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कोविड प्रोटोकाल टूटा तो प्रधानाचार्य होंगे जिम्मेदार
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कासगंज के दीनदयाल उपाध्याय इंटर कॉलेज में कक्षा नौ के चार बच्चों के कोविड-19 संक्रमित होने की खबर से यहां शिक्षा विभाग और विद्यालयों में खलबली मच गई है। साथ ही अपने बच्चों की सुरक्षा को लेकर अभिभावक भी चिंतित हैं। इधर, डीआईओएस डॉ. धर्मेंद्र शर्मा ने दो टूक कहा कि कोविड-19 का प्रोटोकाल का चक्र टूटा तो प्रधानाचार्य इसके जिम्मेदार होंगे।
विद्यालयों में कोविड-19 के दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन कराने के निर्देश डीआईओएस ने प्रधानाचार्यों को दिए हैं। इसमें किसी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। टीमें भी जांच करेंगी। डीआईओएस ने कहा कि जिलाधिकारी के जरिये सीएमओ को पत्र भेज गया है, ताकि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के डॉक्टर आपातकालीन स्थिति में विद्यालयों में पढ़ने वाले बच्चों की देखभाल कर सकें। उन्होंने कहा कि भले ही अभिभावकों से सहमति पत्र ले लिए गए हो, फिर भी विद्यालय प्रबंधन को कोविड-19 के प्रति अति सतर्कता बरतने की जरूरत है।
अभिभावकों की जिम्मेदारी
स्कूल प्रबंधन की ओर से जिस सहमति पत्र पर बच्चों को विद्यालय भेजने के लिए हस्ताक्षर और जिम्मेदार बनाए जाने की बात कही गई है, उसका मजमून यूं हैं ‘विद्यालय द्वारा कोविड-19 संक्रमण से बचाव व सुरक्षा के लिए किए गए प्रबंधों से संतुष्ट होकर तय नियमों के अनुसार बच्चे को विद्यालय भेजने के लिए अपनी लिखित स्वीकृति सहर्ष प्रदान करता/करती हूं। मैं यह भी घोषणा करता-करती हूं कि विद्यार्थी की शिक्षा के हित में व शासन के निर्देशानुसार मैं उसको स्कूल भेज रहा/रही हूं। यदि किसी अपरिहार्य कारणवश मेरा बच्चा कोविड संक्रमित हो जाता है तो इसके लिए विद्यालय जिम्मेदार नहीं होगा’।
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प्रधानाचार्यों के बोल
कासगंज की घटना चिंताजनक है। विद्यालय में बच्चों का बेहतर ख्याल रखा जा रहा है। हर घंटे कक्ष सैनिटाइज कराया जाता है। प्रवेश द्वार पर नियमित जांच की जाती है।
-डॉ. पायल सिंह, जीडी पब्लिक स्कूल खैर रोड
बुधवार से बच्चे आएंगे। कोविड-19 से निपटने के बेहतर इंतजाम किए गए हैं। मास्क के बिना प्रवेश नहीं होगा। आपातकालीन स्थिति के लिए आइसोलेशन कक्ष बनाया गया है।
-आरती मित्तल, मदर्स टच सीनियर सेकेंडरी स्कूल
अभिभावकों के बोल
बच्चा स्कूल में कोविड-19 संक्रमित हो जाता है तो पूरा परिवार मुश्किल में आ सकता है। सरकार ने अपना पल्ला झाड़कर सब कुछ अभिभावकों के ऊपर डाल दिया है।
- सुनीता शर्मा, सासनी गेट
कासगंज में बच्चों के कोविड-19 संक्रमित होने की खबर ने मन में दहशत पैदा कर दी है। जिम्मेदारी अभिभावकों के ऊपर ही डाल दी है। बच्चों को स्कूल नहीं भेजेंगे।
- वीना जैन, खिरनी गेट
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विद्यालयों में कोविड-19 के दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन कराने के निर्देश डीआईओएस ने प्रधानाचार्यों को दिए हैं। इसमें किसी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। टीमें भी जांच करेंगी। डीआईओएस ने कहा कि जिलाधिकारी के जरिये सीएमओ को पत्र भेज गया है, ताकि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के डॉक्टर आपातकालीन स्थिति में विद्यालयों में पढ़ने वाले बच्चों की देखभाल कर सकें। उन्होंने कहा कि भले ही अभिभावकों से सहमति पत्र ले लिए गए हो, फिर भी विद्यालय प्रबंधन को कोविड-19 के प्रति अति सतर्कता बरतने की जरूरत है।
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अभिभावकों की जिम्मेदारी
स्कूल प्रबंधन की ओर से जिस सहमति पत्र पर बच्चों को विद्यालय भेजने के लिए हस्ताक्षर और जिम्मेदार बनाए जाने की बात कही गई है, उसका मजमून यूं हैं ‘विद्यालय द्वारा कोविड-19 संक्रमण से बचाव व सुरक्षा के लिए किए गए प्रबंधों से संतुष्ट होकर तय नियमों के अनुसार बच्चे को विद्यालय भेजने के लिए अपनी लिखित स्वीकृति सहर्ष प्रदान करता/करती हूं। मैं यह भी घोषणा करता-करती हूं कि विद्यार्थी की शिक्षा के हित में व शासन के निर्देशानुसार मैं उसको स्कूल भेज रहा/रही हूं। यदि किसी अपरिहार्य कारणवश मेरा बच्चा कोविड संक्रमित हो जाता है तो इसके लिए विद्यालय जिम्मेदार नहीं होगा’।
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प्रधानाचार्यों के बोल
कासगंज की घटना चिंताजनक है। विद्यालय में बच्चों का बेहतर ख्याल रखा जा रहा है। हर घंटे कक्ष सैनिटाइज कराया जाता है। प्रवेश द्वार पर नियमित जांच की जाती है।
-डॉ. पायल सिंह, जीडी पब्लिक स्कूल खैर रोड
बुधवार से बच्चे आएंगे। कोविड-19 से निपटने के बेहतर इंतजाम किए गए हैं। मास्क के बिना प्रवेश नहीं होगा। आपातकालीन स्थिति के लिए आइसोलेशन कक्ष बनाया गया है।
-आरती मित्तल, मदर्स टच सीनियर सेकेंडरी स्कूल
अभिभावकों के बोल
बच्चा स्कूल में कोविड-19 संक्रमित हो जाता है तो पूरा परिवार मुश्किल में आ सकता है। सरकार ने अपना पल्ला झाड़कर सब कुछ अभिभावकों के ऊपर डाल दिया है।
- सुनीता शर्मा, सासनी गेट
कासगंज में बच्चों के कोविड-19 संक्रमित होने की खबर ने मन में दहशत पैदा कर दी है। जिम्मेदारी अभिभावकों के ऊपर ही डाल दी है। बच्चों को स्कूल नहीं भेजेंगे।
- वीना जैन, खिरनी गेट