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विद्या को ही अपना धर्म बनाएं छात्र : नाईक
ब्यूूराे, अमर उजाला, अलीगढ़।
Updated Wed, 13 Sep 2017 01:39 AM IST
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विद्या को ही अपना धर्म बनाएं छात्र : नाईक
- फोटो : Dig Vishal
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प्रदेश के राज्यपाल राम नाईक ने विद्यार्थियों को धर्म का असली बोध कराया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों का धर्म अपने ज्ञान को बढ़ाना है न कि धर्म की संकुचित व्याख्या को अपनाना। उन्होंने शैक्षणिक संस्थाओं को भी नसीहत देते हुए कहा कि वे विद्यार्थियों में गुणों का विकास करें।
राज्यपाल मंगलवार को यहां धर्म समाज महाविद्यालय के नव निर्मित श्रीमती मधु नंदन अग्रवाल भवन का लोकार्पण करने आए थे। भवन लोकार्पण के बाद सभागार में उन्होंने कहा कि मराठी भाषा में एक वाक्य है चरैवेति चरैवेति (चलते रहो चलते रहो)। इसी नाम से मैंने पुस्तक भी लिखी है, जिसमें जीवन के अनुभवों का वर्णन है। एक विद्यार्थी और सकारात्मक व्यक्ति के लिए भी किसी भी परिस्थिति में चलते रहना ही सफलता का एक बड़ा कारक है।
राज्यपाल ने कहा कि धर्म की व्याख्या बेहद संकुचित अर्थों में की जाती है, जो कि उचित नहीं है। यहां तो कॉलेज का नाम ही धर्म समाज है। धर्म का अर्थ आज हिंदू, मुसलमान, सिख, ईसाई के संदर्भ में लिया जाता है। लेकिन जरा सोचिए एक विद्यार्थी का धर्म ज्ञान अर्जन करना है। उन्होंने रामायण के एक प्रसंग का उल्लेख करते हुए कहा कि जब श्रीराम ने तय कर लिया कि पिता की आज्ञा पर वन जाना है, तो राम ने कहा था कि मैं पुत्र धर्म निभाने जा रहा हूं।
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लक्ष्मण ने भी कहा कि मैं भी वन गमन करूंगा क्योंकि मुझे भातृ धर्म निभाना है। सीता ने कहा कि मुझे पत्नी धर्म निभाना है। इस प्रकार सभी ने अपना धर्म निभाया। उस वक्त हिंदू-मुसलमान कहीं नहीं था। पौराणिक ग्रंथों में भी धर्म के इसी स्वरूप का जिक्र मिलता है।
नाइक ने कहा कि शिक्षण संस्था का उद्देश्य छात्रों में गुणों को विकसित करना है। कोई भी संस्था छात्रों से पहचानी जाती है। उन्होंने नव निर्मित श्रीमती मधु नंदन अग्रवाल भवन के निर्माण में 50 लाख रुपये का दान देने के लिए महेश नंदन अग्रवाल की प्रशंसा की।
इससे पूर्व एटा के सांसद राजवीर सिंह राजू, अलीगढ़ के सांसद सतीश गौतम, कालेज प्रबंध समिति के अध्यक्ष कुलसुमन गोयल, सचिव राजीव अग्रवाल अन्नू, डॉ. भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय आगरा के कुलपति अरविंद कुमार दीक्षित, कालेज के प्रिंसिपल ओपी बंसल ने कार्यक्रम को संबोधित किया।
इस अवसर पर प्रबंध समिति के संरक्षक कुंवर बहादुर अग्रवाल, संयुक्त सचिव मनोज कुमार सिंघल, कोषाध्यक्ष दिनेश कुमार अग्रवाल, राजकुमार अग्रवाल, प्रशांत सिंघल, पूर्व महापौर शकुंतला भारती, आयुक्त अलीगढ़ मंडल सुभाष चंद्र शर्मा, आईजी डॉ. संजीव गुप्ता सहित, प्रशासनिक, पुलिस अधिकारी, कालेज के शिक्षक, छात्र आदि अन्य गण्यमान्य मौजूद थे।
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राज्यपाल मंगलवार को यहां धर्म समाज महाविद्यालय के नव निर्मित श्रीमती मधु नंदन अग्रवाल भवन का लोकार्पण करने आए थे। भवन लोकार्पण के बाद सभागार में उन्होंने कहा कि मराठी भाषा में एक वाक्य है चरैवेति चरैवेति (चलते रहो चलते रहो)। इसी नाम से मैंने पुस्तक भी लिखी है, जिसमें जीवन के अनुभवों का वर्णन है। एक विद्यार्थी और सकारात्मक व्यक्ति के लिए भी किसी भी परिस्थिति में चलते रहना ही सफलता का एक बड़ा कारक है।
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राज्यपाल ने कहा कि धर्म की व्याख्या बेहद संकुचित अर्थों में की जाती है, जो कि उचित नहीं है। यहां तो कॉलेज का नाम ही धर्म समाज है। धर्म का अर्थ आज हिंदू, मुसलमान, सिख, ईसाई के संदर्भ में लिया जाता है। लेकिन जरा सोचिए एक विद्यार्थी का धर्म ज्ञान अर्जन करना है। उन्होंने रामायण के एक प्रसंग का उल्लेख करते हुए कहा कि जब श्रीराम ने तय कर लिया कि पिता की आज्ञा पर वन जाना है, तो राम ने कहा था कि मैं पुत्र धर्म निभाने जा रहा हूं।
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लक्ष्मण ने भी कहा कि मैं भी वन गमन करूंगा क्योंकि मुझे भातृ धर्म निभाना है। सीता ने कहा कि मुझे पत्नी धर्म निभाना है। इस प्रकार सभी ने अपना धर्म निभाया। उस वक्त हिंदू-मुसलमान कहीं नहीं था। पौराणिक ग्रंथों में भी धर्म के इसी स्वरूप का जिक्र मिलता है।
नाइक ने कहा कि शिक्षण संस्था का उद्देश्य छात्रों में गुणों को विकसित करना है। कोई भी संस्था छात्रों से पहचानी जाती है। उन्होंने नव निर्मित श्रीमती मधु नंदन अग्रवाल भवन के निर्माण में 50 लाख रुपये का दान देने के लिए महेश नंदन अग्रवाल की प्रशंसा की।
इससे पूर्व एटा के सांसद राजवीर सिंह राजू, अलीगढ़ के सांसद सतीश गौतम, कालेज प्रबंध समिति के अध्यक्ष कुलसुमन गोयल, सचिव राजीव अग्रवाल अन्नू, डॉ. भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय आगरा के कुलपति अरविंद कुमार दीक्षित, कालेज के प्रिंसिपल ओपी बंसल ने कार्यक्रम को संबोधित किया।
इस अवसर पर प्रबंध समिति के संरक्षक कुंवर बहादुर अग्रवाल, संयुक्त सचिव मनोज कुमार सिंघल, कोषाध्यक्ष दिनेश कुमार अग्रवाल, राजकुमार अग्रवाल, प्रशांत सिंघल, पूर्व महापौर शकुंतला भारती, आयुक्त अलीगढ़ मंडल सुभाष चंद्र शर्मा, आईजी डॉ. संजीव गुप्ता सहित, प्रशासनिक, पुलिस अधिकारी, कालेज के शिक्षक, छात्र आदि अन्य गण्यमान्य मौजूद थे।