{"_id":"5f3ed8fc8ebc3e3cc621c0a3","slug":"swachh-survekshan-3rd-in-aligarh-sub-and-30th-in-the-country","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्वच्छ सर्वेक्षण : अलीगढ़ सूबे में तीसरे व देश में 30वें स्थान पर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
स्वच्छ सर्वेक्षण : अलीगढ़ सूबे में तीसरे व देश में 30वें स्थान पर
Fri, 21 Aug 2020 01:49 AM IST
राजेश सिंह
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
Published by: राजेश सिंह
Updated Fri, 21 Aug 2020 01:49 AM IST
विज्ञापन
किशनपुर स्थित मरघट के गेट के बगल में सड़क किनारे पड़ा कचरा।
- फोटो : neeraj
एक से दस लाख की आबादी वाले शहरों में अलीगढ़ देश में 30 वे एवं प्रदेश में तीसरे पायदान पर है। स्वच्छ सर्वेक्षण 2020 का परिणाम घोषित होने के बाद नगर निगम में हर्ष की लहर दौड़ गई है।
सेवाभवन स्थित कार्यालय में नगर आयुक्त सत्य प्रकाश पटेल ने पत्रकारों से कहा कि 2018 के सर्वे में अलीगढ़ देश में 173 वें और 2019 में 145 वें स्थान पर था। इस बार 30 वें स्थान पर है। प्रदेश के टॉप तीन शहरों में अलीगढ़ (स्कोर 4309.19) शामिल हो गया है। प्रथम एवं दूसरे स्थान पर क्रमश: नोएडा व झांसी हैं।
उन्होंने कहा कि 145 से 30 वीं रैंक पर पहुंचने का श्रेय शहरवासी, अधिकारी, कर्मचारियों, पार्षदों एवं विशेष रूप से सफाई कर्मचारियों को जाता है। सफाई कर्मचारियों के सार्थक प्रयास की बदौलत ही अलीगढ़ ने महापरीक्षा में बेहतर प्रदर्शन किया है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि स्वच्छ सर्वेक्षण 2021 में उनका लक्ष्य देश के टॉप तीन शहरों में शामिल होना है। सफलता के प्रमुख बिंदु : ओडीएफ डबल प्लस होना, गारबेज फ्री सिटी रैकिंग, कूड़ा निस्तारण वैज्ञानिक तरीके से किया जाना, सूडा-डूडा द्वारा योजनाओं के अंतर्गत गरीबों के उत्थान के लिए कार्य, प्रमुख फ्लाई ओवर का सौंदर्यीकरण आदि।
सड़कों पर गंदगी से रोज हो रहे हादसे नगर निगम का ध्यान कहां हैं : डीएम
जिलाधिकारी ने सड़कों पर पड़ी गंदगी को लेकर नगर निगम को खूब खरी-खरी सुनाई। उन्होंने कहा कि सड़कों पर गंदगी पड़ी रहती है, जिसकी तरफ नगर निगम का ध्यान नहीं है। मथुरा रोड पर नाले व पुलिया टूटी हुई हैं। इन सबकी अनदेखी नगर निगम की ओर से क्यों की जा रही है। यह लापरवाही हादसों का कारण बन रही है। उन्होंने नगर आयुक्त को निर्देश दिए कि जल्द से जल्द नाले व पुलिया का निर्माण कराया जाए। शहर की सड़कों की सफाई कराई जाए।
बधाइयों का तांता
