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शिक्षक भर्ती में गड़बड़ी की शिकायत पर वीसी से मांगा जवाब
Updated Sun, 29 Apr 2018 01:28 AM IST
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शिक्षक भर्ती में गड़बड़ी की शिकायत पर वीसी से मांगा जवाब
0 आवश्यक कार्रवाई के लिए रजिस्ट्रार को भी यूजीसी ने जारी किया पत्र
0 अभ्यर्थियों ने 16 बिंदुओं पर दर्ज कराई शिकायत, दो कॉलेजों पर सवाल
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद।
इलाहाबाद विश्वविद्यालय के संघटक महाविद्यालयों में शिक्षक भर्ती में गड़बड़ी की शिकायत पर विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ने विश्वविद्यालय के कुलपति को पत्र जारी कर जवाब मांगा है। इसके साथ ही शिक्षक भर्ती में गड़बड़ी की एक अन्य शिकायत पर ही आवश्यक कार्रवाई के लिए यूजीसी ने रजिस्ट्रार को पत्र जारी किया है।
केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्रालय को शिक्षक भर्ती मामले में कुछ अभ्यर्थियों ने 16 बिंदुओं पर शिकायत भेजी थी। अभ्यर्थियों का आरोप था कि सीएमपी डिग्री कॉलेज और एसएस खन्ना गर्ल्स डिग्री कॉलेज में सहायक प्रोफेसर उर्दू के पद पर की गई नियुक्तियों में गड़बड़ी की गई। इसके अलावा भर्तियों के लिए सेलेक्शन कमेटी का गठन यूजीसी रेगुलेशन-2010 के विपरीत किया गया। यह आरोप भी लगाया कि चयन प्रक्रिया में एकेडमिक रिकार्ड एंड रिसर्च परमॉर्मेंस के 50 फीसदी अंकों और असेसमेंट ऑफ डोमेन नॉलेज एंड टीचिंग स्किल के 30 फीसदी अंकों के बजाय केवल इंटरव्यू के 20 फीसदी अंकों को आधार बनाया गया।
अभ्यर्थियों ने मंत्रालय को यह भी बताया है कि एसएस खन्ना में उर्दू शिक्षक के पदों पर चयन परिणाम से पहले ही चयनितों का नाम मंत्रालय को बता दिया गया था। इसका मतलब है कि पहले से ही चयनितों का नाम तय कर लिया गया था। आरोप है कि गवर्निंग बॉडी की मीटिंग बुलाने में मानकों का उल्लंघन किया गया। इंटरव्यू लैटर भी समय से नहीं भेजे गए। इन शिकायतों को मंत्रालय ने यूजीसी के पास भेज दिया। अब यूजीसी ने कुलपति को पत्र जारी कर कहा है कि मामले को अपने स्तर से देखें और इस पर अपना जवाब दें ताकि आगे की कार्रवाई की जा सके। इसके अलावा इन्हीं में से एक मामले में यूजीसी की ओर से रजिस्ट्रार को पत्र भेजकर कहा गया है कि मामला स्वत: स्पष्ट है। मामले में आवश्यक कार्रवाई की जाए।
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0 आवश्यक कार्रवाई के लिए रजिस्ट्रार को भी यूजीसी ने जारी किया पत्र
0 अभ्यर्थियों ने 16 बिंदुओं पर दर्ज कराई शिकायत, दो कॉलेजों पर सवाल
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद।
इलाहाबाद विश्वविद्यालय के संघटक महाविद्यालयों में शिक्षक भर्ती में गड़बड़ी की शिकायत पर विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ने विश्वविद्यालय के कुलपति को पत्र जारी कर जवाब मांगा है। इसके साथ ही शिक्षक भर्ती में गड़बड़ी की एक अन्य शिकायत पर ही आवश्यक कार्रवाई के लिए यूजीसी ने रजिस्ट्रार को पत्र जारी किया है।
केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्रालय को शिक्षक भर्ती मामले में कुछ अभ्यर्थियों ने 16 बिंदुओं पर शिकायत भेजी थी। अभ्यर्थियों का आरोप था कि सीएमपी डिग्री कॉलेज और एसएस खन्ना गर्ल्स डिग्री कॉलेज में सहायक प्रोफेसर उर्दू के पद पर की गई नियुक्तियों में गड़बड़ी की गई। इसके अलावा भर्तियों के लिए सेलेक्शन कमेटी का गठन यूजीसी रेगुलेशन-2010 के विपरीत किया गया। यह आरोप भी लगाया कि चयन प्रक्रिया में एकेडमिक रिकार्ड एंड रिसर्च परमॉर्मेंस के 50 फीसदी अंकों और असेसमेंट ऑफ डोमेन नॉलेज एंड टीचिंग स्किल के 30 फीसदी अंकों के बजाय केवल इंटरव्यू के 20 फीसदी अंकों को आधार बनाया गया।
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अभ्यर्थियों ने मंत्रालय को यह भी बताया है कि एसएस खन्ना में उर्दू शिक्षक के पदों पर चयन परिणाम से पहले ही चयनितों का नाम मंत्रालय को बता दिया गया था। इसका मतलब है कि पहले से ही चयनितों का नाम तय कर लिया गया था। आरोप है कि गवर्निंग बॉडी की मीटिंग बुलाने में मानकों का उल्लंघन किया गया। इंटरव्यू लैटर भी समय से नहीं भेजे गए। इन शिकायतों को मंत्रालय ने यूजीसी के पास भेज दिया। अब यूजीसी ने कुलपति को पत्र जारी कर कहा है कि मामले को अपने स्तर से देखें और इस पर अपना जवाब दें ताकि आगे की कार्रवाई की जा सके। इसके अलावा इन्हीं में से एक मामले में यूजीसी की ओर से रजिस्ट्रार को पत्र भेजकर कहा गया है कि मामला स्वत: स्पष्ट है। मामले में आवश्यक कार्रवाई की जाए।
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