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डॉ. बंसल की गिरफ्तारी का आदेश
Allahabad
Updated Tue, 25 Nov 2014 05:30 AM IST
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इलाहाबाद। हत्या के मुकदमे में गवाही देने से बच रहे शहर के मशहूर चिकित्सक डॉ. एके बंसल की गिरफ्तारी का अदालत ने आदेश जारी कर दिया है। एसएसपी इलाहाबाद से कहा है कि विशेष अधिकारी नियुक्ति कर डॉ. बंसल की गिरफ्तारी सुनिश्चित कराएं और उनको तीन दिसंबर को सुबह दस बजे अदालत में हाजिर करें। नैनी थाने में सरकार बनाम धनराज के मुकदमे की सुनवाई करते हुए अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश मलखान सिंह ने यह आदेश दिया है।
पत्रावली देखने के बाद अदालत ने पाया कि डॉ. बंसल और डॉ. एके जायसवाल को इस मुकदमे में बतौर गवाह 27 मई 2014 से बुलाया जा रहा है। 18 नवंबर को गिरफ्तारी जमानती वारंट जारी किया गया। इसके अलावा दोनों को समन भेजकर कई बार तलब किया गया है। 13 नवंबर को डॉ. बसंल को 20 हजार रुपये का जमानती वारंट भी जारी किया गया था। इस सब के बावजूद डॉ. बंसल गवाही के लिए अदालत नहीं गए। उन्होंने पत्र भेजकर न्यायालय से इस मामले में बताया कि डॉ. एके जायसवाल अब उनके यहां कार्यरत नहीं है। डॉ. एके दुबे उनके स्थान पर काम करते हैं इसलिए डॉ. दुबे की गवाही कराने की मांग की गई। कोर्ट ने इसे न्यायालय की अवमानना का मानते हुए एसएसपी को निर्देश दिया है कि डॉ. बंसल और उनके साथ ही सेवानिवृत्त उपनिरीक्षक रामराज को गिरफ्तार कर अदालत में हाजिर किया जाए।
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पत्रावली देखने के बाद अदालत ने पाया कि डॉ. बंसल और डॉ. एके जायसवाल को इस मुकदमे में बतौर गवाह 27 मई 2014 से बुलाया जा रहा है। 18 नवंबर को गिरफ्तारी जमानती वारंट जारी किया गया। इसके अलावा दोनों को समन भेजकर कई बार तलब किया गया है। 13 नवंबर को डॉ. बसंल को 20 हजार रुपये का जमानती वारंट भी जारी किया गया था। इस सब के बावजूद डॉ. बंसल गवाही के लिए अदालत नहीं गए। उन्होंने पत्र भेजकर न्यायालय से इस मामले में बताया कि डॉ. एके जायसवाल अब उनके यहां कार्यरत नहीं है। डॉ. एके दुबे उनके स्थान पर काम करते हैं इसलिए डॉ. दुबे की गवाही कराने की मांग की गई। कोर्ट ने इसे न्यायालय की अवमानना का मानते हुए एसएसपी को निर्देश दिया है कि डॉ. बंसल और उनके साथ ही सेवानिवृत्त उपनिरीक्षक रामराज को गिरफ्तार कर अदालत में हाजिर किया जाए।
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