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नुमाइश में स्थगित हुआ मुशायरा अब 23 मार्च को शहीदी दिवस पर होगा
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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
राजकीय औद्योगिक एवं कृषि प्रदर्शनी में होने वाला और बाद में स्थगित हुआ, कुल हिंद मुशायरा अब 23 मार्च शहीदी दिवस के अवसर पर पर होगा। मुशायरा कोहेनूर मंच पर नहीं कृष्णांजलि नाट्यशाला में होगा।
इस मुशायरे के माध्यम से पुलवामा में शहीद हुए सैनिकों को श्रद्धांजलि दी जाएगी। इसीलिए इसके आयोजन की तिथि 23 मार्च चुनी गई है, जिस दिन शहीद ए आजम भगत सिंह और उनके साथियों को फांसी दी गई थी।
अलीगढ़ नुमाइश में अन्य कार्यक्रमों के साथ साथ कुल हिंद मुशायरा भी होता है। इसमें देश के नामचीन शायर शिरकत करते हैं। इस बार प्रदर्शनी में इस मुशायरे की तारीख 13 फरवरी थी।
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लेकिन अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय में हुई हिंसा और उपद्रव की घटना के बाद हालात को देखते हुए प्रशासन ने मुशायरा स्थगित कर दिया था। मुशायरे को प्रदर्शनी के बाद आयोजित करने की बात कही गई थी।
इस बात की घोषणा समापन समारोह कार्यक्रम के दौरान जिलाधिकारी चंद्रभूषण सिंह ने अपने संबोधन में भी कही थी। अब मुशायरे का संयोजन करने वाले डॉ. मुदस्सिर कहते हैं कि यह मुशायरा अब 23 मार्च को कृष्णांजलि नाट्यशाला में होगा।
इसमें जिन शायरों के आने की संभावना है उनमें मुनव्वर राना, अंजुम रहबर, शबीना अदीब, नसीम निकहत, ताहिर फराज, मंजर भोपाली आदि शामिल हैं। शायरों की सूची में फेरबदल भी हो सकता है।
मुशायरे के माध्यम से पुलवामा में शहीद हुए और इसके बाद पाकिस्तान को जवाबी हमले में शहीद हुए सैनिकों को श्रद्धांजलि दी जाएगी।
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राजकीय औद्योगिक एवं कृषि प्रदर्शनी में होने वाला और बाद में स्थगित हुआ, कुल हिंद मुशायरा अब 23 मार्च शहीदी दिवस के अवसर पर पर होगा। मुशायरा कोहेनूर मंच पर नहीं कृष्णांजलि नाट्यशाला में होगा।
इस मुशायरे के माध्यम से पुलवामा में शहीद हुए सैनिकों को श्रद्धांजलि दी जाएगी। इसीलिए इसके आयोजन की तिथि 23 मार्च चुनी गई है, जिस दिन शहीद ए आजम भगत सिंह और उनके साथियों को फांसी दी गई थी।
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अलीगढ़ नुमाइश में अन्य कार्यक्रमों के साथ साथ कुल हिंद मुशायरा भी होता है। इसमें देश के नामचीन शायर शिरकत करते हैं। इस बार प्रदर्शनी में इस मुशायरे की तारीख 13 फरवरी थी।
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लेकिन अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय में हुई हिंसा और उपद्रव की घटना के बाद हालात को देखते हुए प्रशासन ने मुशायरा स्थगित कर दिया था। मुशायरे को प्रदर्शनी के बाद आयोजित करने की बात कही गई थी।
इस बात की घोषणा समापन समारोह कार्यक्रम के दौरान जिलाधिकारी चंद्रभूषण सिंह ने अपने संबोधन में भी कही थी। अब मुशायरे का संयोजन करने वाले डॉ. मुदस्सिर कहते हैं कि यह मुशायरा अब 23 मार्च को कृष्णांजलि नाट्यशाला में होगा।
इसमें जिन शायरों के आने की संभावना है उनमें मुनव्वर राना, अंजुम रहबर, शबीना अदीब, नसीम निकहत, ताहिर फराज, मंजर भोपाली आदि शामिल हैं। शायरों की सूची में फेरबदल भी हो सकता है।
मुशायरे के माध्यम से पुलवामा में शहीद हुए और इसके बाद पाकिस्तान को जवाबी हमले में शहीद हुए सैनिकों को श्रद्धांजलि दी जाएगी।