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गणपति बप्पा की आराधना ने मूर्तिकारों पर बरसाई लक्ष्मी की कृपा
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आगरा रोड़ पर गणेश मुर्ति तैयार करती गंगा बाई निवासी राजस्थान उदयपुर।
- फोटो : CITY OFFICE
रिंकू शर्मा, अलीगढ़।
कोरोना संक्रमण के चलते दो साल से मूर्तिकारों को रोजी-रोटी तक के लाले पड़े हुए थे। इस बार हालात सामान्य हुए तो गणेश महोत्सव पर इनपर लक्ष्मी जी की खूब कृपा बरसी। गणेश चतुर्थी से लेकर अनंत चतुर्थी तक गणेश प्रतिमा खरीदने वाले ग्राहकों की लाइन लगी रही। मूर्तिकार भी बप्पा की मूर्तियों को गणेश महोत्सव में अंतिम रूप देने में जुटे रहे। कलाकारों ने बताया कि इस बार 25 रुपये से लेकर 21 हजार रुपये तक की मूर्तियां बिक गईं।
अलीगढ़ जैसे शहर में इस बार गणपति महोत्सव का अभूतपूर्व उल्लास देखा गया। लोगों में बड़ी प्रतिमाओं को स्थापित करने की होड़ रही। जबरदस्त बिक्री होने और लक्ष्मी की बारिश से मूर्तिकारों के चेहरे खिले हुए हैं। अब उन्होंने नवरात्रि और दीपावली की तैयारी शुरू कर दी हैं। अनुमान है कि शहर में 10 हजार से अधिक छोटी-बड़ी गणेश प्रतिमाओं की बिक्री हुई है।
इसके अलावा शहर में पूजा सामग्री बेचने, टेंट व्यवसायी, डीजे साउंड सिस्टम और वाहन चालकों को भी खूब रोजगार मिला। शहर के आगरा रोड, नौरंगाबाद, रामघाट रोड, खैर रोड पर गणेश प्रतिमा बनाने वालों के यहां गणेश चतुर्थी से पहले ही प्रतिमा खरीदने वाले गणपति के भक्तों की भीड़ लगी रही। वे गणेशोत्सव के लिए अपने प्रिय देवता की मूर्ति ले जाने के लिए आतुर नजर आए।
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राजस्थान से आई मूर्तिकार गंगाबाई कहती हैं कि सच में इस बार गणपति मेहरबान रहे हैं। मूर्तियां हाथों-हाथ बिकीं। सबसे खास बात है गणेश भक्त मोल-भाव नहीं करते हैं। इस बार गणेश प्रतिमाओं की ज्यादा मांग रही है। उन्होंने बताया कि चार पीढ़ियों से मूर्तियां बनाती आ रही हैं। गणपति की छोटे आकार से लेकर बड़े आकार की भारी-भरकम मूर्तियां बनाई जाती हैं। मूर्ति बनाने का काम साल भर ही चलता रहता है। संवाद
हाथों-हाथ बिकीं गणेश प्रतिमाएं
दो साल से बाजार फीका था। इस बार गणेश उत्सव में गणेश प्रतिमाओं की खूब बिक्री हुई है। दुकान में रखा सारा स्टॉक खत्म हो गया है। अब श्राद्ध पक्ष के बाद नवरात्र आने वाले हैं। इसको लेकर देवी प्रतिमाओं को बनाने के अलावा दीपावली के त्योहार की तैयारियों में जुट गए हैं।
विकास कुमार, नौरंगाबाद
बप्पा की मूर्ति की सबसे अधिक मांग
कोरोना काल के बाद इस बार बाजार में जबरदस्त उछाल आया। लंबे समय के बाद मूर्तिकारों को अपनी कला का प्रदर्शन करने का अवसर मिला है। इस बार बप्पा की मूर्तियों की सबसे अधिक मांग रही है। गणेश प्रतिमाओं की उम्मीद से भी कहीं अधिक बिक्री हुई है।
-वंदना पिल्लई, दुकानदार
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कोरोना संक्रमण के चलते दो साल से मूर्तिकारों को रोजी-रोटी तक के लाले पड़े हुए थे। इस बार हालात सामान्य हुए तो गणेश महोत्सव पर इनपर लक्ष्मी जी की खूब कृपा बरसी। गणेश चतुर्थी से लेकर अनंत चतुर्थी तक गणेश प्रतिमा खरीदने वाले ग्राहकों की लाइन लगी रही। मूर्तिकार भी बप्पा की मूर्तियों को गणेश महोत्सव में अंतिम रूप देने में जुटे रहे। कलाकारों ने बताया कि इस बार 25 रुपये से लेकर 21 हजार रुपये तक की मूर्तियां बिक गईं।
अलीगढ़ जैसे शहर में इस बार गणपति महोत्सव का अभूतपूर्व उल्लास देखा गया। लोगों में बड़ी प्रतिमाओं को स्थापित करने की होड़ रही। जबरदस्त बिक्री होने और लक्ष्मी की बारिश से मूर्तिकारों के चेहरे खिले हुए हैं। अब उन्होंने नवरात्रि और दीपावली की तैयारी शुरू कर दी हैं। अनुमान है कि शहर में 10 हजार से अधिक छोटी-बड़ी गणेश प्रतिमाओं की बिक्री हुई है।
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इसके अलावा शहर में पूजा सामग्री बेचने, टेंट व्यवसायी, डीजे साउंड सिस्टम और वाहन चालकों को भी खूब रोजगार मिला। शहर के आगरा रोड, नौरंगाबाद, रामघाट रोड, खैर रोड पर गणेश प्रतिमा बनाने वालों के यहां गणेश चतुर्थी से पहले ही प्रतिमा खरीदने वाले गणपति के भक्तों की भीड़ लगी रही। वे गणेशोत्सव के लिए अपने प्रिय देवता की मूर्ति ले जाने के लिए आतुर नजर आए।
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राजस्थान से आई मूर्तिकार गंगाबाई कहती हैं कि सच में इस बार गणपति मेहरबान रहे हैं। मूर्तियां हाथों-हाथ बिकीं। सबसे खास बात है गणेश भक्त मोल-भाव नहीं करते हैं। इस बार गणेश प्रतिमाओं की ज्यादा मांग रही है। उन्होंने बताया कि चार पीढ़ियों से मूर्तियां बनाती आ रही हैं। गणपति की छोटे आकार से लेकर बड़े आकार की भारी-भरकम मूर्तियां बनाई जाती हैं। मूर्ति बनाने का काम साल भर ही चलता रहता है। संवाद
हाथों-हाथ बिकीं गणेश प्रतिमाएं
दो साल से बाजार फीका था। इस बार गणेश उत्सव में गणेश प्रतिमाओं की खूब बिक्री हुई है। दुकान में रखा सारा स्टॉक खत्म हो गया है। अब श्राद्ध पक्ष के बाद नवरात्र आने वाले हैं। इसको लेकर देवी प्रतिमाओं को बनाने के अलावा दीपावली के त्योहार की तैयारियों में जुट गए हैं।
विकास कुमार, नौरंगाबाद
बप्पा की मूर्ति की सबसे अधिक मांग
कोरोना काल के बाद इस बार बाजार में जबरदस्त उछाल आया। लंबे समय के बाद मूर्तिकारों को अपनी कला का प्रदर्शन करने का अवसर मिला है। इस बार बप्पा की मूर्तियों की सबसे अधिक मांग रही है। गणेश प्रतिमाओं की उम्मीद से भी कहीं अधिक बिक्री हुई है।
-वंदना पिल्लई, दुकानदार