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हज यात्रा में न ले जाएं दो हजार का नोट
अमर उजाला ब्यूूराे
Updated Fri, 14 Jul 2017 01:28 AM IST
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दोदपुर ख्वाजा गार्डन में आयोजित शिविर में हज पर जाने वाले लोग।
- फोटो : Amar Ujala
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अगर हज पर जा रहे हैं, तो दो हजार रुपये के नोट न ले जाएं। वहां इन नोटों को स्थानीय करेंसी रियाल में बदलने में दिक्कतें आ रही हैं या बदलने से साफ मना किया जा रहा है। इस जानकारी को हर हज यात्री तक पहुंचाने के लिए खुद्दाम-उल-हुज्जाज को नसीहत दी गई है।
11 जुलाई को मुंबई के हज हाउस में हज कमेटी ऑफ इंडिया की ओर से हुई देशभर के खुद्दाम-उल-हुज्जाज की बैठक में दो हजार के नोट की बाबत शंकाओं का समाधान किया गया। हज ट्रेनर डॉ. मोहम्मद वजीर के मुताबिक, इस बैठक में खुद्दाम-उल-हुज्जाज से कहा गया कि वह हज ट्रेनिंग के दौरान हज यात्रियों से गुजारिश करें कि वह दो हजार के नोट अपने साथ न ले जाएं। दरअसल, अरब में इस नोट को रियाल में बदलने में दुश्वारी आ रही है।
इसलिए, दो हजार रुपये के नोट ले जाने से बचें। अलबत्ता, 500 के नोट ले जाएं। उन्होंने कहा कि कस्टम डिपार्टमेंट ने भी इस बारे में फरमान जारी कर दिया है कि उड़ान भरने से पहले दो हजार के नोट को डिपार्टमेंट जब्त कर सकता है। हालांकि, 50 हजार रुपये आजमीन-ए-हज अपने साथ खरीदारी के लिए ले जा सकते हैं।
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कहा कि हाल ही में उमरा करके लौटे लोगों ने बताया है कि अरब में कहीं-कहीं तो इस नोट को लेने से साफ इंकार कर दिया गया। एसवी कालेज के असिस्टेंट प्रोफेसर डा. एसआर खालिद का कहना है कि उनको भी उमरा के दौरान दो हजार रुपये के नोट बदलने में दुश्वारी का सामना करना पड़ा था।
आजमीन-ए-हज के लिए ट्रेनिंग जरूरी : समद
आजमीन-ए- हज के लिए ट्रेनिंग जरूरी है। गुरुवार को यह बात जिला हज ट्रेनर अब्दुल समद ने ख्वाजा गार्डन (पान वाली कोठी) दोदपुर में हज प्रशिक्षण शिविर के अंतिम दिन कहीं। ट्रेनिंग में 215 आजमीन-ए- हज शामिल हुए। 77 हज यात्रियों को टीकाकरण और पोलियो मुक्त की खुराक दी गई।
जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. राहुल कुलश्रेष्ठ की देखरेख में टीकाकरण हुआ। टीकाकरण से बचे हज यात्री ट्रेनिंग कार्ड हज हाउस, मुस्लिम मुसाफिर खाना रेलवे रोड में ख्वाजा ताहिर से संपर्क कर लें। टीकाकरण व पोलियो मुक्त की खुराक सिविल अस्पताल में 18 जुलाई को लगवा लें। अध्यक्षता पूर्व मंत्री ख्वाजा हलीम ने की। यूनिवर्सिटी हेल्थ सर्विस एएमयू सीएमओ डॉ. शारिक अकील, शमशाद अहमद खां, मौलाना कलीमुददीन, डॉ. मोहम्मद वजीर मौजूद रहे।
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11 जुलाई को मुंबई के हज हाउस में हज कमेटी ऑफ इंडिया की ओर से हुई देशभर के खुद्दाम-उल-हुज्जाज की बैठक में दो हजार के नोट की बाबत शंकाओं का समाधान किया गया। हज ट्रेनर डॉ. मोहम्मद वजीर के मुताबिक, इस बैठक में खुद्दाम-उल-हुज्जाज से कहा गया कि वह हज ट्रेनिंग के दौरान हज यात्रियों से गुजारिश करें कि वह दो हजार के नोट अपने साथ न ले जाएं। दरअसल, अरब में इस नोट को रियाल में बदलने में दुश्वारी आ रही है।
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इसलिए, दो हजार रुपये के नोट ले जाने से बचें। अलबत्ता, 500 के नोट ले जाएं। उन्होंने कहा कि कस्टम डिपार्टमेंट ने भी इस बारे में फरमान जारी कर दिया है कि उड़ान भरने से पहले दो हजार के नोट को डिपार्टमेंट जब्त कर सकता है। हालांकि, 50 हजार रुपये आजमीन-ए-हज अपने साथ खरीदारी के लिए ले जा सकते हैं।
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कहा कि हाल ही में उमरा करके लौटे लोगों ने बताया है कि अरब में कहीं-कहीं तो इस नोट को लेने से साफ इंकार कर दिया गया। एसवी कालेज के असिस्टेंट प्रोफेसर डा. एसआर खालिद का कहना है कि उनको भी उमरा के दौरान दो हजार रुपये के नोट बदलने में दुश्वारी का सामना करना पड़ा था।
आजमीन-ए-हज के लिए ट्रेनिंग जरूरी : समद
आजमीन-ए- हज के लिए ट्रेनिंग जरूरी है। गुरुवार को यह बात जिला हज ट्रेनर अब्दुल समद ने ख्वाजा गार्डन (पान वाली कोठी) दोदपुर में हज प्रशिक्षण शिविर के अंतिम दिन कहीं। ट्रेनिंग में 215 आजमीन-ए- हज शामिल हुए। 77 हज यात्रियों को टीकाकरण और पोलियो मुक्त की खुराक दी गई।
जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. राहुल कुलश्रेष्ठ की देखरेख में टीकाकरण हुआ। टीकाकरण से बचे हज यात्री ट्रेनिंग कार्ड हज हाउस, मुस्लिम मुसाफिर खाना रेलवे रोड में ख्वाजा ताहिर से संपर्क कर लें। टीकाकरण व पोलियो मुक्त की खुराक सिविल अस्पताल में 18 जुलाई को लगवा लें। अध्यक्षता पूर्व मंत्री ख्वाजा हलीम ने की। यूनिवर्सिटी हेल्थ सर्विस एएमयू सीएमओ डॉ. शारिक अकील, शमशाद अहमद खां, मौलाना कलीमुददीन, डॉ. मोहम्मद वजीर मौजूद रहे।