स्वच्छ सर्वेक्षण 2020 में देश में 30 वें एवं प्रदेश में तीसरे पायदान पर स्थान मिलने पर नगर निगम में हर्ष का माहौल है। मंडलायुक्त जीएस प्रियदर्शी ने सबसे पहले फोन कर नगर आयुक्त सत्य प्रकाश पटेल को शुभकामनाएं दीं। एसएसपी मुनिराज जी एवं एसपी सिटी अभिषेक सहित अन्य कई पुलिस अधिकारियों ने शानदार उपलब्धि के लिए नगर आयुक्त को बधाई दी। नगर निगम कर्मचारी संघ के संजय सक्सेना, गैर सरकारी संगठन के गुलशन नेहरू और एएमयू के प्रो. इमामुल हक सहित अन्य कई शिक्षकों के नगर आयुक्त के पास फोन आए।
जश्न के साथ प्रश्न भी
अलीगढ़। स्वच्छ सर्वेक्षण 2020 में अलीगढ़ देश में 30 वे एवं प्रदेश में तीसरे नंबर पर आया है। यह खुशी की बात है। लेकिन शहरवासी सवाल भी उठा रहे हैं। दरअसल शहर में कभी भी आप कूड़े और गंदगी का ढेर देख सकते हैं। रामघाट रोड पर एडीए कॉलोनी के पास कूड़ा संग्रह होता है। महामारी के दौर में भी उसे समय से उठाने का इंतजाम नहीं किया गया। केलानगर, सर सैयदनगर, किशनपुर मरघट, बारहद्वारी, रसलगंज, दूबे का पड़ाव, सुरेंद्र नगर, गुरुद्वारा रोड, मीनाक्षी पुल के नीचे, पान दरीबा सहित महानगर के दर्जनों स्थानों पर कूड़ा पड़ा रहता है।
गौरव की बात
स्वच्छ सर्वेक्षण 2020 में अलीगढ़ का देश में 30 वें एवं प्रदेश में तीसरे स्थान पर आना गौरव की बात है। हमलोग मिलजुलकर प्रधानमंत्री के स्वच्छ भारत के सपने को पूरा करेंगे। इसमें नगर निगम के अधिकारी व कर्मचारी, शहरवासी एवं सफाई कर्मचारियों का विशेष योगदान है। - सतीश कुमार गौतम, सांसद
प्रदेश में तीसरे एवं देश में 30 वें स्थान पर चयन शहरवासियों के लिए खुशी की बात है। नगर निगम के अधिकारी, कर्मचारी, शहरवासी सबका इसमें योगदान है। शहरवासियों के योगदान एवं सहभागिता के बिना यह संभव नहीं था। - पुष्पेंद्र सिंह जादौन, उपसभापति, नगर निगम
स्वच्छ सर्वेक्षण में अलीगढ़ को शानदार रैंक मिलना खुशी की बात है। अलीगढ़ की तरक्की हो रही है। नगर आयुक्त एवं नगर निगम की टीम को इसका क्रेडिट मिलना चाहिए। नगर निगम को चाहिए कि शहर से जलनिकासी की व्यवस्था ठीक से करें। - विवेक बगाई, सेंटर प्वाइंट व्यापार मंडल
अलीगढ़ कागजी तमगा प्राप्त स्मार्ट सिटी है। ठीक उसी प्रकार कागज पर रैंक मिल जाती है। जल निकासी की कोई व्यवस्था नहीं है। शहर में गंदगी के ढेर लगे रहते हैं। स्वच्छ सर्वेक्षण सवालों के घेरे में है। - आगा यूनुस, कांग्रेस नेता
मुझे तो लगता है कि शहर अभी रैंक के लायक नहीं है। बहुत सारी खामियां है, जिसे पूरा करना चाहिए। सर्वे पर संदेह है। शहर के लोग स्वयं मूल्यांकन कर देखें कि हमारे शहर की सच्ची तस्वीर क्या है। उनकी नजरों से कुछ भी नहीं छिपा है। - अनुराग गुप्ता, उद्योग व्यापार संगठन, मंडल महासचिव
स्वच्छ सर्वेक्षण 2020
-स्वच्छ सर्वेक्षण 2020 पूरे देश में 4 से 31 जनवरी 2020 तक। सरकार द्वारा नामित एजेंसी क्यूसीआई के माध्यम से।
-नगर निगम अलीगढ़ का सर्वेक्षण क्यूसीआई द्वारा जनवरी 2020 के अंतिम सप्ताह में किया गया।
