ही होना सुनिश्चित किया जाए। तंबाकू उत्पादों, गुटखा की पैकिंग कानून के मुताबिक निर्धारित मानक के अनुसार ही करने तथा मानक के विपरीत पैकिंग करने वालों पर कार्रवाई का निर्देश दिया है। याचिका पर अगली सुनवाई 21 जुलाई को होगी।
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विधि छात्र प्रणवेश की याचिका पर सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति अरुण टंडन और न्यायमूर्ति सुनीता अग्रवाल की पीठ ने प्रदेश सरकार से भी जवाब तबल किया है। याचिका में शिक्षण संस्थाओं के पास तंबाकू उत्पाद की बिक्री रोकने और इसके विज्ञापनों पर रोक लगाने की मांग की गई थी। शराब की बिक्री को भी कोर्ट ने इसी के साथ स्वत: संज्ञान लेते हुए शामिल कर लिया। पीठ ने शिक्षण संस्थानों से पांच सौ मीटर की परिधि में मौजूद शराब और तंबाकू उत्पाद की दुकानें हटाने का निर्देश दिया है।
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केंद्र, राज्य सहित स्थानीय प्राधिकारियों को अगली तिथि 21 जुलाई को हलफनामा दाखिल करने का निर्देश दिया है। कोर्ट ने एसएसपी को निर्देश दिया है कि शराब की बिक्री अनुमन्य स्थानों पर ही होना सुनिश्चित किया जाए। तंबाकू उत्पादों, गुटखा की पैकिंग कानून के मुताबिक निर्धारित मानक के अनुसार ही करने तथा मानक के विपरीत पैकिंग करने वालों पर कार्रवाई का निर्देश दिया है। याचिका पर अगली सुनवाई 21 जुलाई को होगी।
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