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अलीगढ़ः 172.5 करोड़ रुपये से आठ परियोजनाओं पर शुरू होने जा रहा कार्य
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अलीगढ़ स्मार्ट सिटी के अंतर्गत 172.5 करोड़ रुपये की लागत से आठ परियोजनाओं पर काम शुरू होने जा रहा है। डीपीआर तैयार करने में अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय से तकनीकी सहयोग लिया जा रहा है। जनवरी तक परियोजनाओं पर काम शुरू करने का लक्ष्य रखा गया है।
करीब एक हजार करोड़ रुपये की अलीगढ़ स्मार्ट सिटी परियोजनाओं में लेटलतीफी से बहुत किरकिरी हुई है। मिशन निदेशक कुणाल कुमार चंद रोज पहले अलीगढ़ आए थे। अचलताल, लाल डिग्गी एवं स्मार्ट रोड के निरीक्षण के बाद उन्होंने परियोजनाओं को जल्दी से पूरा कर जनता को सौंपने का निर्देश दिया था। मिशन निदेशक के जाने के बाद नगर आयुक्त एवं अलीगढ़ स्मार्ट सिटी के सीईओ गौरांग राठी ने खुद कमान संभाल ली है। विभिन्न एजेंसियों को 172.5 करोड़ रुपये के आठ परियोजनाओं को आवंटित करने का निर्णय लिया गया है। इसमें कैरिजवे परियोजना सबसे बड़ी है। 90 करोड़ की इस परियोजना को पीडब्लूडी को आवंटित करने का निर्णय लिया गया है। इसके अंतर्गत बरछी बहादुर से मौलाना अब्दुल खालिक रोड क्रॉसिंग, मौलाना अब्दुल खालिक रोड क्रॉसिंग से मदीपुरा क्रॉसिंग, मदीपुरा क्रॉसिंग से मीनाक्षी पुल तक, मीनाक्षी पुल से छर्रा अड्डा क्रॉसिंग तक, बन्नादेवी चर्च से रेलवे रोड क्रॉसिंग, अब्दुल करीम क्रॉसिंग से जीटी रोड क्रॉसिंग, दिल्ली गेट से बारहद्वारी और रेलवे रोड मालगोदाम क्रॉसिंग से अब्दुल करीम क्रॉसिंग तक काम होना है। 45 करोड़ रुपये की लागत से चार जंक्शनों का विकास करना है, जिसमें क्वार्सी चौराहा, सासनी चौराहा, सूतमिल चौराहा और एटा चुंगी चौराहा शामिल है। इस परियोजना में सड़कों और जल निकासी का विकास, बिजली का भूमिगत व्यवस्था और जंक्शनों का सौंदर्यीकरण शामिल है।
30 स्थानों पर बनेगा वेंडिंग जोन
शहर में 30 स्थानों पर वेंडिंग जोन बनना है। जोन में शेड, यूरिनल, पीने का साफ पानी, डस्टबिन और लाइटिंग आदि की सुविधा उपलब्ध होगी।
10 स्थानों पर फूड प्लाजा
शहर में 10 स्थानों पर फूड प्लाजा बनना है। फूड प्लाजा में पार्किंग, डस्टबिन, लाइटिंग, शौचालय और स्वच्छ पेयजल की सुविधा होगी।
8 स्कूल होंगे स्मार्ट
8 स्कूलों को स्मार्ट स्कूल में तब्दील किया जाएगा। इसमें रसलगंज सरकारी प्राथमिक विद्यालय, नईबस्ती सरकारी प्राथमिक विद्यालय, घुड़ियाबाग सरकारी प्राथमिक विद्यालय, पुलिस लाइन सरकारी विद्यालय, दिल्ली गेट सरकारी प्राथमिक विद्यालय, ऊपरकोट सरकारी प्राथमिक विद्यालय, रेलवे रोड सरकारी प्राथमिक विद्यालय एवं अलीगढ़ सरकारी बालिका इंटर कॉलेज शामिल हैं। इसके साथ ही फेज टू के लिए स्कूलों का चयन भी प्रक्रियाधीन है।
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परियोजना, लागत एवं एजेंसी
- मुख्य सड़क, डिवाइडर और सार्वजनिक स्थानों पर बागवानी और पौधरोपण, 5 करोड़, एजेंसी नगर निगम।
- सड़क किनारे पेड़ों को रोशन करने की परियोजना, 2 करोड़ रुपये, एजेंसी नगर निगम।
- जवाहर भवन का उन्नयन और सौंदर्यीकरण, 10 करोड़, एजेंसी नगर निगम
।- 30 स्थानों पर स्मार्ट वेंडिंग जोन, 9 करोड़, एजेंसी नगर निगम।
-10 स्थानों पर फूड प्लाजा, 6 करोड़, एजेंसी एडीए।
- शहर में चार जंक्शनों का विकास, 45 करोड़, एजेंसी पीडब्ल्यूडी।
- स्मार्ट स्कूल परियोजना, 5.5 करोड़, एजेंसी पीडब्ल्यूडी ।
- कैरिज वे परियोजना, 90 करोड़, पीडब्ल्यूडी।
.
क्वार्सी ड्रेनेज, रिहैबिलिटेशन और रोड चौड़ीकरण के काम में स्मार्ट सिटी का सहयोग मिल रहा है। पीडब्ल्यूडी और सिंचाई विभाग के साथ एक बैठक में यह निर्णय लिया गया है कि स्मार्ट सिटी परियोजनाओं को निधि देगी। इन परियोजनाओं से सड़कों पर यातायात की भीड़ कम होगी और नालियां साफ मिलेगी।
- गौरांग राठी, नगर आयुक्त एवं सीईओ अलीगढ़ स्मार्ट सिटी लि.
