फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   सिंचाई मंत्री धर्मपाल सिंह की कार सीज, ड्राइवर पर रिपोर्ट

सिंचाई मंत्री धर्मपाल सिंह की कार सीज, ड्राइवर पर रिपोर्ट

Sat, 02 Mar 2019 01:11 AM IST
pawan chandra पवन चंद्रा
Updated Sat, 02 Mar 2019 01:11 AM IST
विज्ञापन
सिंचाई मंत्री धर्मपाल सिंह की कार सीज, ड्राइवर पर रिपोर्ट
मीरगंज/बरेली। सूबे के सिंचाई मंत्री धर्मपाल सिंह की कार शुक्रवार को पुलिस ने सीज कर दी। नशे में धुत सिंचाई मंत्री का ड्राइवर दोनों टायर पंक्चर होने के बावजूद कार को अंधाधुंध रफ्तार से हाईवे पर दौड़ा रहा था। फतेहगंज पश्चिमी टोल प्लाजा के स्टाफ को मंत्री का नाम लेकर धमकाने के बाद वह बगैर टोल दिए आगे निकला तो पुलिस ने भाखड़ा पुल से आगे उसे रोक लिया। ड्राइवर के पास न ड्राइविंग लाइसेंस निकला न आरसी तो पुलिस ने कार को सीज कर दिया। मेडिकल कराकर ड्राइवर पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई लेकिन बाद में जमानत पर थाने से ही छोड़ दिया गया।
विज्ञापन

बृहस्पतिवार रात 11.30 बजे पुलिस कंट्रोल रूम से मेसेज पास हुआ कि शराब के नशे में धुत एक ड्राइवर दोनों टायर पंक्चर होने के बावजूद दिल्ली हाईवे पर कार दौड़ा रहा है। भाजपा का झंडा लगी इस कार का नंबर यूपी 25-बीए- 7747 बताया गया। हादसे की आशंका से पुलिस कार रोकने निकली लेकिन तब तक कार फतेहगंज पश्चिमी टोल प्लाजा से आगे भाखड़ा पुल तक पहुंच गई। इसके बाद इंस्पेक्टर फतेहगंज पश्चिमी राजकुमार तिवारी और इंस्पेक्टर मीरगंज राजवीर सिंह ने फोर्स के साथ भाखड़ा पुल के पास घेराबंदी कर कार को रोक लिया। ड्राइवर महिपाल को उतारा गया तो उसने बताया कि कार प्रदेश के सिंचाई मंत्री धर्मपाल सिंह की है। ड्राइवर ने बताया कि वह धर्मपाल सिंह के बेटे प्रशांत को बरेली छोड़कर मीरगंज-समसपुर-बाबा कैलाशगिरि मढ़ी घाट के रास्ते अलीगंज लौट रहा था।
विज्ञापन

सिंचाई मंत्री के ही गांव गुलड़िया गौरीशंकर के रहने वाले ड्राइवर को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। एनएचएआई स्टाफ ने कार को क्रेन से खिंचवाकर अनुबिस पुलिस चौकी पर खड़ा कर दिया। ड्राइवर न कार का रजिस्ट्रेशन दिखा सका न अपना ड्राइविंग लाइसेंस। इस पर पुलिस ने कार सीज कर दी। ड्राइवर का मेडिकल कराया गया, जिसमें एल्कोहल की पुष्टि हुई। मीरगंज पुलिस ने उस पर एमवी एक्ट की धारा 207 के तहत रिपोर्ट दर्ज कर ली, लेकिन फिर थाने से ही जमानत पर रिहा कर दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन

अफसरों से निर्देश लेते रहे सीओ
मामला कैबिनेट मंत्री से जुड़ा होने की वजह से दोनों थानों के थाना प्रभारियों ने खुद कोई कार्रवाई करने के बजाय सीओ मीरगंज आलोक अग्रहरि को घटनाक्रम की जानकारी दी। सीओ ने एसपी देहात डॉ. संसार सिंह को मामला बताया। उच्चाधिकारियों से निर्देश मिलने के बाद ही पुलिस ने सिंचाई मंत्री की कार सीज की। कैबिनेट मंत्री धर्मपाल सिंह से इस मामले पर बात करने की कोशिश की तो उनके मोबाइल पर बात नहीं हो सकी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed