श्री पारस अस्पताल प्रकरण: प्रियंका का सरकार पर हमला, प्रदेश में लोगों की तड़प-तड़प कर चली गई जान
आगरा के श्री पारस अस्पताल में ऑक्सीजन की मॉकड्रिल के मामले पर दूसरे दिन भी सियासत का पारा गरम रहा। कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने सरकार पर फिर से निशाना साधा।
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चार वीडियो हुए हैं वायरल
श्री पारस अस्पताल में 26 अप्रैल को सुबह सात बजे पांच मिनट के लिए ऑक्सीजन बंद कर मॉकड्रिल की गई थी। उस भयावह पल को बयान करते छह मिनट के चार वीडियो वायरल हुए हैं। इनमें अस्पताल के संचालक अरिंजय जैन बता रहे हैं कि इस मॉकड्रिल से 22 मरीजों का दम घुटने लगा था और उनके हाथ-पैर नीले पड़ गए थे।
इस दौरान अस्पताल में 96 मरीज भर्ती थे। अस्पताल के संचालक के वीडियो वायरल होने के बाद जिला प्रशासन से लेकर शासन तक इस मामले में हड़कंप मचा हुआ है। पूरे मामले की मजिस्ट्रियल जांच कराई जा रही है।
उप्र सरकार ने ऑक्सीजन की भारी कमी के बीच लगातार कहा कि "ऑक्सीजन की कमी नहीं है।"
— Priyanka Gandhi Vadra (@priyankagandhi) June 9, 2021
प्रदेशभर में लोगों की तड़प-तड़प कर जान चली गई। आगरा में भी प्रशासन कह रहा है कि "ऑक्सीजन की कमी नहीं थी"।
क्या उप्र सरकार आगरा मॉकड्रिल का सच सामने लाकर दोषियों को सजा देगी? pic.twitter.com/XVss94fueX
आगरा के थाना न्यू आगरा में श्री पारस अस्पताल के संचालक डॉ.. अरिंजय जैन के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। उप मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. आरके अग्निहोत्री की ओर से दर्ज कराए गए मुकदमे में धारा 144 के उल्लंघन, महामारी अधिनियम, आपदा प्रबंधन अधिनियम लगाया गया है। प्रशासन ने मुकदमे में कहा है कि आगरा में पर्याप्त ऑक्सीजन की उपलब्धता थी। संचालक के वायरल वीडियो से भ्रम की स्थिति बनी।
उप मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. आरके अग्निहोत्री की ओर से थाना न्यू आगरा में दर्ज कराए गए मुकदमे में कहा है कि सात जून को सोशल मीडिया के माध्यम से तथाकथित वीडियो वायरल हुआ। इसमें डॉ. अरिंजय जैन, संचालक, श्री पारस अस्पताल ऑक्सीजन की ओर से मोदीनगर, गाजियाबाद स्थित प्लांट पर भी आक्सीजन न होने और तथाकथित मॉक ड्रिल बात कही गई है, जबकि जिला प्रशासन, औषधि निरीक्षक की टीम, स्थानीय और शासन स्तर पर ऑक्सीजन की आपूर्ति कराई गई थी।
इसके बाद भी डॉ. अरिंजय जैन के तथाकथित बयान से जनमानस में भ्रम की स्थिति उत्पन्न हुई है, जबकि आगरा में ऑक्सीजन की पर्याप्त उपलब्धता थी। डॉ. अरिंजय जैन का यह कृत्य लोक शांति के निहित प्रावधानों के विपरीत है। इसलिए चिकित्सक के खिलाफ महामारी अधिनियम और सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज किया जाएगा।
इन धाराओं में लिखा गया मुकदमा
-धारा 188 ः
-धारा 505 ः
-आपदा प्रबंधन अधिनियम ः 2005 की धारा 52 ः
-आपदा प्रबंधन अधिनियम 2005 की धारा 54 ः
-महामारी अधिनियम की धारा तीन
आगरा: श्री पारस अस्पताल के संचालक डॉ. अरिंजय जैन के खिलाफ मुकदमा दर्ज, लगाईं ये धाराएं