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Agra: रेलवे लाइन बनी किसानों की मुसीबत...पुल न बनने से खेतों का रास्ता बंद, किसान नहीं कर पा रहे सिंचाई
Wed, 24 Dec 2025 09:09 AM IST
धीरेन्द्र सिंह
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Wed, 24 Dec 2025 09:09 AM IST
सार
रेलवे लाइन के कार्य के चलते किसानों के आगे मुसीबत खड़ी हो गई है। वे खेतों तक नहीं पहुंच पा रहे हैं। ऐसे में सिंचाई में भी उन्हें परेशानी हो रही है।
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रेलवे लाइन
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विस्तार
कीठम-भांडई रेलवे लाइन का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है, लेकिन तहसील सदर क्षेत्र के ग्राम मिढ़ाकुर में चकमार्ग और गुल पर पुल न बनाए जाने से किसानों की परेशानी बढ़ गई है।
सहारा गांव निवासी सुरेंद्र सिंह ने सोमवार को जिलाधिकारी कार्यालय में शिकायती पत्र देकर बताया कि रेलवे निर्माण के चलते चकमार्ग संख्या 980 और गुल संख्या 979 बाधित हो रहे हैं, जबकि यहां पुल का निर्माण नहीं किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि चकमार्ग संख्या 980 के बंद होने से मिढ़ाकुर और सहारा गांव के सैकड़ों किसानों को खेतों तक पहुंचने में दिक्कत होगी। किसान वर्षों से इसी मार्ग से आवागमन करते आ रहे हैं। वहीं, गुल संख्या 979 बंद होने पर नहर का पानी खेतों तक नहीं पहुंच पाएगा, जिससे सिंचाई व्यवस्था प्रभावित होगी और कृषि भूमि के बंजर होने का खतरा बढ़ जाएगा। किसानों का कहना है कि यह गुल खेती के लिए अत्यंत आवश्यक है।
सुरेंद्र सिंह ने बताया कि इस समस्या को लेकर एक दिसंबर को भी संबंधित अधिकारियों से शिकायत की गई थी, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने जिलाधिकारी से चकमार्ग संख्या 980 व गुल संख्या 979 पर पुल निर्माण की मांग की है। वहीं, किसान मजदूर नेता चौधरी दिलीप सिंह ने कहा कि रेलवे ने कई स्थानों पर चकमार्गों और गुलों पर पुल नहीं बनाए हैं, जिससे किसानों की आवाजाही और सिंचाई व्यवस्था प्रभावित हो रही है। समय रहते समाधान न होने पर किसानों की आजीविका पर सीधा असर पड़ेगा। मांग करने वालों में नारायण सिंह, जितेंद्र सिंह, सुरेंद्र सिंह, रमेश सिंह, सतेंद्र सिंह, अमर सिंह, संजय सिंह, नरेश सिंह आदि शामिल हैं।
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सहारा गांव निवासी सुरेंद्र सिंह ने सोमवार को जिलाधिकारी कार्यालय में शिकायती पत्र देकर बताया कि रेलवे निर्माण के चलते चकमार्ग संख्या 980 और गुल संख्या 979 बाधित हो रहे हैं, जबकि यहां पुल का निर्माण नहीं किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि चकमार्ग संख्या 980 के बंद होने से मिढ़ाकुर और सहारा गांव के सैकड़ों किसानों को खेतों तक पहुंचने में दिक्कत होगी। किसान वर्षों से इसी मार्ग से आवागमन करते आ रहे हैं। वहीं, गुल संख्या 979 बंद होने पर नहर का पानी खेतों तक नहीं पहुंच पाएगा, जिससे सिंचाई व्यवस्था प्रभावित होगी और कृषि भूमि के बंजर होने का खतरा बढ़ जाएगा। किसानों का कहना है कि यह गुल खेती के लिए अत्यंत आवश्यक है।
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सुरेंद्र सिंह ने बताया कि इस समस्या को लेकर एक दिसंबर को भी संबंधित अधिकारियों से शिकायत की गई थी, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने जिलाधिकारी से चकमार्ग संख्या 980 व गुल संख्या 979 पर पुल निर्माण की मांग की है। वहीं, किसान मजदूर नेता चौधरी दिलीप सिंह ने कहा कि रेलवे ने कई स्थानों पर चकमार्गों और गुलों पर पुल नहीं बनाए हैं, जिससे किसानों की आवाजाही और सिंचाई व्यवस्था प्रभावित हो रही है। समय रहते समाधान न होने पर किसानों की आजीविका पर सीधा असर पड़ेगा। मांग करने वालों में नारायण सिंह, जितेंद्र सिंह, सुरेंद्र सिंह, रमेश सिंह, सतेंद्र सिंह, अमर सिंह, संजय सिंह, नरेश सिंह आदि शामिल हैं।
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