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अग्निपथ : कोई वाराणसी तो कोई दिल्ली में कर रहा पढ़ाई और मुकदमे में आरोपी

Tue, 21 Jun 2022 01:09 AM IST
Aligarh Bureau अलीगढ़ ब्यूरो
Updated Tue, 21 Jun 2022 01:09 AM IST
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Some are studying in Varanasi and some in Delhi and accused in the trial
टप्पल में शुक्रवार को हुए बवाल में कुछ ऐसे तथ्य सामने आ रहे हैं, जिनमें नामजद किए गए कुछ आरोपी अलीगढ़ से सुदूर पढ़ाई कर रहे हैं। उन्हें यहां बवाल के मुकदमे में आरोपी बनाया गया है। जब पुलिस इनके घरों पर पहुंची तो परिवार यह सुनकर परेशान रह गया। यह तथ्य जब पुलिस के सामने आया तो इसे गंभीर विषय मानते हुए विवेचना में नाम निकालने की प्रक्रिया की जा रही है। वहीं आरोपी बनाए गए लोगों का कहना है कि गांव की रंजिश में हमारे नाम झूठे लिखवाए गए हैं।
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टप्पल क्षेत्र के गांव घांघौली निवासी लोकेन्द्र कुमार ने बताया कि उनके दो बेटे और एक बेटी है। शुक्रवार को बड़ा बेटा धीरज परिवारीजनों के साथ घर पर ही टीवी देख रहा था। वहीं दूसरा छोटा बेटा विपिन कुमार वाराणसी में बीएचयू से बीएससी प्रथम वर्ष की पढ़ाई कर रहा है, जो कि दो महीने से वाराणसी में है। मगर टप्पल पुलिस ने हमारे दोनों बेकसूर बेटों को आरोपी बना दिया है। इसकी जानकारी हमें गांव के लोगों ने दी। इसके बाद से हम पुलिस से डरे सहमे गांव छोड़ाकर खेतों पर जाकर अपना बचाव कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि पुलिस के सामने जाने की हमारी हिम्मत नहीं है। पिता ने आरोप लगाया कि गांव के लोगों ने रंजिशन मेरे बच्चों के नाम लिखा दिए हैं। गांव घांघौली के ही वेदप्रकाश सिंह ने बताया कि उनका बेटा अमन कुमार दिल्ली के मुखर्जी नगर में कोचिंग कर रहा है और पीजी में रहता है। वह दो महीने से गांव नहीं आया, लेकिन शनिवार को करीब 11 बजे पता चला कि उसे मुकदमे में नामजद किया है। पुलिस मेरे निर्दोष बच्चे को फंसा रही है । अगर पुलिस के पास कोई सबूत है और मेरा बेटा दोषी है तो उसे फांसी पर चढ़ा दिया जाए। इन दोनों मामलों में पुलिस को जब जानकारी हुई तो प्रवक्ता की ओर से बताया गया है कि विवेचना अभी जारी है। जो नाम गलत शामिल हो गए हैं, उन्हें मुकदमे से अलग किया जाएगा।
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इनको बेकुसूर जेल भेजने का आरोप
गांव खेड़िया खुर्द के 65 वर्षीय पूर्व सैनिक संगठन के अध्यक्ष राजपाल सिंह को बवाल के आरोप में जेल भेजने पर उनके बेटे सौरभ चौधरी ने निर्दोष बताया है। इनका कहना है कि उन्हें पुलिस ने मदद के लिए बुलाया और जेल भेज दिया। इसी तरह कमालपुर के रवेंद्र सिंह का आरोप है कि उनके बेटे प्रवीन को चेकिंग के दौरान पकड़कर जेल भेज दिया ।
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दो दर्जन हिरासत में, पूछताछ जारी
टप्पल बवाल में पुलिस का गिरफ्तारी अभियान जारी है। पुलिस हिरासत में दो दर्जन लोग हैं, जिनसे पूछताछ जारी है। संकेत मिले हैं कि इनमें से कुछ लोग मंगलवार को जेल भेजे जा सकते हैं। वहीं इस मामले में कुछ लोगों को शांति भंग में पाबंद किया गया है। पुलिस प्रवक्ता के अनुसार सोमवार को मडराक व महुआ खेड़ा के आठ लोगों पर शांति भंग में कार्रवाई की गई है। इस तरह अब तक कुल 68 लोग जेल भेजे जा चुके हैं, जबकि 58 के खिलाफ शांति भंग में कार्रवाई की जा चुकी है।
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