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कोटेदारों-अफसरो में बढ़ा टकराव
Updated Thu, 06 Sep 2018 02:32 AM IST
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गोदाम पर कोटेदारों का कब्जा, नहीं उठा राशन
0 अफसरों के खिलाफ कार्रवाई की मांग, सुभाष चौराहा पर प्रदर्शन
0 गोदाम से घटतौली पर लगाम तथा नियमों को लागू करने की मांग
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद। राशन घोटाला मामले में कोटेदारों और आपूर्ति विभाग के अफसरों के खिलाफ टकराव बढ़ गया है। इस लड़ाई में कार्डधारक राशन से भी वंचित हो गए हैं। एकतरफा कार्रवाई से नाराज कोटेदारों ने बुधवार को अलोपीबाग स्थित गोदाम पर कब्जा जमा लिया और राशन नहीं उठने दिया। अफसरों के खिलाफ कार्रवाई तथा गोदाम से सही वजन में खाद्यान्न उपलब्ध कराने की मांग को लेकर उन्होंने सुभाष चौराहा पर धरना भी दिया।
उत्तर प्रदेश उचित दर विक्रेता परिषद के बैनर तले सैकड़ों कोटेदारों का सुभाष चौराहा पर जमावड़ा हुआ। उनका कहना था कि राशन वितरण में गड़बड़ी अफसरों की मिलीभगत के बिना संभव नहीं है। इसलिए कोटेदारों पर एकतरफा कार्रवाई गलत है। वे कोटेदारों पर से एफआईआर वापस लेने की मांग कर रहे थे। इसके अलावा उनका यह भी कहना था कि गोदाम से 48 किलो ही खाद्यान्न मिलता है, जबकि कागज पर 52 किलो दर्ज कराया जाता है। खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत गोदाम से दुकान तक खाद्यान्न पहुंचाने की जिम्मेदारी विभाग की है लेकिन इसका किराया भी कोटेदारों से लिया जाता है। कोटेदार खाद्यान्न सुरक्षा अधिनियम के अन्य प्रावधान लागू किए जाने की भी मांग कर रहे थे। कोटेदारों को प्रति क्ंिवटल 200 रुपये लाभांश देने, घोटाले की सीबीआई जांच कराने आदि मांगों को लेकर प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
धरना-प्रदर्शन के दौरान ही उन्हें अलोपीबाग गोदाम से खाद्यान्न उठाने की सूचना मिली, जिसके बाद वे वहां पहुंच गए। उन्होंने खाद्यान्न उठाने का विरोध किया। उनका कहना था कि जब तक उनकी मांग मान नहीं ली जाती वे न तो खाद्यान्न उठाएंगे और न ही किसी और को उठाने देंगे। टकराव बढ़ने पर पुलिस बुला ली गई लेकिन कोटेदार पीछे नहीं हटे। इसकी वजह गोदाम से राशन नहीं निकल पाया। कोटेदारों ने बृहस्पतिवार को भी गोदाम पर दिन भी धरना देने की घोषणा की।
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प्रशासन भी सख्त, होगी एफआईआर
0 आंदोलनरत कोटेदारों के खिलाफ प्रशासन ने सख्त रुख अख्तियार किया है। हंगामे की वीडियोग्राफी कराई गई है। इसमें शामिल लोगों के खिलाफ एफआईआर लिखाने की भी तैयारी है। एडीएम नागरिक आपूर्ति अमर पाल सिंह का कहना है कि 33 दुकानों से ज्यादा फर्जीवाड़ा हुआ है। संबंधित कोटेदारों के खिलाफ एफआईआर लिखाई गई है। अन्य दुकानदारों को राशन वितरण का निर्देश दिया गया है लेकिन कई कोटेदार विरोध कर रहे हैं। हंगामा करने वालों की वीडियोग्राफी कराई गई है। उनके खिलाफ एफआईआर लिखाकर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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33 दुकानों का लाइसेंस भी निरस्त
0 शहरी क्षेत्र में राशन की 33 दुकानों पर ज्यादा फर्जीवाड़ा हुआ है। कोटेदारों के खिलाफ एफआईआर लिखाने के साथ इन दुकानों का लाइसेंस भी निरस्त कर दिया गया है। एडीएम नागरिक आपूर्ति ने बताया कि संबंधित कार्डधारकों को दूसरी दुकानों से संबद्ध कर दिया गया है।
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0 अफसरों के खिलाफ कार्रवाई की मांग, सुभाष चौराहा पर प्रदर्शन
0 गोदाम से घटतौली पर लगाम तथा नियमों को लागू करने की मांग
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद। राशन घोटाला मामले में कोटेदारों और आपूर्ति विभाग के अफसरों के खिलाफ टकराव बढ़ गया है। इस लड़ाई में कार्डधारक राशन से भी वंचित हो गए हैं। एकतरफा कार्रवाई से नाराज कोटेदारों ने बुधवार को अलोपीबाग स्थित गोदाम पर कब्जा जमा लिया और राशन नहीं उठने दिया। अफसरों के खिलाफ कार्रवाई तथा गोदाम से सही वजन में खाद्यान्न उपलब्ध कराने की मांग को लेकर उन्होंने सुभाष चौराहा पर धरना भी दिया।
उत्तर प्रदेश उचित दर विक्रेता परिषद के बैनर तले सैकड़ों कोटेदारों का सुभाष चौराहा पर जमावड़ा हुआ। उनका कहना था कि राशन वितरण में गड़बड़ी अफसरों की मिलीभगत के बिना संभव नहीं है। इसलिए कोटेदारों पर एकतरफा कार्रवाई गलत है। वे कोटेदारों पर से एफआईआर वापस लेने की मांग कर रहे थे। इसके अलावा उनका यह भी कहना था कि गोदाम से 48 किलो ही खाद्यान्न मिलता है, जबकि कागज पर 52 किलो दर्ज कराया जाता है। खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत गोदाम से दुकान तक खाद्यान्न पहुंचाने की जिम्मेदारी विभाग की है लेकिन इसका किराया भी कोटेदारों से लिया जाता है। कोटेदार खाद्यान्न सुरक्षा अधिनियम के अन्य प्रावधान लागू किए जाने की भी मांग कर रहे थे। कोटेदारों को प्रति क्ंिवटल 200 रुपये लाभांश देने, घोटाले की सीबीआई जांच कराने आदि मांगों को लेकर प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
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धरना-प्रदर्शन के दौरान ही उन्हें अलोपीबाग गोदाम से खाद्यान्न उठाने की सूचना मिली, जिसके बाद वे वहां पहुंच गए। उन्होंने खाद्यान्न उठाने का विरोध किया। उनका कहना था कि जब तक उनकी मांग मान नहीं ली जाती वे न तो खाद्यान्न उठाएंगे और न ही किसी और को उठाने देंगे। टकराव बढ़ने पर पुलिस बुला ली गई लेकिन कोटेदार पीछे नहीं हटे। इसकी वजह गोदाम से राशन नहीं निकल पाया। कोटेदारों ने बृहस्पतिवार को भी गोदाम पर दिन भी धरना देने की घोषणा की।
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प्रशासन भी सख्त, होगी एफआईआर
0 आंदोलनरत कोटेदारों के खिलाफ प्रशासन ने सख्त रुख अख्तियार किया है। हंगामे की वीडियोग्राफी कराई गई है। इसमें शामिल लोगों के खिलाफ एफआईआर लिखाने की भी तैयारी है। एडीएम नागरिक आपूर्ति अमर पाल सिंह का कहना है कि 33 दुकानों से ज्यादा फर्जीवाड़ा हुआ है। संबंधित कोटेदारों के खिलाफ एफआईआर लिखाई गई है। अन्य दुकानदारों को राशन वितरण का निर्देश दिया गया है लेकिन कई कोटेदार विरोध कर रहे हैं। हंगामा करने वालों की वीडियोग्राफी कराई गई है। उनके खिलाफ एफआईआर लिखाकर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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33 दुकानों का लाइसेंस भी निरस्त
0 शहरी क्षेत्र में राशन की 33 दुकानों पर ज्यादा फर्जीवाड़ा हुआ है। कोटेदारों के खिलाफ एफआईआर लिखाने के साथ इन दुकानों का लाइसेंस भी निरस्त कर दिया गया है। एडीएम नागरिक आपूर्ति ने बताया कि संबंधित कार्डधारकों को दूसरी दुकानों से संबद्ध कर दिया गया है।