{"_id":"62547c2c09fc0d79e277e9bc","slug":"aligarh-uproar-in-district-hospital-over-health-verification-aligarh-news-ali289072522","type":"story","status":"publish","title_hn":"अलीगढ़ : स्वास्थ्य सत्यापन को लेकर जिला अस्पताल में हंगामा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अलीगढ़ : स्वास्थ्य सत्यापन को लेकर जिला अस्पताल में हंगामा
विज्ञापन
मलखान सिंह जिला चिकित्सालय में स्वास्थ्य सत्यापन कराने पहुंचे लोगों ने जमकर हंगामा किया। सूचना के बाद विधायक अनिल पाराशर, एमएलसी डॉ. मानवेंद्र प्रताप सिंह एवं सीएमओ डॉ. नीरज त्यागी पहुंच गए। अनावश्यक दबाव बनाए जाने से चिकित्सक असहज नजर आए।
श्रीअमरनाथ यात्रा के पहले श्रद्धालु को चिकित्सक से स्वास्थ्य सत्यापन कराना पड़ता है कि वह शारीरिक रूप से यात्रा के फिट है या नहीं। सोमवार को 30 से अधिक लोग सत्यापन के लिए मलखान सिंह जिला चिकित्सालय में पहुंच गए। कुछ लोग अपने परिजनों का भी स्वास्थ्य सत्यापन उनकी गैर मौजूदगी में कराना चाह रहे थे।
चिकित्सकों का कहना था कि श्रद्धालु यात्री को देखे बिना कैसे सत्यापन कर दें, जबकि परिजन कह रहे थे कि सभी लोग स्वस्थ हैं। आप सत्यापन कर दें। इसको लेकर काफी हंगामा हुआ। चिकित्सक घबरा गए। मामला सीएमएस डॉ. ईश्वर देवी बत्रा के कार्यालय तक पहुंच गया।
विज्ञापन
लोगों ने फोन कर विधायक अनिल पाराशर, एमएलसी डॉ. मानवेंद्र प्रताप सिंह एवं सीएमओ डॉ. नीरज त्यागी को बुला लिया। समझा बुझाकर मामला शांत कराया गया। कुछ लोगों का सत्यापन भी हुआ। हालांकि अनावश्यक दबाव से चिकित्सक असहज महसूस कर रहे थे।
विज्ञापन
श्रीअमरनाथ यात्रा के पहले श्रद्धालु को चिकित्सक से स्वास्थ्य सत्यापन कराना पड़ता है कि वह शारीरिक रूप से यात्रा के फिट है या नहीं। सोमवार को 30 से अधिक लोग सत्यापन के लिए मलखान सिंह जिला चिकित्सालय में पहुंच गए। कुछ लोग अपने परिजनों का भी स्वास्थ्य सत्यापन उनकी गैर मौजूदगी में कराना चाह रहे थे।
विज्ञापन
चिकित्सकों का कहना था कि श्रद्धालु यात्री को देखे बिना कैसे सत्यापन कर दें, जबकि परिजन कह रहे थे कि सभी लोग स्वस्थ हैं। आप सत्यापन कर दें। इसको लेकर काफी हंगामा हुआ। चिकित्सक घबरा गए। मामला सीएमएस डॉ. ईश्वर देवी बत्रा के कार्यालय तक पहुंच गया।
विज्ञापन
लोगों ने फोन कर विधायक अनिल पाराशर, एमएलसी डॉ. मानवेंद्र प्रताप सिंह एवं सीएमओ डॉ. नीरज त्यागी को बुला लिया। समझा बुझाकर मामला शांत कराया गया। कुछ लोगों का सत्यापन भी हुआ। हालांकि अनावश्यक दबाव से चिकित्सक असहज महसूस कर रहे थे।