फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Aligarh News ›   Wave of mourning in Aligarh due to the news of Kalyan Singh's death

कल्याण सिंह के निधन की खबर से अलीगढ़ में शोक की लहर

Sun, 22 Aug 2021 01:24 AM IST
Aligarh Bureau अलीगढ़ ब्यूरो
Updated Sun, 22 Aug 2021 01:24 AM IST
विज्ञापन
Wave of mourning in Aligarh due to the news of Kalyan Singh's death
मैरिस रोड प्रगति विहार ए 11 स्थित निवास राज पैलेस में पूर्व मुख्यमंत्री व पूर्व राज्यपाल बाबूजी क? - फोटो : CITY OFFICE
पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह (अलीगढ़ में लोग प्यार से बाबूजी कहते हैं) के निधन के खबर से जनपद में शोक की लहर दौड़ गई है। मैरिस रोड स्थित आवास राजपैलेस में सन्नाटा पसरा है। परिवार के सभी लोग लखनऊ में हैं।
विज्ञापन

अतरौली एवं अलीगढ़ शहर कल्याण सिंह की कर्मभूमि रही है। उनके निधन की समाचार सुनकर पूरे जनपद में शोक की लहर दौड़ गई है। उनके पुत्र एवं एटा सांसद राजवीर सिंह राजू भैया, बहू प्रेमलता वर्मा, पौत्र संदीप सिंह, पौत्री पूर्णिमा सिंह एवं उनके पति प्रवीण राज सिंह सहित परिवार के अन्य सदस्य लखनऊ में हैं।
विज्ञापन

कल्याण सिंह के निकट संबंधी ठाकुर श्यौराज सिंह ने बताया कि उनके पुत्र प्रवीण राज सिंह आज दोपहर में लखनऊ रवाना हुए, जबकि पूर्णिमा शुक्रवार को ही लखनऊ चली गईं थीं। जिला पंचायत अध्यक्ष विजय सिंह एवं उनके पति ठाकुर श्यौराज सिंह ने भी बाबूजी के निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

उनके निधन की समाचार सुनने के बाद भाजपा के पूर्व अध्यक्ष देवराज सिंह, हितेंद्र उपाध्याय उर्फ बंटी सहित कई नेता एवं कार्यकर्ता निजी वाहन से लखनऊ रवाना हो गए हैं। सोशल मीडिया पर कल्याण सिंह की तस्वीर डालकर लोग शोक व्यक्त कर रहे हैं। भाजपा ही नहीं बल्कि दूसरे दलों के नेता भी उनके निधन पर शोकाकुल है। बसपा नेता तिलक राज यादव ने भी शोक व्यक्त किया है।
सांसद बोले, बाबूजी ने दी प्रेजेंट एवं पेशेंस की सीख
सांसद सतीश कुमार गौतम कल्याण सिंह के बेहद करीबी रहे हैं। वह कहते हैं कि राम आंदोलन के दौरान बाबूजी से प्रेरित होकर राजनीति में आया। मेरा सौभाग्य है कि उनके करीब रहने का मौका मिला। मेरे सिर पर अभिभावक की तरह उनका हाथ था।

वह हमेशा प्रेजेंट एवं पेशेंस की सीख देते थे। प्रेजेंट (वर्तमान) का मतलब क्षेत्र में हमेशा उपस्थित रहना है। वह कहते थे कि राजनीति में वहीं सफल होता है जो क्षेत्र में मौजूद एवं सर्वसुलभ होता है। वह पेशेंस (धैर्य) की भी सीख देते थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed