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कंपोजिट ग्रांट में नहीं चलेगी प्रधान और प्रधानाध्यापक की मनमानी
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मैनपुरी। परिषदीय स्कूलों के कायाकल्प के लिए भेजी जाने वाली धनराशि में अब प्रधानाध्यापक और ग्राम प्रधानों की मनमानी नहीं चलेगी। शासन से निर्धारित 14 बिंदुओं पर ही धनराशि को खर्च किया जा सकेगा। शासन के निर्देश के बाद बीएसए ने प्रधानाध्यापकों को कड़े निर्देश जारी किए हैं। शिक्षा सत्र 2020-21 के लिए जिले के 2186 स्कूलों में 6.9 करोड़ की धनराशि भेजी जा चुकी है।
परिषदीय स्कूलों के कायाकल्प के लिए शिक्षा सत्र 2020-21 के लिए शासन के निर्देश पर जिले के सभी 2186 परिषदीय स्कूलों के बखातों में कंपोजिट ग्रांट की छह करोड़ नौ हजार रुपये की धनराशि भेज दी गई है। धनराशि का शासनादेश के तहत उपभोग करने के निर्देश दिए गए हैं। बीएसए विजय प्रताप सिंह ने प्रधानाध्यापकों को पत्र जारी करते हुए निर्देश दिए हैं कि शासन से निर्धारित 14 बिंदुओं पर ही इस धनराशि का उपभोग किया जाए।
अन्य किसी कार्य में कंपोजिट ग्रांट का उपभोग न किया जाए। कंपोजिट ग्रांट कहां खर्च की जा रही है। इस पर हर सप्ताह खंड शिक्षाधिकारी प्रधानाध्यापकों के साथ बैठक भी करेंगे ताकि धनराशि का प्रयोग शासनादेश के तहत निर्धारित कार्यों में ही किया जाए। यह भी निर्देश दिए गए हैं कि जो कार्य ग्राम पंचायत से कराया जा रहा है वही कार्य कंपोजिट ग्रांट से नहीं कराया जाएगा।
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मुख्य रूप से करने होंगे ये कार्य
सबमर्सिबल की व्यवस्था, रनिंग वाटर की व्यवस्था, मल्टीपल हैंडवॉश, शौचालय निर्माण, रैंप निर्माण, विद्युत उपकरणों की मरम्मत।
इन कार्यों को करने पर लगाई रोक
रंगाई पुताई, मिट्टी भराव, खड़ंजा निर्माण, इंटरलॉकिंग निर्माण।
इस मानक के अनुसार भेजी गई धनराशि
एक से 15 छात्रों पर- 12500
16 से 100 छात्रों पर- 25000
101 से 250 छात्रों पर- 50,000
250 से 1000 छात्रों पर- 75,000
कंपोजिट ग्रांट का उपभोग शासन से निर्धारित 14 बिंदुओं पर ही किया जाए। इस संबंध में सभी प्रधानाध्यापकों को निर्देश जारी किए जा चुके हैं। खंड शिक्षाधिकारियों को हर सप्ताह बैठक कर निगरानी के निर्देश दिए गए हैं।
विजय प्रताप सिंह बीएसए मैनपुरी
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परिषदीय स्कूलों के कायाकल्प के लिए शिक्षा सत्र 2020-21 के लिए शासन के निर्देश पर जिले के सभी 2186 परिषदीय स्कूलों के बखातों में कंपोजिट ग्रांट की छह करोड़ नौ हजार रुपये की धनराशि भेज दी गई है। धनराशि का शासनादेश के तहत उपभोग करने के निर्देश दिए गए हैं। बीएसए विजय प्रताप सिंह ने प्रधानाध्यापकों को पत्र जारी करते हुए निर्देश दिए हैं कि शासन से निर्धारित 14 बिंदुओं पर ही इस धनराशि का उपभोग किया जाए।
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अन्य किसी कार्य में कंपोजिट ग्रांट का उपभोग न किया जाए। कंपोजिट ग्रांट कहां खर्च की जा रही है। इस पर हर सप्ताह खंड शिक्षाधिकारी प्रधानाध्यापकों के साथ बैठक भी करेंगे ताकि धनराशि का प्रयोग शासनादेश के तहत निर्धारित कार्यों में ही किया जाए। यह भी निर्देश दिए गए हैं कि जो कार्य ग्राम पंचायत से कराया जा रहा है वही कार्य कंपोजिट ग्रांट से नहीं कराया जाएगा।
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मुख्य रूप से करने होंगे ये कार्य
सबमर्सिबल की व्यवस्था, रनिंग वाटर की व्यवस्था, मल्टीपल हैंडवॉश, शौचालय निर्माण, रैंप निर्माण, विद्युत उपकरणों की मरम्मत।
इन कार्यों को करने पर लगाई रोक
रंगाई पुताई, मिट्टी भराव, खड़ंजा निर्माण, इंटरलॉकिंग निर्माण।
इस मानक के अनुसार भेजी गई धनराशि
एक से 15 छात्रों पर- 12500
16 से 100 छात्रों पर- 25000
101 से 250 छात्रों पर- 50,000
250 से 1000 छात्रों पर- 75,000
कंपोजिट ग्रांट का उपभोग शासन से निर्धारित 14 बिंदुओं पर ही किया जाए। इस संबंध में सभी प्रधानाध्यापकों को निर्देश जारी किए जा चुके हैं। खंड शिक्षाधिकारियों को हर सप्ताह बैठक कर निगरानी के निर्देश दिए गए हैं।
विजय प्रताप सिंह बीएसए मैनपुरी