{"_id":"61ec0ab80c9f4820b66b9f4d","slug":"vhp-leader-champat-rai-on-shri-ram-temple-in-ayodhya","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"वृंदावन में बोले चंपल राय: श्रीराम को पहले भव्य मंदिर में स्थापित करेंगे, इसके बाद उठाया जाएगा अगला कदम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
वृंदावन में बोले चंपल राय: श्रीराम को पहले भव्य मंदिर में स्थापित करेंगे, इसके बाद उठाया जाएगा अगला कदम
Sat, 22 Jan 2022 07:19 PM IST
मुकेश कुमार
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
Published by: मुकेश कुमार
Updated Sat, 22 Jan 2022 07:19 PM IST
सार
श्रीराम जन्मभूमि न्यास के महासचिव चंपत राय वृंदावन प्रवास पर हैं। शनिवार को उन्होंने तीर्थनगरी के संत-महात्माओं से मुलाकात की। अयोध्या आने का निमंत्रण दिया।
विज्ञापन
वृंदावन में चंपत राय ने संतों से की मुलाकात
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
विश्व हिंदू परिषद के उपाध्यक्ष एवं श्रीराम जन्मभूमि न्यास के महासचिव चंपत राय ने दूसरे दिन भी वृंदावन प्रवास के दौरान संतों और धर्माचार्यों से मुलाकात की। कई जगह बैठक और सभाओं में चंपत राय ने अयोध्या में निर्माणाधीन श्रीराम मंदिर के संबंध में जानकारी साझा की। उन्होंने कहा कि पहले भगवान श्रीराम को भव्य मंदिर में स्थापित करना है। इसके बाद अगला कदम उठाया जाएगा। उन्होंने संत-महात्माओं से कहा कि वह अयोध्या आएं और निर्माणाधीन मंदिर को अवश्य देखें।
विज्ञापन
शनिवार को श्रीकृष्ण कृपा धाम में पत्रकारों से रूबरू होते हुए विहिप नेता ने राम मंदिर निर्माण की प्रगति से अवगत कराते हुए कहा कि न्यास का लक्ष्य दिसंबर 2023 तक भगवान राम को भव्य मंदिर में स्थापित करना है। श्रीकृष्ण जन्मभूमि से जुड़े सवालों पर कहा कि पहले पैर मजबूती से जमने के बाद दूसरा कदम उठाया जाएगा। उन्होंने काशी और मथुरा का नाम लेते हुए इतना जरूर कहा कि यह दोनों मुद्दे विहिप के एजेंडे में हैं। लोगों की भावनाओं की कद्र करते हुए इस ओर शीघ्र कदम बढ़ाया जाएगा।
विज्ञापन
चंपत राय ने कहा कि 28 वर्षों तक रामलला टेंट में विराजमान रहे। इसके बाद लकड़ी के मंदिर में विराजमान कराया गया। यह देश के साधु-संतों के आंदोलन का प्रभाव या असर है कि भगवान श्रीराम भव्य मंदिर में विराजमान होने जा रहे हैं।
विज्ञापन
'भूकंप व जलप्रलय से निपटने के खास इंतजाम'
मंदिर निर्माण संबंधी जानकारी देते हुए चंपत राय ने कहा कि करीब 18 एकड़ भूमि में प्रस्तावित मंदिर का मुख्य परिसर पौने 3 एकड़ का है, जबकि 6 एकड़ में परकोटा बनाया जा रहा है। मंदिर निर्माण में वास्तु के साथ भूकंप और जलप्रलय जैसी आपदाओं से निपटने के लिए सुरक्षा के भी खास इंतजाम किए गए हैं। भूकंप, जलप्रलय से रोकथाम के लिए कंक्रीट की मोटी दीवार बनाई जा रही है। करीब सत्रह लाख घनफुट ग्रेनाइट, मार्बल व लाल पत्थर का इस्तेमाल किया जा रहा है।
'हिंदुओं को जागना होगा '
चुनावों के दृष्टिगत हिंदू समाज के वोट प्रतिशत को बढ़ाने की जरूरत पर भी जोर दिया है। विहिप नेता ने कहा कि विडंबना यह है कि हिंदू समाज आज भी अपने मतदान जैसे कर्तव्य के प्रति जागरूक नहीं है। जिस दिन हिंदू समाज जागरूक हो जाएगा, देश की दशा और दिशा बदल जाएगी।
मंदिर निर्माण संबंधी जानकारी देते हुए चंपत राय ने कहा कि करीब 18 एकड़ भूमि में प्रस्तावित मंदिर का मुख्य परिसर पौने 3 एकड़ का है, जबकि 6 एकड़ में परकोटा बनाया जा रहा है। मंदिर निर्माण में वास्तु के साथ भूकंप और जलप्रलय जैसी आपदाओं से निपटने के लिए सुरक्षा के भी खास इंतजाम किए गए हैं। भूकंप, जलप्रलय से रोकथाम के लिए कंक्रीट की मोटी दीवार बनाई जा रही है। करीब सत्रह लाख घनफुट ग्रेनाइट, मार्बल व लाल पत्थर का इस्तेमाल किया जा रहा है।
'हिंदुओं को जागना होगा '
चुनावों के दृष्टिगत हिंदू समाज के वोट प्रतिशत को बढ़ाने की जरूरत पर भी जोर दिया है। विहिप नेता ने कहा कि विडंबना यह है कि हिंदू समाज आज भी अपने मतदान जैसे कर्तव्य के प्रति जागरूक नहीं है। जिस दिन हिंदू समाज जागरूक हो जाएगा, देश की दशा और दिशा बदल जाएगी।