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करेली बूथ पर बमकांड का खुलासा : मतदान के समय दहशत फैलाने के लिए की गई थी बमबाजी

Wed, 09 Mar 2022 08:03 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Wed, 09 Mar 2022 08:03 PM IST
सार

गौस नगर में मतदान के दिन लेखपाल ट्रेनिंग सेंटर मतदान स्थल के बाहर कोरांव के अर्जुन कोल की बम से हत्या कर दी गई थी। घटना के बाद पुलिस ने बताया कि अर्जुन अपने झोले में बम लेकर जा रहा था। वह साइकिल से गिर गया तो बम फटने से उसकी मौत हो गई।

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Bombing exposed at Kareli booth: Bombing was done to spread panic at the time of voting
सांकेतिक तस्वीर। - फोटो : Social Media

विस्तार

करेली में गौस नगर में 27 फरवरी को लेखपाल ट्रेनिंग सेंटर स्थित मतदान स्थल के बाहर अर्जुन कोल की बम मारकर हत्या के मामले में पुलिस ने बुधवार को तीन लोगों को गिरफ्तार कर लिया। बमबाजी का मकसद मतदान के समय दहशत फैलाना था। इस मामले में छह अन्य आरोपियों को भी नामजद किया गया। षड्यंत्र का पूरा पर्दाफाश उनके पकड़े जाने के बाद ही होगा कि आखिर वे किस कारण से दहशत फैलाना चाह रहे थे। उनके राजनीतिक कनेक्शन का भी पता लगाया जा रहा है।

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गौस नगर में मतदान के दिन लेखपाल ट्रेनिंग सेंटर मतदान स्थल के बाहर कोरांव के अर्जुन कोल की बम से हत्या कर दी गई थी। घटना के बाद पुलिस ने बताया कि अर्जुन अपने झोले में बम लेकर जा रहा था। वह साइकिल से गिर गया तो बम फटने से उसकी मौत हो गई। लेकिन उसी साइकिल पर पीछे बैठे अर्जुन के चचेरे भाई संजय ने इस बात से इनकार कर बताया था कि किसी ने बम मारा है।

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अर्जुन के पास नहीं था कोई झोला

बाद में जांच के दौरान सीसीटीवी फुटेज से पता चला कि अर्जुन के पास कोई झोला नहीं था। पुलिस की थ्योरी पलटी तो जांच शुरू हुई। कुछ लोगों ने मौका ए वारदात का वीडियो भी बनाया था। पुलिस को वीडियो मिला तो एक नाम सामने आ गया। इसी के बाद खोजबीन शुरू हुई। बुधवार को एसओ करेली अनुराग शर्मा और एसओजी टीम ने गौस नगर के हसन, मस्तान मार्केट के मोइनुद्दीन उर्फ मुन्ना, और आसिफ उर्फ इन्ने को गिरफ्तार कर लिया गया गया।




अधिकारियों ने तीनों से लंबी पूछताछ की। पता चला कि इस पूरे कांड में नौ लोग शामिल थे। इनका मकसद मतदान के दिन दहशत फैलाकर चुनाव प्रक्रिया को प्रभावित करना था। उनके कॉल डीटेल्स की जांच की जा रही है। राजनीतिक कनेक्शन का भी पता लगाया जा रहा है। एसएसपी अजय कुमार ने बताया कि पुलिस ब्लाइंड मर्डर का खुलासा कर सराहनीय काम किया है। बाकी बचे छह आरोपियों की तलाश में लगातार दबिश दी जा रही है। उनके पकड़े जाने के बाद कुछ और खुलासे होंगे। 

हसन की बमबाजी से गई थी अर्जुन की जान 
लेखपाल ट्रेनिंग सेंटर स्थित मतदान स्थल के बाहर बमबाजी कर दहशत फैलाने के लिए पहला बम मोइनुद्दीन उर्फ मुन्ना ने फेंका था लेकिन वह एक पेड़ की झाड़ियों से टकराकर वहीं गिर गया। बम फटा नहीं तो दूसरा बम हसन ने फेंका। उसने साइकिल से जा रहे अर्जुन और संजय पर निशाना साधते हुए बम फेंका। बम सीधे अर्जुन को लगा और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। बुधवार को घटना के खुलासे के बाद बीडीडीएस टीम ने मौके वह बम बरामद कर निष्क्रिय किया जो उस दिन फटा नहीं था। 
 


टीम को 25 हजार का पुरस्कार 
एसएसपी ने खुलासा करने वाली टीम को 25 हजार रुपये इनाम की घोषणा की है। दरोगा वैभव सिंह, एसओ अनुराग शर्मा, राज बहादुर, रवि कटियार और आशीष कुमार समेत कई सिपाहियों ने खुलासे में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। 

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