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करीब एक हजार करोड़ रुपये की अलीगढ़ स्मार्ट सिटी परियोजनाओं में लेटलतीफी से बहुत किरकिरी हुई है। मिशन निदेशक कुणाल कुमार चंद रोज पहले अलीगढ़ आए थे। अचलताल, लाल डिग्गी एवं स्मार्ट रोड के निरीक्षण के बाद उन्होंने परियोजनाओं को जल्दी से पूरा कर जनता को सौंपने का निर्देश दिया था। मिशन निदेशक के जाने के बाद नगर आयुक्त एवं अलीगढ़ स्मार्ट सिटी के सीईओ गौरांग राठी ने खुद कमान संभाल ली है। विभिन्न एजेंसियों को 172.5 करोड़ रुपये के आठ परियोजनाओं को आवंटित करने का निर्णय लिया गया है। इसमें कैरिजवे परियोजना सबसे बड़ी है। 90 करोड़ की इस परियोजना को पीडब्लूडी को आवंटित करने का निर्णय लिया गया है। इसके अंतर्गत बरछी बहादुर से मौलाना अब्दुल खालिक रोड क्रॉसिंग, मौलाना अब्दुल खालिक रोड क्रॉसिंग से मदीपुरा क्रॉसिंग, मदीपुरा क्रॉसिंग से मीनाक्षी पुल तक, मीनाक्षी पुल से छर्रा अड्डा क्रॉसिंग तक, बन्नादेवी चर्च से रेलवे रोड क्रॉसिंग, अब्दुल करीम क्रॉसिंग से जीटी रोड क्रॉसिंग, दिल्ली गेट से बारहद्वारी और रेलवे रोड मालगोदाम क्रॉसिंग से अब्दुल करीम क्रॉसिंग तक काम होना है। 45 करोड़ रुपये की लागत से चार जंक्शनों का विकास करना है, जिसमें क्वार्सी चौराहा, सासनी चौराहा, सूतमिल चौराहा और एटा चुंगी चौराहा शामिल है। इस परियोजना में सड़कों और जल निकासी का विकास, बिजली का भूमिगत व्यवस्था और जंक्शनों का सौंदर्यीकरण शामिल है।
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30 स्थानों पर बनेगा वेंडिंग जोन
शहर में 30 स्थानों पर वेंडिंग जोन बनना है। जोन में शेड, यूरिनल, पीने का साफ पानी, डस्टबिन और लाइटिंग आदि की सुविधा उपलब्ध होगी।
10 स्थानों पर फूड प्लाजा
शहर में 10 स्थानों पर फूड प्लाजा बनना है। फूड प्लाजा में पार्किंग, डस्टबिन, लाइटिंग, शौचालय और स्वच्छ पेयजल की सुविधा होगी।
8 स्कूल होंगे स्मार्ट
8 स्कूलों को स्मार्ट स्कूल में तब्दील किया जाएगा। इसमें रसलगंज सरकारी प्राथमिक विद्यालय, नईबस्ती सरकारी प्राथमिक विद्यालय, घुड़ियाबाग सरकारी प्राथमिक विद्यालय, पुलिस लाइन सरकारी विद्यालय, दिल्ली गेट सरकारी प्राथमिक विद्यालय, ऊपरकोट सरकारी प्राथमिक विद्यालय, रेलवे रोड सरकारी प्राथमिक विद्यालय एवं अलीगढ़ सरकारी बालिका इंटर कॉलेज शामिल हैं। इसके साथ ही फेज टू के लिए स्कूलों का चयन भी प्रक्रियाधीन है।
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परियोजना, लागत एवं एजेंसी
- मुख्य सड़क, डिवाइडर और सार्वजनिक स्थानों पर बागवानी और पौधरोपण, 5 करोड़, एजेंसी नगर निगम।
- सड़क किनारे पेड़ों को रोशन करने की परियोजना, 2 करोड़ रुपये, एजेंसी नगर निगम।
- जवाहर भवन का उन्नयन और सौंदर्यीकरण, 10 करोड़, एजेंसी नगर निगम
।- 30 स्थानों पर स्मार्ट वेंडिंग जोन, 9 करोड़, एजेंसी नगर निगम।
-10 स्थानों पर फूड प्लाजा, 6 करोड़, एजेंसी एडीए।
- शहर में चार जंक्शनों का विकास, 45 करोड़, एजेंसी पीडब्ल्यूडी।
- स्मार्ट स्कूल परियोजना, 5.5 करोड़, एजेंसी पीडब्ल्यूडी ।
- कैरिज वे परियोजना, 90 करोड़, पीडब्ल्यूडी।
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क्वार्सी ड्रेनेज, रिहैबिलिटेशन और रोड चौड़ीकरण के काम में स्मार्ट सिटी का सहयोग मिल रहा है। पीडब्ल्यूडी और सिंचाई विभाग के साथ एक बैठक में यह निर्णय लिया गया है कि स्मार्ट सिटी परियोजनाओं को निधि देगी। इन परियोजनाओं से सड़कों पर यातायात की भीड़ कम होगी और नालियां साफ मिलेगी।
- गौरांग राठी, नगर आयुक्त एवं सीईओ अलीगढ़ स्मार्ट सिटी लि.