UPPSC : पीसीएस इंटरव्यू में पूछा- हिंडनबर्ड रिपोर्ट क्या है, इसका यह नाम क्यों पड़ा, कहां से लिया गया
पीसीएस-2022 के इंटरव्यू के दौरान बृहस्पतिवार को एक अभ्यर्थी से सवाल किया गया कि पीसीएस मुख्य परीक्षा के पैटर्न में जो बदलाव किया गया है, वह सही है या गलत? क्या आप इसके पक्षधर हैं?
विस्तार
पीसीएस-2022 के इंटरव्यू के दौरान बृहस्पतिवार को एक अभ्यर्थी से सवाल किया गया कि पीसीएस मुख्य परीक्षा के पैटर्न में जो बदलाव किया गया है, वह सही है या गलत? क्या आप इसके पक्षधर हैं? अभ्यर्थी के लिए इस सवाल का जवाब देना आसान नहीं था, क्योंकि बदलाव करने वाले उसके सामने ही बैठे थे।
ऐसे ही अन्य अभ्यर्थियों से भी कई घुमावदार सवाल पूछे गए। एक अभ्यर्थी से प्रश्न किया गया कि आप एसडीएम हैं और एक कमरे में बैठकर जननुवाई कर रहीं हैं। तभी अचानक सूचना मिलती है कि भूकंप आने की संभावना है। आपकी पहली प्रतिक्रिया क्या होगी? एक अभ्यर्थी से सवाल किया गया, ‘एक ही वक्त दो देशों में भूकंप आया, लेकिन भारत ‘ऑपरेशन दोस्ती’ के तहत सिर्फ तुर्किये की मदद क्यों कर रहा है, जबकि वह भारत की आलोचना करता रहता है?’
एक महिला अभ्यर्थी से पूछा गया कि बंगाल के विभाजन को सांप्रदायिकता से जोड़कर कैसे देखती हैं। अगर वर्तमान में यह विभाजन होता तो एक एसडीएम के तौर पर इसे कैसे देखतीं? इंटरव्यू में शामिल हुए ज्यादातर अभ्यर्थियों ने बताया कि अलग-अलग परिस्थितियों को लेकर उनका नजिरया क्या है, इसे परखने के लिए इंटरव्यू के सदस्यों ने काफी सवाल किए।
(एक्सपर्ट कमेंट: केपी द्विवेदी)
सवाल: पीसीएस मुख्य परीक्षा से वैकल्पिक विषय हटाया जाना सही या गलत
जवाब: जो पिछले कई वर्षों से तैयारी कर रहे हैं, उनके लिए यह उचित नहीं है। जो नए अभ्यर्थी हैं, उनके लिए तैयारी आसान होगी। अब आईएएस और पीसीएस की तैयारी अलग-अलग करनी होगी। ज्यादातर अभ्यर्थी पहले आईएएस की परीक्षा देते हैं और चयन न होने के बाद पीसीएस की परीक्षा देते हैं। ऐसे अभ्यर्थियों को बाद में अलग से तैयारी करनी होगी।
सवाल: आप एसडीएम हैं। आपकी मातहत महिला स्टेनो को डीएम अपने कार्यालय में बुलाना चाहते हैं, लेकिन वह सुरक्षा कारणों से नहीं जाना चाहती। आप क्या करेंगे?
जवाब: डीएम अगर बुलाना चाहते हैं और महिला स्टेनों वहां नहीं जाना चाहती तो पहले इसके पीछे के कारणों को जानना होगा। इसके बाद उसे सलाह देंगे कि उसे अपनी बात डीएम के समक्ष रखनी है या डीएम से ऊपर के अधिकारियों के पास जाकर निवेदन करना है।
सवाल: भारत के छोटे पड़ोसी देशा को लगता है कि भारत उनके साथ दादागीरी कर रहा है। आप क्या सोचते हैं?जवाब: भारत की विदेश नीति को दादागीरी के रूप में नहीं देखना चाहिए। भारत अपने हित में जो ठीक लगेगा, वह करेगा। यह जरूरी नहीं कि भारत का हित दूसरे देशों के हित के अनुकूल हो।