{"_id":"679c42d10adc1c31e4090cc9","slug":"prakhar-property-will-be-attached-gave-an-affidavit-of-donating-rs-510-crore-for-banke-bihari-corridor-2025-01-31","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"UP: जिस प्रखर ने बांके बिहारी कॉरिडोर के लिए 510 करोड़ रुपये दान का दिया शपथपत्र, उसकी संपत्ति होगी कुर्क","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
UP: जिस प्रखर ने बांके बिहारी कॉरिडोर के लिए 510 करोड़ रुपये दान का दिया शपथपत्र, उसकी संपत्ति होगी कुर्क
Fri, 31 Jan 2025 03:55 PM IST
धीरेन्द्र सिंह
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Fri, 31 Jan 2025 03:55 PM IST
सार
बिल्डर प्रखर गर्ग की संपत्ति कुर्क होगी। प्रखर गर्ग पहली बार तब सुर्खियों में आया, जब उसने बांके बिहारी मंदिर के कॉरिडोर के लिए 510 करोड़ रुपये एकत्र करने का हाईकोर्ट में शपथ पत्र दिया था।
विज्ञापन
प्रखर गर्ग
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
आगरा में बैटरी कारोबारी से 9 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के आरोपी बिल्डर प्रखर गर्ग के घर पर पुलिस ने बृहस्पतिवार को मुनादी कराई। कुर्की पूर्व की उद्घोषणा का नोटिस भी चस्पा कराया। ट्रांसपोर्ट नगर के बैटरी कारोबारी अरुण सौंधी ने 9 अक्तूबर 2024 को बिल्डर प्रखर गर्ग के खिलाफ केस दर्ज कराया था।
प्रभारी निरीक्षक हरीपर्वत ने बताया कि प्रखर गर्ग फरार है। उसके खिलाफ कुर्की पूर्व कार्रवाई का आदेश न्यायालय से लिया था। बृहस्पतिवार को शाम 4 बजे पुलिस टीम लंगड़े की चौकी स्थित द्वारिकापुरम काॅलोनी स्थित घर पहुंची और कार्रवाई की।
विज्ञापन
प्रभारी निरीक्षक हरीपर्वत ने बताया कि प्रखर गर्ग फरार है। उसके खिलाफ कुर्की पूर्व कार्रवाई का आदेश न्यायालय से लिया था। बृहस्पतिवार को शाम 4 बजे पुलिस टीम लंगड़े की चौकी स्थित द्वारिकापुरम काॅलोनी स्थित घर पहुंची और कार्रवाई की।
विज्ञापन
ट्रांसपोर्ट नगर के बैटरी कारोबारी अरुण सौंधी ने भी प्रखर गर्ग पर धोखाधड़ी का आरोप लगाया था। इस मामले में नौ अक्तूबर को थाना हरीपर्वत में मुकदमा दर्ज किया गया। इसमें प्रखर गर्ग, उसकी पत्नी राखी गर्ग के अलावा सतीश गुप्ता, सुमित कुमार व मुकेश कुमार को नामजद किया। इसमें 9 करोड़ से अधिक की धोखाधड़ी का आरोप लगाया गया। मुकदमे के अनुसार, कमला नगर में जी होटल के द्वितीय व तृतीय तल को खरीदने का साैदा किया गया था। मुकदमा दर्ज होने की जानकारी पर प्रखर गर्ग फरार हो गए।
इससे पहले एक मुकदमा वर्ष 2021 में थाना हरीपर्वत में दर्ज हुआ था। इसमें पुलिस विवेचना कर आरोप पत्र कोर्ट में दाखिल कर चुकी है। इसमें भी प्रखर गर्ग के साथ उनकी पत्नी राखी और दो अन्य को आरोपी बनाया गया। धोखाधड़ी और रकम हड़पने के आरोप लगाए गए।
दो दर्जन से ज्यादा मुकदमों में फंसे बिल्डर प्रखर गर्ग ने अपनी छवि बदलने के लिए मंदिरों का सहारा लिया। मथुरा के बांके बिहारी मंदिर के प्रस्तावित कॉरिडोर का मामला हाईकोर्ट में चला तो उसने 510 करोड़ रुपये देने का शपथपत्र दाखिल कर सुर्खियां बटोरीं। मथुरा के मंदिरों से जुड़कर वह इनसे जुड़े प्रतिष्ठित लोगों के बीचबचाव से अपने मामलों को निपटाने की कवायद में लगा रहा। ईडी के छापे के बाद वह फरार है
खूब बटोर रहे सुर्खियां
बीते कुछ सालों से मंदिरों के शिलान्यास, जीर्णोद्धार के काम से जुड़कर सुर्खियां बटोर रहे बिल्डर प्रखर गर्ग के खिलाफ धोखाधड़ी के मामले दर्ज हैं। हरीपर्वत थाने में प्रोफेशनल बैटरी और सोलर व्यापारी अरुण सोंधी ने मुकदमा दर्ज कराया था। मुकदमे के अनुसार, पांच करोड़ की डील में प्रखर ने पैसे नहीं दिए।
बीते कुछ सालों से मंदिरों के शिलान्यास, जीर्णोद्धार के काम से जुड़कर सुर्खियां बटोर रहे बिल्डर प्रखर गर्ग के खिलाफ धोखाधड़ी के मामले दर्ज हैं। हरीपर्वत थाने में प्रोफेशनल बैटरी और सोलर व्यापारी अरुण सोंधी ने मुकदमा दर्ज कराया था। मुकदमे के अनुसार, पांच करोड़ की डील में प्रखर ने पैसे नहीं दिए।