फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   Allahabad Lok Sabha: Ujjwal will contest in the name of health, education, employment

इलाहाबाद लोकसभा : स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगार के नाम पर मैदान में उतरेंगे उज्ज्वल, यमुनापार में है मजबूत पकड़

Mon, 15 Apr 2024 05:45 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Mon, 15 Apr 2024 05:45 PM IST
सार

उज्ज्वल रमण सिंह वर्ष 2004 के उपचुनाव और वर्ष 2017 के चुनाव में विधायक निर्वाचित हुए थे। वहीं, उनके पिता रेवती रमण सिंह आठ बार विधायक, दो बार लोकसभा सदस्य और एक बार राज्यसभा सदस्य रह चुके हैं। इलाहाबाद संसदीय सीट में पांच विधानसभा क्षेत्र हैं, जिनमें से एक शहर दक्षिणी है और बाकी चार यमुनापार के मेजा, कोरांव, बारा और करछना विधानसभा क्षेत्र हैं।

विज्ञापन
Allahabad Lok Sabha: Ujjwal will contest in the name of health, education, employment
उज्ज्वल रमण सिंह। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

लोकसभा चुनाव-2024 के लिए इलाहाबाद से कांग्रेस के प्रत्याशी घोषित किए गए उज्ज्वल रमण सिंह स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगार के नाम पर मैदान में उतर जा रहे हैं। सियासी घराने और पिता कुंवर रेवती रमण सिंह के राजनैतिक अनुभव ने उन्हें दो बार विधानसभा तक पहुंचाया। उज्जवल के मैदान में उतरने से चुनावी पारा चढ़ गया है और राजनैतिक जानकार मानकर चल रहे हैं कि इस बार टक्कर कांटे की होगी।

विज्ञापन

उज्ज्वल रमण सिंह वर्ष 2004 के उपचुनाव और वर्ष 2017 के चुनाव में विधायक निर्वाचित हुए थे। वहीं, उनके पिता रेवती रमण सिंह आठ बार विधायक, दो बार लोकसभा सदस्य और एक बार राज्यसभा सदस्य रह चुके हैं। इलाहाबाद संसदीय सीट में पांच विधानसभा क्षेत्र हैं, जिनमें से एक शहर दक्षिणी है और बाकी चार यमुनापार के मेजा, कोरांव, बारा और करछना विधानसभा क्षेत्र हैं।

विज्ञापन


यमुनापार में रेवती रमण की पकड़ मजबूत मानी जाती है। वहीं, इस बार कांग्रेस से लोकसभा चुनाव लड़ने जा रहे उज्ज्वल रमण सिंह भी करछना से सपा के टिकट पर दो बार विधायक निर्वाचन होकर स्थानीय जनता के बीच पकड़ बना चुके हैं। इस पकड़ का ही नतीजा है कि रेवती रमण सिंह के प्रयास से इलाहाबाद के यमुनापार में मेजा और बारा पावर प्रोजेक्ट की स्थापना की जा सकी और प्रयागराज को प्रो. राजेंद्र सिंह (रज्जू भइया) राज्य विश्वविद्यालय की सौगात मिली।

विज्ञापन
विज्ञापन

रेवती रमण सिंह के सांसद रहते स्वरूप रानी नेहरू अस्पताल को ट्रामा सेंटर के लिए 150 करोड़ रुपये मिले थे। तब केंद्र में कांग्रेस की सरकार थी और गुलाम नबी आजाद स्वास्थ्य मंत्री थे। केंद्र ने 125 करोड़ और प्रदेश की अखिलेश सरकार ने 25 करोड़ रुपये दिए थे। चुनाव प्रचार के दौरान पूर्व में किए गए विकास कार्य ही कांग्रेस का मुख्य हथियार होंगे।
 

उज्ज्वल रमण सिंह का कहना है कि नैनी में इंटीग्रेटेड टाउनशिप भी उन्हीं की देन है। स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगार के क्षेत्र में जो काम उन्होंने किया, वह भाजपा की डबल इंजन की सरकार नहीं कर सकी। सरकार बताए कि पिछले दस वर्षों में यमुनपार के लोगों को क्या दिया। कांग्रेस विकास के मुद्दे पर चुनाव लड़ रही है। जनता का भरोसा उनके साथ है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed