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छह टीजीटी-दो पीजीटी विषयों के 341 पदों का विज्ञापन निरस्त -Cordination
Updated Fri, 13 Jul 2018 01:48 AM IST
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छह टीजीटी-दो पीजीटी विषयों
के 341 पदों का विज्ञापन निरस्त
उ.प्र. मा. शिक्षा सेवा चयन बोर्ड ने 2016 में विज्ञापित आठ विषयों के विज्ञापन वापस लिए
69328 अभ्यर्थियों ने किया था आवेदन, 27, 28 एवं 29 सितंबर को प्रस्तावित परीक्षा स्थगित
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड ने 2016 में विज्ञापित टीजीटी के छह और पीजीटी (प्रवक्ता) के दो विषयों के विज्ञापन निरस्त कर दिए हैं। इन विषयों के अंतर्गत 341 पदों पर नियुक्ति होनी थी। इनके लिए 69328 अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था। हालांकि, अभ्यर्थियों को उनकी योग्यता के अनुरूप दोबारा आवेदन का मौका दिया जाएगा। इसी क्रम में बोर्ड ने संबंधित आठ विषयों को चयन सूची से भी बाहर कर दिया है। विज्ञापन निरस्त करने के बाद बोर्ड की ओर से 27, 28 एवं 29 सितंबर को प्रस्तावित टीजीटी-पीजीटी परीक्षा भी स्थगित कर दी गई है।
बृहस्पतिवार को पत्रकार वार्ता में चयन बोर्ड के सचिव दिव्यकांत शुक्ला ने बताया कि 2016 में निकाले गए विज्ञापन में टीजीटी जीवविज्ञान के 304 पद, संगीत के 22, काष्ठ शिल्प के दो, पुस्तक कला के आठ, टंकण का एक और आशुलिपिक का एक पद शामिल किया गया था। वहीं पीजीटी (प्रवक्ता) के दो विषयों में वनस्पति विज्ञान के दो और संगीत के एक पद को शामिल किया गया था। इन आठ विषयों के अंतर्गत 341 पदों के लिए जारी विज्ञापन निरस्त कर दिया गया है। बताया कि यूपी बोर्ड की सचिव नीना श्रीवास्तव ने नौ जुलाई 2018 को अपने पत्र में सूचित किया था कि हाईस्कूल स्तर पर काष्ठ शिल्प, पुस्तक कला, टंकण, आशुलिपि टंकण एवं जीव विज्ञान विषय यूपी बोर्ड की पाठ्यचर्या में शामिल नहीं हैं। वहीं इंटरमीडिएट स्तर पर वनस्पति विज्ञान नाम का कोई विषय नहीं है। यूपी बोर्ड ने स्पष्ट किया कि हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट स्तर पर संगीत नाम का भी कोई विषय नहीं है। ऐसे में इन पदों पर बोर्ड की ओर से लगातार हो रहे चयन ठीक नहीं हैं। दिव्यकांत ने बताया कि यूपी बोर्ड सचिव के पत्र का संज्ञान लेते हुए चयन बोर्ड ने गलती सुधारते के लिए इन पदों का विज्ञापन निरस्त कर दिया है।
2011 टीजीटी जीवविज्ञान के बारे में लेंगे विधिक राय
सचिव दिव्यकांत शुक्ल ने बताया कि 2011 एवं 2013 में टीजीटी जीव विज्ञान के लिए विज्ञापन जारी किया गया था। 2013 में विज्ञापित टीजीटी जीवविज्ञान के 187 पदों का चयन पूरा करके अभ्यर्थियों को ज्वाइनिंग के लिए संबंधित स्कूलों में भेज दिया गया है। अब इन पदों पर रोक लगाना संभव नहीं होगा। 2011 में टीजीटी जीवविज्ञान के 65 पदों के लिए परीक्षा हो चुकी है, हालांकि अभी इसका परिणाम घोषित नहीं हुआ है। चयन बोर्ड इस मामले में विधिक राय लेगा। 2011 में पीजीटी वनस्पति विज्ञान के दो पदों के लिए लिखित परीक्षा के बाद इंटरव्यू पूरा कर लिया गया है। इसका परिणाम घोषित नहीं किया गया है।
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के 341 पदों का विज्ञापन निरस्त
उ.प्र. मा. शिक्षा सेवा चयन बोर्ड ने 2016 में विज्ञापित आठ विषयों के विज्ञापन वापस लिए
69328 अभ्यर्थियों ने किया था आवेदन, 27, 28 एवं 29 सितंबर को प्रस्तावित परीक्षा स्थगित
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड ने 2016 में विज्ञापित टीजीटी के छह और पीजीटी (प्रवक्ता) के दो विषयों के विज्ञापन निरस्त कर दिए हैं। इन विषयों के अंतर्गत 341 पदों पर नियुक्ति होनी थी। इनके लिए 69328 अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था। हालांकि, अभ्यर्थियों को उनकी योग्यता के अनुरूप दोबारा आवेदन का मौका दिया जाएगा। इसी क्रम में बोर्ड ने संबंधित आठ विषयों को चयन सूची से भी बाहर कर दिया है। विज्ञापन निरस्त करने के बाद बोर्ड की ओर से 27, 28 एवं 29 सितंबर को प्रस्तावित टीजीटी-पीजीटी परीक्षा भी स्थगित कर दी गई है।
बृहस्पतिवार को पत्रकार वार्ता में चयन बोर्ड के सचिव दिव्यकांत शुक्ला ने बताया कि 2016 में निकाले गए विज्ञापन में टीजीटी जीवविज्ञान के 304 पद, संगीत के 22, काष्ठ शिल्प के दो, पुस्तक कला के आठ, टंकण का एक और आशुलिपिक का एक पद शामिल किया गया था। वहीं पीजीटी (प्रवक्ता) के दो विषयों में वनस्पति विज्ञान के दो और संगीत के एक पद को शामिल किया गया था। इन आठ विषयों के अंतर्गत 341 पदों के लिए जारी विज्ञापन निरस्त कर दिया गया है। बताया कि यूपी बोर्ड की सचिव नीना श्रीवास्तव ने नौ जुलाई 2018 को अपने पत्र में सूचित किया था कि हाईस्कूल स्तर पर काष्ठ शिल्प, पुस्तक कला, टंकण, आशुलिपि टंकण एवं जीव विज्ञान विषय यूपी बोर्ड की पाठ्यचर्या में शामिल नहीं हैं। वहीं इंटरमीडिएट स्तर पर वनस्पति विज्ञान नाम का कोई विषय नहीं है। यूपी बोर्ड ने स्पष्ट किया कि हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट स्तर पर संगीत नाम का भी कोई विषय नहीं है। ऐसे में इन पदों पर बोर्ड की ओर से लगातार हो रहे चयन ठीक नहीं हैं। दिव्यकांत ने बताया कि यूपी बोर्ड सचिव के पत्र का संज्ञान लेते हुए चयन बोर्ड ने गलती सुधारते के लिए इन पदों का विज्ञापन निरस्त कर दिया है।
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2011 टीजीटी जीवविज्ञान के बारे में लेंगे विधिक राय
सचिव दिव्यकांत शुक्ल ने बताया कि 2011 एवं 2013 में टीजीटी जीव विज्ञान के लिए विज्ञापन जारी किया गया था। 2013 में विज्ञापित टीजीटी जीवविज्ञान के 187 पदों का चयन पूरा करके अभ्यर्थियों को ज्वाइनिंग के लिए संबंधित स्कूलों में भेज दिया गया है। अब इन पदों पर रोक लगाना संभव नहीं होगा। 2011 में टीजीटी जीवविज्ञान के 65 पदों के लिए परीक्षा हो चुकी है, हालांकि अभी इसका परिणाम घोषित नहीं हुआ है। चयन बोर्ड इस मामले में विधिक राय लेगा। 2011 में पीजीटी वनस्पति विज्ञान के दो पदों के लिए लिखित परीक्षा के बाद इंटरव्यू पूरा कर लिया गया है। इसका परिणाम घोषित नहीं किया गया है।
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