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कैंसर रोग से पीड़ित एडीजे की मौत, दीवानी में शोक
Updated Fri, 13 Jul 2018 02:13 AM IST
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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
दीवानी न्यायालय में अपर सत्र न्यायाधीश-9 के पद पर तैनात एडीजे नसीम अहमद का बुधवार रात इंतकाल हो गया। करीब 55 वर्षीय नसीम अहमद लंबे समय से कैंसर रोग से पीड़ित थे और उनका दिल्ली के चिकित्सकों की सलाह पर यहां जेएन मेडिकल कॉलेज में इलाज चल रहा था। देर रात करीब साढ़े नौ बजे उन्होंने मेडिकल कॉलेज में अंतिम सांस ली।
उनके इंतकाल की खबर पर परिवार के साथ-साथ दीवानी न्यायालय के समस्त अधिवक्ताओं व न्यायिक अधिकारियों में शोक की लहर दौड़ गई। उनका शव रात में ही पैतृक आवास बरेली ले जाया गया। इधर, दीवानी में गुरुवार को शोकावकाश घोषित कर दिया गया।
मूल रूप से बरेली के नवाबगंज निवासी नसीम अहमद वर्ष 1999 से न्यायिक सेवा में थे। वह यहां मलखान नगर स्थित न्यायिक अधिकारियों की आवासीय कॉलोनी के मकान नंबर जे-36 में पत्नी, बेटी व बेटे के साथ रहते थे। पिछले कई माह से वह कैंसर रोग से पीड़ित थे।
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उनका यहां जेएन मेडिकल कॉलेज में इलाज चल रहा था। लगातार तबियत खराब होने के कारण उन्हें यहां भर्ती भी किया जाता था। रात करीब साढ़े नौ बजे उनकी मौत की खबर आई तो तमाम न्यायिक अधिकारी वहां पहुंच गए। अन्य औपचारिकताओं के बाद रात करीब साढ़े 11 बजे उनका शव नवाबगंज ले जाया गया।
इस दौरान कई अधिवक्ता व न्यायिक अधिकारी शव के साथ यहां से गए हैं। इधर, उनके निधन को लेकर दि अलीगढ़ बार एसोसिएशन के अध्यक्ष राजेंद्र सिंह की अध्यक्षता में व महासचिव रामअवतार सिंह के संचालन में बैठक हुई। जिसमें निधन पर शोक जताया गया और शोकावकाश घोषित किया गया। इधर, उनके निधन पर पूर्व सचिव योगेश सारस्वत, राकेश पंडित आदि ने भी निधन पर शोक जताया है।
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दीवानी न्यायालय में अपर सत्र न्यायाधीश-9 के पद पर तैनात एडीजे नसीम अहमद का बुधवार रात इंतकाल हो गया। करीब 55 वर्षीय नसीम अहमद लंबे समय से कैंसर रोग से पीड़ित थे और उनका दिल्ली के चिकित्सकों की सलाह पर यहां जेएन मेडिकल कॉलेज में इलाज चल रहा था। देर रात करीब साढ़े नौ बजे उन्होंने मेडिकल कॉलेज में अंतिम सांस ली।
उनके इंतकाल की खबर पर परिवार के साथ-साथ दीवानी न्यायालय के समस्त अधिवक्ताओं व न्यायिक अधिकारियों में शोक की लहर दौड़ गई। उनका शव रात में ही पैतृक आवास बरेली ले जाया गया। इधर, दीवानी में गुरुवार को शोकावकाश घोषित कर दिया गया।
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मूल रूप से बरेली के नवाबगंज निवासी नसीम अहमद वर्ष 1999 से न्यायिक सेवा में थे। वह यहां मलखान नगर स्थित न्यायिक अधिकारियों की आवासीय कॉलोनी के मकान नंबर जे-36 में पत्नी, बेटी व बेटे के साथ रहते थे। पिछले कई माह से वह कैंसर रोग से पीड़ित थे।
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उनका यहां जेएन मेडिकल कॉलेज में इलाज चल रहा था। लगातार तबियत खराब होने के कारण उन्हें यहां भर्ती भी किया जाता था। रात करीब साढ़े नौ बजे उनकी मौत की खबर आई तो तमाम न्यायिक अधिकारी वहां पहुंच गए। अन्य औपचारिकताओं के बाद रात करीब साढ़े 11 बजे उनका शव नवाबगंज ले जाया गया।
इस दौरान कई अधिवक्ता व न्यायिक अधिकारी शव के साथ यहां से गए हैं। इधर, उनके निधन को लेकर दि अलीगढ़ बार एसोसिएशन के अध्यक्ष राजेंद्र सिंह की अध्यक्षता में व महासचिव रामअवतार सिंह के संचालन में बैठक हुई। जिसमें निधन पर शोक जताया गया और शोकावकाश घोषित किया गया। इधर, उनके निधन पर पूर्व सचिव योगेश सारस्वत, राकेश पंडित आदि ने भी निधन पर शोक जताया है।