{"_id":"66e8c8fee80d1aa3300d2bc1","slug":"dharna-over-non-construction-of-sankara-ramghat-road-people-from-many-villages-joined-the-dharna-in-village-pyawali-aligarh-news-c-2-1-ali1010-486433-2024-09-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Aligarh News: सांकरा-रामघाट मार्ग निर्माण न होने पर दिया धरना- गांव प्यावली में धरने में शामिल हुए कई गांवों के लोग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Aligarh News: सांकरा-रामघाट मार्ग निर्माण न होने पर दिया धरना- गांव प्यावली में धरने में शामिल हुए कई गांवों के लोग
Tue, 17 Sep 2024 05:40 AM IST
अलीगढ़ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अलीगढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, अलीगढ़
Updated Tue, 17 Sep 2024 05:40 AM IST
विज्ञापन
सांकरा-रामघाट मार्ग का निर्माण न होने से परेशान लोगों ने सोमवार को गांव प्यावली पुल के पास धरना देकर प्रदर्शन किया। इसमें कई गांवों के निवासी शामिल हुए। मौके पर पहुंचे नायब तहसीलदार को मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपा, जिसमें मार्ग के निर्माण की मांग की गई।
धरना-प्रदर्शन में गांव सीसई, प्यावली, आलीपुर, दीनापुर, रायपुर, नगला बढ़न, गंगावास, तोडनपुर, सांकरा सहित अन्य गांवों के निवासी शामिल रहे। ग्रामीणों का कहना था कि यह मार्ग पूरी तरह जर्जर है। जगह-जगह सड़क टूटी है। बारिश में दोपहिया वाहन और साइकिल सहित पैदल चलने तक में मुश्किल होती है।
ग्रामीणों ने बताया कि करीब 18 वर्ष पहले यह सड़क बनी थी। इसके बाद से मरम्मत तक नहीं करवाई गई। यह धरना-प्रदर्शन तीन घंटे तक चला। नायब तहसीलदार मयंक गोयल को ज्ञापन सौंपा गया।
विज्ञापन
-- -- --
बरसों से परेशान हैं...
ग्रामीण राजेंद्र सिंह निषाद का कहना है कि बारिश होने पर छात्र-छात्राओं को स्कूल जाने में काफी परेशानी होती है। कई बार फिसलकर गिर जाते हैं। उनके कपड़े गंदे हो जाते हैं। यशपाल सिंह यादव ने कहा कि बारिश का पानी भरने पर मरीज को इलाज के लिए ले जाने में सबसे ज्यादा परेशानी होती है। उन्होंने बरसों बरस की इस समस्या का निराकरण कराने की मांग की है।
विज्ञापन
धरना-प्रदर्शन में गांव सीसई, प्यावली, आलीपुर, दीनापुर, रायपुर, नगला बढ़न, गंगावास, तोडनपुर, सांकरा सहित अन्य गांवों के निवासी शामिल रहे। ग्रामीणों का कहना था कि यह मार्ग पूरी तरह जर्जर है। जगह-जगह सड़क टूटी है। बारिश में दोपहिया वाहन और साइकिल सहित पैदल चलने तक में मुश्किल होती है।
विज्ञापन
ग्रामीणों ने बताया कि करीब 18 वर्ष पहले यह सड़क बनी थी। इसके बाद से मरम्मत तक नहीं करवाई गई। यह धरना-प्रदर्शन तीन घंटे तक चला। नायब तहसीलदार मयंक गोयल को ज्ञापन सौंपा गया।
विज्ञापन
बरसों से परेशान हैं...
ग्रामीण राजेंद्र सिंह निषाद का कहना है कि बारिश होने पर छात्र-छात्राओं को स्कूल जाने में काफी परेशानी होती है। कई बार फिसलकर गिर जाते हैं। उनके कपड़े गंदे हो जाते हैं। यशपाल सिंह यादव ने कहा कि बारिश का पानी भरने पर मरीज को इलाज के लिए ले जाने में सबसे ज्यादा परेशानी होती है। उन्होंने बरसों बरस की इस समस्या का निराकरण कराने की मांग की है।