{"_id":"5b938db4867a557f5742d115","slug":"people-of-pakistan-returning-back-to-their-country-from-agra","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"गुरु का आशीर्वाद लेकर लौटने लगे पाकिस्तानी लोग, सत्संग सुनने आए थे आगरा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गुरु का आशीर्वाद लेकर लौटने लगे पाकिस्तानी लोग, सत्संग सुनने आए थे आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला आगरा
Updated Sat, 08 Sep 2018 02:22 PM IST
विज्ञापन
पाकिस्तान से आए सत्संगी
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आगरा में स्वामीजी महाराज का आशीर्वाद लेकर पाकिस्तानी जत्था अपने वतन लौटने लगे हैं। शुक्रवार को 170 पाकिस्तान से आए सत्संगी रवाना हो गए। 14 सितंबर तक सभी सत्संगी पाकिस्तान लौट जाएंगे। राधास्वामी मत के संस्थापक परम पुरुष पूरन धनी स्वामीजी महराज के द्विशताब्दी जन्म समारोह में 440 पाकिस्तान से सत्संगी स्वामीबाग में आए थे।
परिवार के साथ इन्होंने यहां सात दिन तक सत्संग और अखंड पाठ किया। गुरुवार को समारोह के समापन के बाद जत्था अपने वतन लौटने लगे हैं। पाकिस्तान से आए सत्संगी घनश्याम दास ने कहा कि स्वामी जी के 200वें जन्म समारोह में शामिल होना सौभाग्य की बात रही। वह दूसरी बार यहां आए थे।
अब पाकिस्तानी सत्संगी अपने मुल्क लौट रहे हैं। सुनीता भी अपने परिवार के साथ पाकिस्तान के लिए रवाना हो गईं। उन्होंने बताया कि स्वामीजी महाराज के जन्म समारोह में सत्संग कर धन्य हो गए।
विज्ञापन
प्रसाद और साहित्य लेकर गए
पाकिस्तान से आए सत्संगियों ने प्रसाद और राधास्वामी मत के पुस्तकें खरीदने में दिलचस्पी दिखाई। सत्संगी अपने साथ यहां का बना हुआ प्रसाद, मिठाई
और साहित्य को साथ लेकर गए। इसके अलावा यहां पवित्र समाध, चरण पादुका और स्वामीजी महाराज की तस्वीरों को भी सहेजकर ले गए।
विज्ञापन
परिवार के साथ इन्होंने यहां सात दिन तक सत्संग और अखंड पाठ किया। गुरुवार को समारोह के समापन के बाद जत्था अपने वतन लौटने लगे हैं। पाकिस्तान से आए सत्संगी घनश्याम दास ने कहा कि स्वामी जी के 200वें जन्म समारोह में शामिल होना सौभाग्य की बात रही। वह दूसरी बार यहां आए थे।
विज्ञापन
अब पाकिस्तानी सत्संगी अपने मुल्क लौट रहे हैं। सुनीता भी अपने परिवार के साथ पाकिस्तान के लिए रवाना हो गईं। उन्होंने बताया कि स्वामीजी महाराज के जन्म समारोह में सत्संग कर धन्य हो गए।
विज्ञापन
प्रसाद और साहित्य लेकर गए
पाकिस्तान से आए सत्संगियों ने प्रसाद और राधास्वामी मत के पुस्तकें खरीदने में दिलचस्पी दिखाई। सत्संगी अपने साथ यहां का बना हुआ प्रसाद, मिठाई
और साहित्य को साथ लेकर गए। इसके अलावा यहां पवित्र समाध, चरण पादुका और स्वामीजी महाराज की तस्वीरों को भी सहेजकर ले गए।