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Aligarh News: डिजिटल पुस्तकालय विद्यार्थियों के लिए बनेगा वरदान

Sat, 04 Feb 2023 01:56 AM IST
Aligarh Bureau अलीगढ़ ब्यूरो
Updated Sat, 04 Feb 2023 01:56 AM IST
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Digital library will be a boon for students
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपने बजट में बच्चों और किशोराें के लिए डिजिटल पुस्तकालय का जिक्र किया है। डिजिटल पुस्तकालय से ज्ञान बढ़ेगा। यह बच्चों के लिए वरदान बनेगा। स्कूलों को भी डिजिटल पुस्तकालय से जोड़ा जाएगा। इस पुस्तकालय में पुस्तकों तक बच्चे या किशोर की पहुंच होगी। बजट में राष्ट्रीय डिजिटल पुस्तकालय को पंचायत और वार्ड स्तर खोला जाएगा। पुस्तकालय सभी उम्र के विद्यार्थियों के हिसाब से पुस्तकें उपलब्ध होंगी।
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क्या है डिजिटल पुस्तकालय
डिजिटल पुस्तकालय में पुस्तकें आभाषी है। कंप्यूटर के स्क्रीन पर टेक्स्ट, फोटो, वीडियो या ऑडियो भी शामिल होंगे। डिजिटल पुस्तकालय में कहीं से भी प्रवेश किया जा सकता है। इससे विद्यार्थियों को लाभ मिलेगा। डिजिटल पुस्तकालय में एक हाई स्पीड लोकल नेटवर्क, रिलेशनल डेटाबेस, विभिन्न प्रकार के सर्वर और डॉक्यूमेंट मैनेजमेंट सिस्टम शामिल है।
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सरकार द्वारा डिजिटल लाइब्रेरी के लिए बजट का प्रावधान एक क्रांतिकारी कदम है। इससे 24 घंटे पुस्तकालय की सुविधा उपलब्ध हो सकेगी। उन लोगों को काफी सुविधा होगी जो कीमती पुस्तकों को खरीदने में सक्षम नहीं हैं। प्रतियोगी छात्रों के लिए निर्णायक मदद मिलेगी । इसमें आडियो- वीडियो सामग्री भी उपलब्ध रहेगी। विद्यालय को भी इससे जोड़ने की प्रयास प्रशंसनीय है। -डॉ. चंद्र शेखर शर्मा, शिक्षक
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डिजिटल पुस्तकालय से छात्रों को काफी मदद मिलेगी। विद्यालय या बाजार में किसी कारणवश जो किताबें उपलब्ध नहीं हो पाती हैं, उनको हम डिजिटल लाइब्रेरी पर जाकर पढ़ सकेंगे। वहां से नोट्स लेकर परीक्षाओं में अच्छे अंक ला सकेंगे। प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी भी कर सकेंगे। यह सरकार का एक अच्छा कदम है। -चित्रांश वार्ष्णेय, छात्र


मौलाना आजाद पुस्तकालय हो चुका 90 फीसदी डिजिटल
एएमयू के मौलाना आजाद पुस्तकालय 90 फीसदी डिजिटल हो चुका है। दुर्लभ पांडुलिपि और दुर्लभ पुस्तकों का डिजिटलीकरण हो चुका है। बाकी 10 फीसदी जल्द हो जाएगा।
पुस्तकालय अध्यक्ष प्रो. निशात फातिमा ने बताया कि पुस्तकालय में 14 लाख से ज्यादा किताबें और दुर्लभ पांडुलिपियां हैं। पुस्तकालय की बुनियाद लॉर्ड लिटन ने मोहम्मद एंग्लो ओरिएंटल कॉलेज की स्थापना के समय रखी थी। पुस्तकालय में उर्दू, फारसी, संस्कृत और अरबी भाषाओं में दुर्लभ पांडुलिपियों और पुस्तकों का विश्व प्रसिद्ध भंडार है। इस्लाम, हिंदू धर्म आदि पर दुर्लभ और अमूल्य पांडुलिपियां हैं। कुरान की एक प्रति 1400 वर्ष से अधिक पुरानी है। अबुल फैज फैजी द्वारा श्रीमद्भागवत गीता का फारसी अनुवाद है।

प्रो. फातिमा ने कहा कि पुस्तकालय में रोजाना आठ हजार लोगों की आमद-रफ्त होती है। एक साथ दो हजार लोग बैठकर पढ़ सकते हैं। उन्होंने कहा कि पुस्तकालय सुबह आठ बजे से शुरू होकर रात दो बजे तक रहकर छात्र-छात्राएं पढ़ती हैं।

हजरत अली जयंती पर पुस्तक प्रदर्शनी
एएमयू के मौलाना आजाद पुस्तकालय में पांच फरवरी को हजरत अली जयंती पर पुस्तक प्रदर्शनी लगेगी। पैगंबर-ए-इस्लाम मोहम्मद साहब के दामाद हजरत अली द्वारा लिखित पवित्र कुरान की एक आयत कुफी लिपि में चर्मपत्र पर लिखी गई है, जिसे दिखाया जाएगा। पुस्तकालय अध्यक्ष प्रो. निशात फातिमा ने बताया कि प्रदर्शनी का शुभारंभ सुबह 10 बजे कुलपति प्रो. तारिक मंसूर करेंगे।
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