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आरओ/एआरओ की साढ़े तीन लाख कॉपियों की होनी है स्कैनिंग
Updated Mon, 20 Aug 2018 01:08 AM IST
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आरओ-एआरओ परीक्षा परिणाम के लिए लंबा हुआ इंतजार
0 चार माह पहले हुई थी परीक्षा, अब तक जारी नहीं हुई उत्तरकुंजी
0 साढ़े तीन लाख कॉपियों की होनी है स्कैनिंग, फिर आएगा रिजल्ट
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद। साढ़े तीन लाख अभ्यर्थियों को चार माह से अधिक समय से समीक्षा अधिकारी (आरओ)/सहायक समीक्षा अधिकारी (एआरओ) प्रारंभिक परीक्षा-2017 के परिणाम का इंतजार है। रिजल्ट तो दूर, उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) अब तक उत्तरकुंजी भी जारी नहीं कर सका। परिणाम से पहले साढ़े तीन लाख कॉपियों की स्कैनिंग होनी है। इस काम में भी समय लगेगा। ऐेसे में रिजल्ट का इंतजार लंबा हो सकता है।
आरओ/एआरओ प्रारंभिक परीक्षा-2017 इस साल आठ अप्रैल को हुई थी। 465 पदों के लिए यह परीक्षा 21 जिलों के 1146 केंद्र में आयोजित की गई थी। परीक्षा के लिए पांच लाख 33 हजार 447 अभ्यर्थियों ने आवेदन किए थे और इनमें से तीन लाख 40 हजार 121 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए थे। पिछली बार के मुकाबले इस बार परीक्षा में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों की संख्या एक लाख 30 हजार बढ़ गई थी। इसी वजह से आयोग को 319 अतिरिक्त परीक्षा केंद्र बनाने पड़े थे। प्रारंभिक परीक्षा का परिणाम जारी करने से पूर्व उत्तरकुंजी जारी की जाती है और सवालों पर आपत्तियां ली जाती हैं।
आपत्तियों के आधार पर उत्तरकुंजी में संशोधन होता है। इसके बाद कॉपियों की स्कैनिंग होती है और इसी आधार पर कॉपियां जांची जाती हैं। आयोग अब तक इस परीक्षा की उत्तरकुंजी जारी नहीं कर सका है। इस बार परीक्षार्थियों की संख्या भी अधिकारी है। आयोग को तीन लाख 40 हजार 121 कॉपियों की स्कैनिंग करनी है। उत्तरकुंजी जारी करने के बाद आपत्तियों के आधार पर संशोधन और कॉपियों की स्कैनिंग में समय लगेगा। ऐसे में आरओ/एआरओ प्रारंभिक परीक्षा के परिणाम के लिए अभ्यर्थियों को इंतजार करना पड़ सकता है।
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0 चार माह पहले हुई थी परीक्षा, अब तक जारी नहीं हुई उत्तरकुंजी
0 साढ़े तीन लाख कॉपियों की होनी है स्कैनिंग, फिर आएगा रिजल्ट
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद। साढ़े तीन लाख अभ्यर्थियों को चार माह से अधिक समय से समीक्षा अधिकारी (आरओ)/सहायक समीक्षा अधिकारी (एआरओ) प्रारंभिक परीक्षा-2017 के परिणाम का इंतजार है। रिजल्ट तो दूर, उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) अब तक उत्तरकुंजी भी जारी नहीं कर सका। परिणाम से पहले साढ़े तीन लाख कॉपियों की स्कैनिंग होनी है। इस काम में भी समय लगेगा। ऐेसे में रिजल्ट का इंतजार लंबा हो सकता है।
आरओ/एआरओ प्रारंभिक परीक्षा-2017 इस साल आठ अप्रैल को हुई थी। 465 पदों के लिए यह परीक्षा 21 जिलों के 1146 केंद्र में आयोजित की गई थी। परीक्षा के लिए पांच लाख 33 हजार 447 अभ्यर्थियों ने आवेदन किए थे और इनमें से तीन लाख 40 हजार 121 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए थे। पिछली बार के मुकाबले इस बार परीक्षा में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों की संख्या एक लाख 30 हजार बढ़ गई थी। इसी वजह से आयोग को 319 अतिरिक्त परीक्षा केंद्र बनाने पड़े थे। प्रारंभिक परीक्षा का परिणाम जारी करने से पूर्व उत्तरकुंजी जारी की जाती है और सवालों पर आपत्तियां ली जाती हैं।
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आपत्तियों के आधार पर उत्तरकुंजी में संशोधन होता है। इसके बाद कॉपियों की स्कैनिंग होती है और इसी आधार पर कॉपियां जांची जाती हैं। आयोग अब तक इस परीक्षा की उत्तरकुंजी जारी नहीं कर सका है। इस बार परीक्षार्थियों की संख्या भी अधिकारी है। आयोग को तीन लाख 40 हजार 121 कॉपियों की स्कैनिंग करनी है। उत्तरकुंजी जारी करने के बाद आपत्तियों के आधार पर संशोधन और कॉपियों की स्कैनिंग में समय लगेगा। ऐसे में आरओ/एआरओ प्रारंभिक परीक्षा के परिणाम के लिए अभ्यर्थियों को इंतजार करना पड़ सकता है।
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