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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Aligarh News ›   The tank was built in 1995. Nine villages did not get water even after 30 years

Aligarh News: 1995 में बनी टंकी.. नौ मजरों को 30 साल बाद भी नहीं मिला पानी

Mon, 07 Apr 2025 01:28 AM IST
अलीगढ़ ब्यूरो अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़ Published by: अलीगढ़ ब्यूरो Updated Mon, 07 Apr 2025 01:28 AM IST
सार

पानी की टंकी की लीकेज सही कराने और नलकूप को कस्बे की पुरानी पाइप लाइन से जोड़ने के नाम पर लाखों रुपये खर्च हो गए, लेकिन पानी नहीं मिला। 1995 में कस्बे के सभी मजरों में डाली गई पाइप लाइन नक्शे के अभाव में मिट्टी में दफन हो चुकी है।

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The tank was built in 1995. Nine villages did not get water even after 30 years
जलाली में 30 साल से शो पीस बनी पानी की टंकी - फोटो : संवाद

विस्तार

नगर पंचायत जलाली में 30 वर्ष पहले बनी पानी की टंकी और नलकूप से अब तक पानी की आपूर्ति नहीं हुई है। वर्ष 1995 में एक करोड़ की लागत से बस अड्डे पर पानी की टंकी और एसके इंटर कॉलेज के सामने नलकूप बनाया गया था। इससे नगर पंचायत के नौ मजरों में पानी की आपूर्ति होनी थी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ।

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इससे नगर पंचायत से जुड़े उन 9 मजरों को पानी की एक बूंद नसीब नहीं हुई, जिनके लिए शासन ने करोड़ों रुपये खर्च किए थे। पानी की टंकी की लीकेज सही कराने और नलकूप को कस्बे की पुरानी पाइप लाइन से जोड़ने के नाम पर लाखों रुपये खर्च हो गए, लेकिन पानी नहीं मिला। 1995 में कस्बे के सभी मजरों में डाली गई पाइप लाइन नक्शे के अभाव में मिट्टी में दफन हो चुकी है। कार्यालय के कर्मचारियों का कहना है कि वर्ष 1995 में जलकल विभाग द्वारा मजरों में डाली गई पाइप लाइन का कोई नक्शा कार्यालय में मौजूद नहीं है। इसलिए इस पानी की लाइन का कोई अता पता नहीं है।
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वहीं, नगर पंचायत ने कस्बे के बाहरी इलाकों में बनी नई आबादियों में पानी की पाइप लाइन जरूर डाल दी है। कस्बे के लगभग 4000 से अधिक घरों में पानी के केवल 530 कनेक्शन हैं। बाकी के अधिकांश लोग सबमर्सिबल पंप के सहारे पानी की जरूरत पूरी कर रहे हैं। यही कारण है कि बीते पांच वर्षों में भूजल स्तर लगभग 8 फुट नीचे जा चुका है। वर्तमान में यहां का भूजल स्तर लगभग 30 फुट पर पहुंच गया है।
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छह महीने पहले गांव में पेयजल आपूर्ति के लिए नलकूप बनाया गया था, लेकिन पाइप लाइन आज तक नहीं डाली गई। गर्मी आ चुकी है, पानी की समस्या दूर नहीं हुई है।-नीरू शर्मा, नगरिया भूड़
नगला मोड़ नगर पंचायत जलाली में आता है, लेकिन यहां कस्बे जैसी कोई व्यवस्था नहीं है। नगर पंचायत आज तक पानी की व्यवस्था नहीं करा सकी है।-सरोज, नगला मोड़।
बहादुरगढ़ी में 30 साल पहले पड़ी पाइप लाइन से आज तक पानी की एक बूंद नहीं टपकी। जिम्मेदार लोग ग्रामीणों की इस जरूरत को नजरंदाज किए हुए हैं।-ज्योति रानी, बहादुरगढ़ी।
नगर पंचायत द्वारा पेजयल की व्यवस्था हो या सड़कों की मरम्मत। किसी पर ध्यान नहीं दिया जा रहा। लोग बहुत परेशान है।-किरण देवी, नगला मोड़।

47 लाख रुपये से नलकूप बना, पाइप लाइन नहीं बिछी

वित्तीय वर्ष 2023-24 में शासन ने प्रत्येक वार्ड में पेयजल आपूर्ति के लिए 1.88 करोड़ रुपये का बजट मंजूर किया। इससे जलाली के वार्ड संख्या 1, 3, 4, 5, 7, 8, 9, 11 व 12 में मिनी नलकूप लगा कर पाइप लाइन का विस्तारीकरण होना था। पहली किस्त 14 मार्च 2024 को जारी हुई और 47 लाख रुपये मिले। इसी रकम से छह माह पहले वार्ड संख्या एक के मजरा नगरिया भूड़ में स्थित कान्हा गोशाला परिसर में मिनी नलकूप बनावा दिया गया, लेकिन आपूर्ति के लिए पाइप लाइन आज तक नहीं बिछाई गई।

नगर पंचायत में शामिल नौ मजरे
नगरिया भूड़, बहादुरगढ़ी, नगला मोड़, नया बांस, अमीनाबाद, नजीब अली, नगला खुमी-वासित अली, नगला बबूल व औसाफली गांव।

यह भी जानें

  • नगर पंचायत में मोहल्ले 6
  • वार्डों की संख्या 13
  • आबादी करीब 24,000
  • घरों की संख्या 4,000
  • पानी की टंकी-2 (एक चालू एक बंद)
  • नलकूपों की संख्या-3 (दो बंद)
  • पानी के कनेक्शन-530
  • कस्बे से जुड़े मजरे 09
  • जल मूल्य मासिक 30 रुपये
  • जलमूल्य देने वाले - 60 फीसदी
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