-स्वच्छ सर्वेक्षण में डॉक्यूमेंटेशन, फील्ड में प्रत्यक्ष सर्वेक्षण, ओडीएफ सर्टिफिकेशन और जीएफसी सर्टिफिकेशन के आधार पर रैकिंग जारी की गई।
-अलीगढ़ शहर को ओडीएफ प्लस प्लस सर्टिफिकेशन क्यूसीआई द्वारा तथा जीएफसी सर्टिफिकेशन में वन स्टार भारत सरकार की एजेंसी द्वारा प्राप्त है। (फरवरी 2020 व मार्च 2020)
-पिछले वर्ष अलीगढ़ देश में 145 वें व प्रदेश में 8 वें स्थान पर था। वर्तमान वर्ष में क्रमश: 30 वे और तीसरे स्थान पर है।
विज्ञापन
सेवाभवन स्थित कार्यालय में नगर आयुक्त सत्य प्रकाश पटेल ने पत्रकारों से कहा कि 2018 के सर्वे में अलीगढ़ देश में 173 वें और 2019 में 145 वें स्थान पर था। इस बार 30 वें स्थान पर है। प्रदेश के टॉप तीन शहरों में अलीगढ़ (स्कोर 4309.19) शामिल हो गया है। प्रथम एवं दूसरे स्थान पर क्रमश: नोएडा व झांसी हैं।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि 145 से 30 वीं रैंक पर पहुंचने का श्रेय शहरवासी, अधिकारी, कर्मचारियों, पार्षदों एवं विशेष रूप से सफाई कर्मचारियों को जाता है। सफाई कर्मचारियों के सार्थक प्रयास की बदौलत ही अलीगढ़ ने महापरीक्षा में बेहतर प्रदर्शन किया है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि स्वच्छ सर्वेक्षण 2021 में उनका लक्ष्य देश के टॉप तीन शहरों में शामिल होना है। सफलता के प्रमुख बिंदु : ओडीएफ डबल प्लस होना, गारबेज फ्री सिटी रैकिंग, कूड़ा निस्तारण वैज्ञानिक तरीके से किया जाना, सूडा-डूडा द्वारा योजनाओं के अंतर्गत गरीबों के उत्थान के लिए कार्य, प्रमुख फ्लाई ओवर का सौंदर्यीकरण आदि।
सड़कों पर गंदगी से रोज हो रहे हादसे नगर निगम का ध्यान कहां हैं : डीएम
जिलाधिकारी ने सड़कों पर पड़ी गंदगी को लेकर नगर निगम को खूब खरी-खरी सुनाई। उन्होंने कहा कि सड़कों पर गंदगी पड़ी रहती है, जिसकी तरफ नगर निगम का ध्यान नहीं है। मथुरा रोड पर नाले व पुलिया टूटी हुई हैं। इन सबकी अनदेखी नगर निगम की ओर से क्यों की जा रही है। यह लापरवाही हादसों का कारण बन रही है। उन्होंने नगर आयुक्त को निर्देश दिए कि जल्द से जल्द नाले व पुलिया का निर्माण कराया जाए। शहर की सड़कों की सफाई कराई जाए।
बधाइयों का तांता
स्वच्छ सर्वेक्षण 2020 में देश में 30 वें एवं प्रदेश में तीसरे पायदान पर स्थान मिलने पर नगर निगम में हर्ष का माहौल है। मंडलायुक्त जीएस प्रियदर्शी ने सबसे पहले फोन कर नगर आयुक्त सत्य प्रकाश पटेल को शुभकामनाएं दीं। एसएसपी मुनिराज जी एवं एसपी सिटी अभिषेक सहित अन्य कई पुलिस अधिकारियों ने शानदार उपलब्धि के लिए नगर आयुक्त को बधाई दी। नगर निगम कर्मचारी संघ के संजय सक्सेना, गैर सरकारी संगठन के गुलशन नेहरू और एएमयू के प्रो. इमामुल हक सहित अन्य कई शिक्षकों के नगर आयुक्त के पास फोन आए।
जश्न के साथ प्रश्न भी
अलीगढ़। स्वच्छ सर्वेक्षण 2020 में अलीगढ़ देश में 30 वे एवं प्रदेश में तीसरे नंबर पर आया है। यह खुशी की बात है। लेकिन शहरवासी सवाल भी उठा रहे हैं। दरअसल शहर में कभी भी आप कूड़े और गंदगी का ढेर देख सकते हैं। रामघाट रोड पर एडीए कॉलोनी के पास कूड़ा संग्रह होता है। महामारी के दौर में भी उसे समय से उठाने का इंतजाम नहीं किया गया। केलानगर, सर सैयदनगर, किशनपुर मरघट, बारहद्वारी, रसलगंज, दूबे का पड़ाव, सुरेंद्र नगर, गुरुद्वारा रोड, मीनाक्षी पुल के नीचे, पान दरीबा सहित महानगर के दर्जनों स्थानों पर कूड़ा पड़ा रहता है।
गौरव की बात
स्वच्छ सर्वेक्षण 2020 में अलीगढ़ का देश में 30 वें एवं प्रदेश में तीसरे स्थान पर आना गौरव की बात है। हमलोग मिलजुलकर प्रधानमंत्री के स्वच्छ भारत के सपने को पूरा करेंगे। इसमें नगर निगम के अधिकारी व कर्मचारी, शहरवासी एवं सफाई कर्मचारियों का विशेष योगदान है। - सतीश कुमार गौतम, सांसद
प्रदेश में तीसरे एवं देश में 30 वें स्थान पर चयन शहरवासियों के लिए खुशी की बात है। नगर निगम के अधिकारी, कर्मचारी, शहरवासी सबका इसमें योगदान है। शहरवासियों के योगदान एवं सहभागिता के बिना यह संभव नहीं था। - पुष्पेंद्र सिंह जादौन, उपसभापति, नगर निगम
स्वच्छ सर्वेक्षण में अलीगढ़ को शानदार रैंक मिलना खुशी की बात है। अलीगढ़ की तरक्की हो रही है। नगर आयुक्त एवं नगर निगम की टीम को इसका क्रेडिट मिलना चाहिए। नगर निगम को चाहिए कि शहर से जलनिकासी की व्यवस्था ठीक से करें। - विवेक बगाई, सेंटर प्वाइंट व्यापार मंडल
अलीगढ़ कागजी तमगा प्राप्त स्मार्ट सिटी है। ठीक उसी प्रकार कागज पर रैंक मिल जाती है। जल निकासी की कोई व्यवस्था नहीं है। शहर में गंदगी के ढेर लगे रहते हैं। स्वच्छ सर्वेक्षण सवालों के घेरे में है। - आगा यूनुस, कांग्रेस नेता
मुझे तो लगता है कि शहर अभी रैंक के लायक नहीं है। बहुत सारी खामियां है, जिसे पूरा करना चाहिए। सर्वे पर संदेह है। शहर के लोग स्वयं मूल्यांकन कर देखें कि हमारे शहर की सच्ची तस्वीर क्या है। उनकी नजरों से कुछ भी नहीं छिपा है। - अनुराग गुप्ता, उद्योग व्यापार संगठन, मंडल महासचिव
स्वच्छ सर्वेक्षण 2020
-स्वच्छ सर्वेक्षण 2020 पूरे देश में 4 से 31 जनवरी 2020 तक। सरकार द्वारा नामित एजेंसी क्यूसीआई के माध्यम से।
-नगर निगम अलीगढ़ का सर्वेक्षण क्यूसीआई द्वारा जनवरी 2020 के अंतिम सप्ताह में किया गया।
-स्वच्छ सर्वेक्षण में डॉक्यूमेंटेशन, फील्ड में प्रत्यक्ष सर्वेक्षण, ओडीएफ सर्टिफिकेशन और जीएफसी सर्टिफिकेशन के आधार पर रैकिंग जारी की गई।
-अलीगढ़ शहर को ओडीएफ प्लस प्लस सर्टिफिकेशन क्यूसीआई द्वारा तथा जीएफसी सर्टिफिकेशन में वन स्टार भारत सरकार की एजेंसी द्वारा प्राप्त है। (फरवरी 2020 व मार्च 2020)
-पिछले वर्ष अलीगढ़ देश में 145 वें व प्रदेश में 8 वें स्थान पर था। वर्तमान वर्ष में क्रमश: 30 वे और तीसरे स्थान पर है।