फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   XEN, AE and registration clerk face charges of possessing disproportionate assets, investigation begins

UP: आय से अधिक संपत्ति के आरोपों में घिरे एक्सईएन, एई और निबंधन लिपिक पर गंभीर आरोप; जांच शुरू

Tue, 30 Sep 2025 07:57 AM IST
आगरा ब्यूरो अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा Published by: आगरा ब्यूरो Updated Tue, 30 Sep 2025 07:57 AM IST
सार

लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) निर्माण खंड-2 के अधिशासी अभियंता और रजिस्ट्री दफ्तर में तैनात निबंधन लिपिक आय से अधिक संपत्ति के आरोपों में घिर गए हैं। विजिलेंस ने दोनों के खिलाफ जांच शुरू कर दी है। 

विज्ञापन
XEN, AE and registration clerk face charges of possessing disproportionate assets, investigation begins
आय से अधिक संपत्ति

विस्तार

लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) निर्माण खंड-2 के अधिशासी अभियंता (एक्सईएन) गजेंद्र कुमार वार्ष्णेय, सहायक अभियंता (एई) सुरजीत कुमार और रजिस्ट्री दफ्तर में तैनात निबंधन लिपिक सोबरन सिंह आय से अधिक संपत्ति के आरोपों में घिर गए हैं। एक्सईएन और एई के विरुद्ध विजिलेंस जांच शुरू हो गई है। वहीं निबंधन लिपिक के विरुद्ध शासन ने सहायक महानिरीक्षक निबंधन को जांच सौंपी है।
विज्ञापन


एसपी विजिलेंस आलोक कुमार शर्मा ने एक्सईएन और एई से उनके पैन नंबर, आधार कार्ड, सेवा पुस्तिका और घोषित संपत्तियों का ब्योरा तलब किया है। डिप्टी एसपी नईम खान मंसूरी जांच अधिकारी हैं। एक्सईएन व एई पर पद का दुरुपयोग करते हुए आय से अधिक संपत्तियां एकत्र करने के आरोप हैं। 28 अगस्त 2024 को विजिलेंस ने पीडब्ल्यूडी दफ्तर से सवा लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए आरोपी एई सुरजीत सिंह को गिरफ्तार किया था।
विज्ञापन


ट्रैपिंग में विजिलेंस ने एक्सईएन को भी आरोपी बनाया था। करीब 42 दिन जेल में निरुद्ध रहने के बाद एई को जमानत मिली थी। मार्च 2025 में एई को फिर से निर्माण खंड-2 में तैनाती भी मिल गई। आरोप है कि भ्रष्टाचार के गंभीर मामले के बावजूद एक्सईएन और एई पर पीडब्ल्यूडी के आला अफसर मेहरबान रहे। उन्हें पद से नहीं हटाया। उधर, आगरा विकास प्राधिकरण में भी कई अधिकारियों की आय से अधिक संपत्तियों की विजिलेंस जांच हो रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन



निबंधन लिपिक पर स्टांप चोरी के आरोप, सीएम तक शिकायत
फतेहपुर सीकरी से भाजपा विधायक चौधरी बाबूलाल ने निबंधन लिपिक सोबरन सिंह पर भूमाफिया से मिलकर स्टांप चोरी, सरकारी अभिलेखों में हेराफेरी और आय से अधिक संपत्तियां अर्जित करने की शिकायत मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से की थी। इसके बाद महानिरीक्षक निबंधन नेहा सिंह के आदेश पर उप महानिरीक्षक निबंधन मुख्यालय वाल्मीकि त्रिपाठी ने सहायक महानिरीक्षक योगेश कुमार को सोबरन सिंह पर लगे आरोपों की जांच कर तत्काल रिपोर्ट मांगी है। एक दर्जन से अधिक बैनामा प्रपत्र बतौर साक्ष्य प्रस्तुत किए हैं जिनमें करोड़ों रुपये की स्टांप चोरी की आशंका है। सदर तहसील स्थित निबंधन विभाग में हुए फर्जी बैनामा कांड में भी सोबरन सिंह का नाम आया था।


मांगा है सर्विस रिकाॅर्ड
पीडब्ल्यूडी के मुख्य अभियंता एनके यादव ने बताया कि एई को पिछले साल विजिलेंस ने ट्रैप किया था। आरोप गंभीर थे। उसी मामले में एक्सईएन व एई की संपत्तियों की जांच हो रही है। दोनों से सर्विस रिकाॅर्ड मांगा है। 


जांच के मिले निर्देश
सहायक महानिरीक्षक निबंधन योगेश कुमार ने बताया कि निबंधन लिपिक सोबरन सिंह पर आय से अधिक संपत्ति सहित कई गंभीर आरोप लगे हैं। इसकी जांच के निर्देश मिले हैं। ब्योरा जुटाया जा रहा है। जांच रिपोर्ट शासन को भेजी जाएगी। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed