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बारिश में जर्जर और गिरासू भवन बने चिंता का विषय
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गरा रोड पर गिराशू भवन । संवाद
- फोटो : CITY OFFICE
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दीपक शर्मा
लगातार हो रही बारिश और मुंबई में भूस्खलन की घटना के बाद अलीगढ़ में भी जर्जर और गिरासू भवनों को लेकर कांग्रेसी नेता ने चिंता जाहिर की है। कांग्रेस नेता ठाकुर गजेंद्र सिंह ने नगर निगम को पत्र लिखकर गिरासू भवनों में रहने वालों के संबंध में आवश्यक उपाय करने की मांग की है।
लगातार बूंदाबांदी और बारिश के कारण इन भवनों के आसपास और उनमें रहने वाले लोग खतरे के दायरे में आ जाते हैं। गौरतलब है कि अलीगढ़ शहर में 180 से अधिक जर्जर और गिरासू भवन नगर निगम द्वारा चिन्हित किए गए हैं। हालांकि, नगर निगम की दलील रहती है कि अधिकांश भवनों पर न्यायालय में वाद विचाराधीन है, इसलिए वह एक सीमा से अधिक कुछ नहीं कर सकते हैं।
यहां पर हैं गिरासू भवन
शहर के ऊपर कोट, कनवरी गंज, बनिया पाड़ा, हाथी पुल, सराय सुल्तानी, सराय इंतेजाम अली, मदार गेट, सर्राफा मार्केट, मामू भांजा, रेलवे रोड, सराय हकीम आदि क्षेत्रों में जर्जर व गिरासू भवन हैं।
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मदार गेट में कुछ दिन पहले जर्जर भवन में हुआ था धमाका
कुछ जर्जर भवन ऐसे हैं, उनमें कोई भी नहीं रहता है। ऐसे भवन कभी भी गिर सकते हैं। इसके साथ साथ इसमें असामाजिक तत्व उठते बैठते हैं। पिछले दिनों मदार गेट क्षेत्र में एक ऐसे ही जर्जर भवन में धमाका होने की घटना हुई। माना गया किसी असामाजिक तत्व ने यह शरारत की।
भारी वर्षा की संभावना को देखते हुए नगर निगम ने गूलर रोड, गांधी पार्क तथा भुजपुरा स्थित शेल्टर होम्स को राहत शिविर के रूप में परिवर्तित कर दिया है। जिसमें विश्राम करने वाले लोगों के ठहरने, सुरक्षा, पेयजल सहित सभी आवश्यक सुविधाओं को पूरा करने के निर्देश जारी किए गए हैं।
- प्रेम रंजन सिंह, नगर आयुक्त
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लगातार हो रही बारिश और मुंबई में भूस्खलन की घटना के बाद अलीगढ़ में भी जर्जर और गिरासू भवनों को लेकर कांग्रेसी नेता ने चिंता जाहिर की है। कांग्रेस नेता ठाकुर गजेंद्र सिंह ने नगर निगम को पत्र लिखकर गिरासू भवनों में रहने वालों के संबंध में आवश्यक उपाय करने की मांग की है।
लगातार बूंदाबांदी और बारिश के कारण इन भवनों के आसपास और उनमें रहने वाले लोग खतरे के दायरे में आ जाते हैं। गौरतलब है कि अलीगढ़ शहर में 180 से अधिक जर्जर और गिरासू भवन नगर निगम द्वारा चिन्हित किए गए हैं। हालांकि, नगर निगम की दलील रहती है कि अधिकांश भवनों पर न्यायालय में वाद विचाराधीन है, इसलिए वह एक सीमा से अधिक कुछ नहीं कर सकते हैं।
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यहां पर हैं गिरासू भवन
शहर के ऊपर कोट, कनवरी गंज, बनिया पाड़ा, हाथी पुल, सराय सुल्तानी, सराय इंतेजाम अली, मदार गेट, सर्राफा मार्केट, मामू भांजा, रेलवे रोड, सराय हकीम आदि क्षेत्रों में जर्जर व गिरासू भवन हैं।
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मदार गेट में कुछ दिन पहले जर्जर भवन में हुआ था धमाका
कुछ जर्जर भवन ऐसे हैं, उनमें कोई भी नहीं रहता है। ऐसे भवन कभी भी गिर सकते हैं। इसके साथ साथ इसमें असामाजिक तत्व उठते बैठते हैं। पिछले दिनों मदार गेट क्षेत्र में एक ऐसे ही जर्जर भवन में धमाका होने की घटना हुई। माना गया किसी असामाजिक तत्व ने यह शरारत की।
भारी वर्षा की संभावना को देखते हुए नगर निगम ने गूलर रोड, गांधी पार्क तथा भुजपुरा स्थित शेल्टर होम्स को राहत शिविर के रूप में परिवर्तित कर दिया है। जिसमें विश्राम करने वाले लोगों के ठहरने, सुरक्षा, पेयजल सहित सभी आवश्यक सुविधाओं को पूरा करने के निर्देश जारी किए गए हैं।
- प्रेम रंजन सिंह, नगर आयुक्त