फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   डीएम खर्च बताएं बजट हम दिलाएंगे

डीएम खर्च बताएं बजट हम दिलाएंगे

Mon, 03 Jun 2019 09:08 PM IST
Allahabad Bureau इलाहाबाद ब्यूरो
Updated Mon, 03 Jun 2019 09:08 PM IST
विज्ञापन
डीएम खर्च बताएं बजट हम दिलाएंगे
डीएम खर्च बताएं, बजट हम दिलाएंगे: हाईकोर्ट
विज्ञापन

0 पेड़ लगाने और उनके संरक्षण पर कोर्ट ने मांगी जिला प्रशासन से रिपोर्ट
0 अगले दो वर्षों में वृक्षारोपण पर होने वाले खर्च की रिपोर्ट देने का निर्देश
अमर उजाला ब्यूरो
प्रयागराज। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने जिलाधिकारी प्रयागराज से कहा है कि वह अगले दो वर्षों में प्रयागराज और उसके आसपास वृक्षारोपण और उस पर आने वाले खर्च का अध्ययन कर रिपोर्ट पेश करें। कोर्ट ने लगाए गए पेड़ों और उसके संरक्षण में होने वाले खर्च की रिपोर्ट मांगी है। कहा है कि डीएम वन विभाग और जरूरी हो तो विशेषज्ञों के परामर्श से वृक्षारोपण की रिपोर्ट तैयार करें, ताकि कोर्ट इस पर आने वाले खर्च की व्यवस्था के लिए राज्य सरकार को आदेश दे सके।
सड़कों के चौड़ीकरण के दौरान व्यापक पैमाने पर हरे वृक्षों की कटाई के खिलाफ दाखिल जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने डीएम से वृक्षारोपण की योजना में गांव सभा और सार्वजनिक उपयोग की जमीनों को भी ध्यान में रखने का निर्देश दिया है। मामले में पूर्व में हाईकोर्ट ने पेड़ों की कटाई की निगरानी हेतु पांच सदस्यीय कमेटी गठित की थी, जिसमें कहा था कि कमेटी की संस्तुति पर सड़क चौड़ीकरण के लिए जरूरी होने पर ही जिलाधिकारी पेड़ काटने की अनुमति दें और उससे अधिक पेड़ लगाने की व्यवस्था करें। कोर्ट ने यह भी सुझाव दिया था कि मशीनों के जरिए छोटे पेड़ जड़ से खोद कर अन्यत्र भी लगाने का प्रयास किया जाए। अदालत ने इस कमेटी को भी अपनी रिपोर्ट देने का निर्देश दिया है।
विज्ञापन

यह आदेश न्यायमूर्ति पीकेएस बघेल तथा न्यायमूर्ति आरआर अग्रवाल ने विधि छात्रों शिवांश तिवारी, ज्योति वर्मा सहित 11 छात्र छात्राओं की जनहित याचिका पर दिया है। याचीगण का कहना था कि कुंभ के दौरान पेड़ काटने की वजह से प्रयागराज इस बार सबसे ज्यादा गर्म जिला रहा है। यहां का तापमान 48.6 डिग्री तक पहुंच गया था। इसलिए शासन को पेड़ लगाने और उसके संरक्षण के लिए निर्देश दिए जाएं। याची का यह भी कहना है कि जिलाधिकारी, पीडीए और वन विभाग अपना दायित्व निभाने में विफल हो गए हैं। लोगों के जीवन के मूल अधिकारों का हनन हो रहा है। सुनवाई 12 जुलाई को होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed