फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   up government issued a budget for madrasas

मदरसों के लिए बजट देने के कदम को सराहा, ये बोले मुस्लिम बुद्धिजीवी

Sat, 17 Feb 2018 04:05 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला आगरा Updated Sat, 17 Feb 2018 04:05 PM IST
विज्ञापन
up government issued a budget for madrasas
मदरसा
योगी सरकार के बजट में अरबी फारसी मदरसों के आधुनिकीकरण, अनुदानित और गैर अनुदानित मदरसों की दशा सुधारने को 400 करोड़ से अधिक का प्रावधान किया है। 
विज्ञापन


मदरसा संचालकों और मुस्लिमों ने सरकार के इस कदम की सराहना की है। उनका कहना है कि सरकार सबका साथ, सबका विकास के सिद्धांत पर काम करती प्रतीत हो रही ह्रै। 

आल इंडिया दीनी मदारिस बोर्ड के प्रदेश सचिव व मदरसा संचालक मोहम्मद उजैर आलम ने कहा कि सरकार ने अल्पसंख्यकों का बजट में पूरा ख्याल किया है। सबसे बड़ी बात है कि मदरसों को लेकर बयानबाजी नहीं की है बल्कि इस पर अमल भी करने का प्रयास किया है। 
विज्ञापन

यही कारण है कि मदरसों की दशा सुधारने के लिए चार सौ करोड़ रुपये से अधिक का भारी भरकम बजट दिया है। इसमें मदरसों के आधुनिकीकरण को नई दिशा मिलेगी। सरकार का ये कदम वास्तव में सराहनीय है। 

मदरसा अफजल उल उलूम के शिक्षक मुफ्ती अमीरउद्दीन का कहना है कि मदरसों के लिए प्रदेश सरकार ने बेहतरीन कदम उठाए हैं। अब यकीन होने लगा है कि सरकार मदरसों के प्रति गंभीर है। 

सरकार को अल्पसंख्यक छात्रों की छात्रवृत्ति में भी इजाफा करना चाहिए था। इसके लिए अलग से बजट देना चाहिए था। लेकिन जहां तक मदरसों के लिए दी गई धनराशि का सवाल है तो इसका सदुपयोग हो तो तस्वीर बदलेगी। 
विज्ञापन

इमारतें जर्जर हो चुकी हैं

सगीर फातिमा गर्ल्स इंटर कॉलेज के प्रबंधक जमीलउद्दीन कुरैशी ने कहा कि प्रदेश सरकार को अल्पसंख्यक शिक्षण संस्थानों को भी अलग से बजट देना चाहिए था। अल्पसंख्यक संस्थानों की इमारतें जर्जर हो चुकी हैं। 

पेयजल, फर्नीचर और साफ सफाई तक के लिए चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी नहीं है, क्योंकि इनकी नियुक्ति पर प्रदेश सरकार ने रोक लगा रखी है। ऐसे में मदरसों के विकास के लिए बजट का आवंटन किया गया है। 

अल्पसंख्यकों के बजट में कुछ कटौती भी की गई है। नीयत साफ हो तो मदरसों की दशा भी सुधर सकेगी। अगर सरकार अपनी नीतियां नहीं थोपे तो ये कदम बेहतर भी हो सकता है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed